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Bihar News: विधानसभा चुनाव से पहले केंद्रीय मंत्रियों को मिला बड़ा टास्क, 18 फरवरी से शुरू करेंगे बिहार दौरा
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार में इस साल अक्टूबर-नवंबर महीने में विधानसभा चुनाव होने हैं, जिससे पहले भाजपा इसकी तैयारियों में जुट गई है। बिहार भाजपा विधानसभा चुनाव को लक्ष्य बनाकर नरेंद्र मोदी सरकार के बजट की उपलब्धियां गिनाएगी।
इसके लिए पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व ने केंद्रीय मंत्रियों को बिहार के हर जिले में भेजकर प्रेसवार्ता कराने का लक्ष्य तय किया है। 18 फरवरी से इसकी शुरुआत होगी और केंद्रीय मंत्री बिहार आएंगे।
केंद्रीय मंत्रियों और नीतीश कैबिनेट के मंत्रियों को मिला टास्क- मोदी सरकार के बजट को भुनाने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जा रही है। केंद्रीय मंत्रियों से लेकर नीतीश कैबिनेट के मंत्रियों को बड़ा टास्क दिया है।
- अहम यह है कि नीतीश कैबिनेट के सभी मंत्री चाहे वे भाजपा के हों या जदयू के अपने प्रभार वाले जिले में जाकर प्रेसवार्ता करेंगे। इस दौरान एनडीए के नेता भी साथ रहेंगे।
केंद्रीय मंत्रियों के साथ ही नीतीश सरकार के मंत्रियों की ड्यूटी लगाई जा रही है। केंद्रीय मंत्री से लेकर बिहार सरकार के मंत्री जिलों में जाकर प्रेसवार्ता करेंगे।
भाजपा नेतृत्व ने जिला स्तर पर पार्टी नेताओं से कहा है कि बजट की खास बातों को जनता के बीच ले जाएं। केंद्रीय बजट में बिहार के लिए जो खास घोषणाएं की गई हैं, उस बारे में जानकारी दें। लोगों को बताएं कि केंद्र सरकार ने बिहार के लिए कितना काम किया है।
बजट में किस वर्ग के लिए खास है। किसान, गरीब, मध्यम वर्ग के साथ ही आयकर में छूट देने से लेकर अन्य बातों को जनता के बीच पहुंचाएं।
केंद्रीय नेतृत्व के आदेश के बाद बिहार भाजपा ने तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में बिहार भाजपा के पूर्व प्रभारी व केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव भी पटना आ रहे हैं। संभवत: वे 18 फरवरी को केंद्रीय बजट पर प्रेसवार्ता करेंगे।
बजट में बिहार के लिए हुए ये बड़े एलान- बिहार में मखाना उत्पादन, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन एवं विपणन की स्थिति में सुधार के लिए मखाना बोर्ड की स्थापना होगी।
- वर्षों से लंबित पश्चिमी कोसी नहर परियोजना के लिए केंद्र सरकार ने वित्तीय मदद का एलान किया है।
- बिहटा में ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के निर्माण की घोषणा की गई है।
- बिहार में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फूड टेक्नोलाजी एंटरप्रेन्योरशिप एंड मैनेजमेंट की स्थापना का एलान।
- राष्ट्रीय स्तर पर लघु एवं सीमांत किसानों के लिए केसीसी की लोन सीमा में वृद्धि का एलान, जिसका फायदा बिहार के किसानों को भी मिलेगा।
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राज्य ब्यूरो, पटना। दिल्ली में हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में 27 साल बाद भाजपा को जीत मिली है, वहीं आम आदमी पार्टी का हार का सामना करना पड़ा। दिल्ली के नतीजों के बाद बिहार की राजनीति में दावों की होड़ सी लग गई है।
राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन जहां 225 सीटें जीतने के लिए हुंकार भर रहा है, वही राजद के नेतृत्व वाला महागठबंधन दावा कर रहा कि बिहार में अगली सरकार उसी की बनने वाली है।
राजद सुप्रीमों ने किया सरकार बनाने का दावापटना में पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के सरकारी आवास से बाहर निकलते हुए राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने पूरे आत्मविश्वास के साथ यह दावा किया कि प्रदेश में अगली सरकार उनकी ही बनेगी। लालू ने कहा कि यहां हम लोगों के रहते कोई दूसरा सरकार कैसे बना लेगा।
दिल्ली की आई-गई से बिहार बेअसर- बिहार में दिल्ली के चुनाव परिणाम के असर के संदर्भ में पूछे गए सवाल के जवाब में लालू प्रसाद यादव ने कहा कि दिल्ली की आई-गई से बिहार बेअसर है।
- बिहार की राजनीति को समझना आसान नहीं है। भाजपा को लोग जान चुके हैं कि यहां हम लोगों के रहते किसी दूसरे की दाल नहीं गलने वाली नहीं है।
इस दौरान प्रश्नवाचक शैली में उन्होंने कहा कि क्या हमारे रहते भाजपा सरकार बना लेगी? हम मुफ्त बिजली, आरक्षण और नौकरी-रोजगार देने वाले हैं। बाद में उन्होंने एक्स पर इस आशय का ट्वीट भी किया।
बिहार की जनता राजद और महागठबंधन के साथ : तेजस्वी यादवउल्लेखनीय है कि इससे पहले विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी कह चुके हैं कि बिहार में अक्टूबर-नवंबर में होने वाले विधानसभा चुनाव में दिल्ली की हवा का कोई असर नहीं पड़ने वाला।
बिहार का अपना मिजाज और अपनी आवश्यकता है। बेरोजगारी, महंगाई, आरक्षण आदि मुद्दों पर जनता राजद व महागठबंधन के साथ है।
व्यक्ति नहीं, व्यवस्था तय करेगी जसुपा के प्रत्याशी : पीकेजन सुराज पार्टी (जसुपा) के सूत्रधार प्रशांत किशोर (पीके) ने गुरुवार को कहा कि जसुपा के प्रत्याशियों का चयन पारदर्शी व्यवस्था करेगी, न कि कोई एक व्यक्ति। योग्य अभ्यर्थियों के संदर्भ में निष्पक्ष मूल्यांकन होगा। यह मूल्यांकन जसुपा से जुड़े कार्यकर्ताओं और तीन स्तरों पर गठित समिति करेगी। यह अनूठी पहल होगी।
- देश में पहली बार किसी राजनीतिक दल के प्रत्याशियों का चयन पूरी तरह से जनता की राय के आधार पर किया जाएगा।
- भाजपा, जदयू और राजद आदि पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि उन दलों में प्रत्याशियों के चयन व टिकट वितरण में व्यक्ति की चलती है। जसुपा को उन्होंने उन दलों से अलग और अनोखा बताया।
पीके ने कहा कि अन्य पार्टियों में टिकट शीर्ष नेतृत्व तय करता है। कार्यकर्ता और युवा मात्र पार्टी का झंडा ढोने के लिए होते हैं। जसुपा में पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को यह तय करने का अधिकार होगा कि पार्टी से कौन प्रत्याशी होगा।
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Bihar Revenue: बिहार में जमीन रजिस्ट्री से मिला बंपर राजस्व, एक हजार करोड़ की वृद्धि; अभी और बढ़ेगा आंकड़ा
राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य में जमीन-फ्लैट आदि के निबंधन से राज्य सरकार को पिछले साल की तुलना में अब तक एक हजार करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व मिल चुका है। मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग को पिछले साल दस फरवरी तक करीब 5540 करोड़ राजस्व प्राप्त हुआ था। इस साल अभी तक 6670 करोड़ का रिकॉर्ड राजस्व प्राप्त हो चुका है।
31 मार्च तक हासिल होगा लक्ष्ययह अब तक निबंधन से मिला सर्वाधिक राजस्व है। इस वित्तीय वर्ष 2024-25 का लक्ष्य 7500 करोड़ निर्धारित किया गया है। अभी इसमें करीब डेढ़ माह का समय शेष है। विभाग का दावा है कि 31 मार्च तक आसानी से लक्ष्य हासिल कर लिया जाएगा।
दरअसल, पिछले साल जमाबंदी की अनिवार्यता वाली शर्त जोड़ने के कारण निबंधन राजस्व में थोड़ी कमी आई थी। वित्तीय वर्ष 2023-24 में निबंधन विभाग को सात हजार करोड़ का लक्ष्य दिया गया था, उसके विरुद्ध करीब 6200 करोड़ का राजस्व ही प्राप्त हो पाया था।
ई-निबंधन शुरू होने से भी बढ़ा राजस्वइससे अधिक राजस्व वर्ष 2022-23 में मिला था जब विभाग ने 5500 करोड़ राजस्व के विरुद्ध 6583 करोड़ का रिकॉर्ड राजस्व हासिल किया था।
वर्तमान में जमाबंदी की अनिवार्यता वाली शर्त लागू नहीं है, इस पर कोर्ट में सुनवाई हो रही है। हाल ही में निबंधन विभाग ने ई-निबंधन की सेवा भी शुरू की है, इसके कारण भी राजस्व संग्रह बढ़ा है।
खोले जाएंगे नए निबंधन कार्यालयनिबंधन विभाग के बढ़ते राजस्व को देखते हुए निबंधन कार्यालयों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी। अभी राज्य में 138 निबंधन कार्यालय हैं। हाल ही में सुपौल के वीरपुर में नया निबंधन कार्यालय खोला गया है।
इसके अलावा सहरसा के सोनवर्षा में नया निबंधन कार्यालय जल्द खोला जाएगा। इसके अलावा अररिया, नालंदा जैसे जिलों में भी बढ़ते निबंधन को देखते हुए नए कार्यालय खोलने का प्रस्ताव है। इस पर विभाग विचार कर रहा है।
किसी प्रोजेक्ट को एक बार से अधिक के अवधि विस्तार पर पथ निर्माण विभाग विभाग सख्तउप मुख्यमंत्री सह पथ निर्माण मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने गुरुवार को उत्तर बिहार की पांच सड़क परियोजनाओं की वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने किसी प्रोजेक्ट को एक बार से अधिक के अवधि विस्तार पर काफी सख्त रवैया अपनाया।
- उन्होंने कहा कि अवधि विस्तार का कारण अपरिहार्य नहीं पाए जाने पर कार्यपालक अभियंता व संवेदक पर कार्रवाई होगी। परियोजना में विलंब पर संबंधितों की जिम्मेवारी तय होगी।
- डिप्टी सीएम ने कहा कि उन्होंने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से परियोजनाओं की समीक्षा शुरू की है। संबंधित प्रमंडल के कनीय अभियंता एवं सहायक अभियंता इस दौरान परियोजना स्थल पर उपलब्ध रहते हैं।
कार्य की वास्तविक स्थिति और समस्याओं की जानकारी स्पष्ट रूप से प्राप्त करना अब सरल हो गया है। सभी प्रगतिशील परियोजनाओं में समय वृद्धि (ईओटी) कई बार दिए गए हैं।
समय वृद्धि को ले विभागीय प्रविधान में यह साफ है कि समय वृद्धि देते समय कार्यपालक अभियंता को यह संतुष्ट होना है कि जो समय वृद्धि दी जा रही उस समय तक परियोजना पूरी हो जाएगी।
समय वृद्धि के अंतर्गत अगर परियोजनाएं पूर्ण नहीं होती है तो समय वृद्धि देने वाले पदाधिकारी पर नियमानुसार कार्रवाई होगी।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि पथ निर्माण विभाग के अपर मुख्य सचिव को यह निर्देश दिया गया है कि सड़क निर्माण से जुड़ी समस्याओं के निराकरण के लिए संबंधित विभागों से समन्वय स्थापित करें। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विभागों के साथ बैठक आयोजित किए जाने पर भी विचार किया जाएगा।
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Bihar Weather Today: 48 घंटे में फिर बदलेगा बिहार का मौसम, IMD ने जारी किया अलर्ट; बढ़ेगी लोगों की मुश्किल
जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Weather Today: प्रदेश का मौसम तेजी से बदल रहा है। गुरुवार को तेज पछुआ ने वातावरण में नमी बढ़ा दी, जिससे शाम के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि पूरे उत्तर भारत में फिलहाल पछुआ का जोर है। ऐसे में अगले दो दिनों में न्यूनतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की उम्मीद है। अधिकतम तापमान सामान्य रहेगा।
मौसम विज्ञानी संजय कुमार का कहना है कि प्रदेश का मौसम अभी काफी तेजी से बदल रहा है। कभी वातावरण काफी शुष्क हो जा रहा है तो कभी पछुआ की गति बढ़ने पर सुबह-शाम ठंड में वृद्धि हो जा रही है। इस तरह की स्थिति इस माह तक जारी रहने की उम्मीद की जा रही है।
औरंगाबाद रहा सबसे गर्म- गुरुवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान औरंगाबाद रहा, यहां का अधिकतम तापमान 31.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं, न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
- राजधानी में न्यूनतम तापमान 16.5 एवं अधिकतम तापमान 29.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
राजधानी की हवा में आर्द्रता 70 प्रतिशत रिकॉर्ड की गई। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि राज्य में मौसम में आगे भी उतार-चढ़ाव जारी रहने की उम्मीद है। आजकल राज्य के न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक रह रहा है।
भागलपुर में आज के मौसम का हालजिले में आज सुबह के समय हल्का कोहरा रहने के बाद धूप निकलेगी, दिन में गर्मी महसूस होगी। तेज पछुआ हवा चलेगी और मौसम साफ रहने का अनुमान है। शाम से सुबह तक ठंड का असर रहेगा।
हवा में प्रदूषण कम होगा। आज दिन का अधिकतम तापमान 26.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
बक्सर : बढ़ते तापमान ने बढ़ाई किसानों की टेंशनतेज धूप और पछुआ हवा के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि इसका असर रबी फसलों पर पड़ सकता है। यदि मौसम का मिजाज ऐसा ही रहा तो उपज में कमी आना निश्चित है, जिससे किसानों को बड़ा नुकसान हो सकता है।
न्यूनतम तापमान में हो रही वृद्धि रबी फसलों के लिए नुकसानदेह साबित हो सकती है। फरवरी महीने में मौसम के बदलते तेवर और तापमान में बढ़ोतरी के कारण किसान परेशान हैं। इससे दलहनी फसलों पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
किसानों का कहना है कि देर से बुआई की गई चना और मसूर के पौधों में अभी फूल और फल लग रहे हैं, लेकिन अनुकूल तापमान न होने के कारण इन पौधों से फूल झड़ रहे हैं। इसके अलावा, मिट्टी से नमी गायब होने के कारण गेहूं की सिंचाई समय से पहले करनी पड़ रही है।
कौन सी फसलें होंगी प्रभावितकिसान विशेषज्ञों का कहना है कि न्यूनतम तापमान 15 फरवरी तक 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे होना चाहिए था, लेकिन क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 12 से 13 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है।
इसके चलते गेहूं, सरसों, मसूर, चना और आम फसलों पर इसका सबसे ज्यादा असर होगा। रबी की फसलों के लिए ठंडे मौसम और ओस गिरने की प्रक्रिया जरूरी होती है।
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Bihar: खुशखबरी! पटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवे और साहेबगंज-अरेराज-बेतिया फोरलेन सड़क एलाइनमेंट को मिली मंजूरी
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार वासियों को केंद्र सरकार ने एक और सौगात दी है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने बिहार की दो बड़ी सड़क परियोजनाओं के मार्गरेखन (एलाइनमेंट) को अपनी मंजूरी प्रदान कर दी।
बहुत प्रतीक्षित पटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवे एलाइनमेंट को मंजूरी दी गयी। इस 282 किमी लंबे एक्सप्रेसवे के निर्माण पर 18042 करोड़ रुपए खर्च होंगे। वहीं साहेबगंज-अरेराज-बेतिया के 81 किमी लंबे पथांश के एलाइनमेंट को भी केंद्र की मंजूरी मिल गयी। इस प्रोजेक्ट पर 1447 करोड़ रुपए खर्च होंगे।
वैशाली के मीरनगर से आरंभ होगा पटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवेपटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवे वैशाली के मीरनगर आरंभ होगा। वहां से यह समस्तीपुर, दरभंगा, सहरसा तथा मधेपुरा होते हुए एनएच-27 (ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर) पर पूर्णिया के चांद भट्ठी तक जाएगा।
इस एलाइनमेंट के तहत 21 बड़े पुल, 140 छोटे पुल, 11 आरओबी, 21 इंटरटेंज तथा 322 अंडर पास का निर्माण होगा। यह एक्सप्रेसवे 90 मीटर चौड़ाई में बनेगा। यह छह लेन का होगा। पटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवे के लिए भू अर्जन का काम शीघ्र आरंभ होगा। इसके बाद तीन वर्षों के भीतर इस एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा।
साहेबगंज-अरेराज-बेतिया फोरलेन गंडक के पूर्वी किनारे से होकर बनेगासाहेबगंज-अरेराज-बेतिया सड़क चार लेन में बनेगा। साहेबगंज से अरेराज 38 किमी तथा अरेराज से बेतिया सड़क 43 किमी लंबा होगा। इसके निर्माण पर क्रमश: 1446.86 करोड़ व 170.273 करोड़ खर्च होंगे। गंडक के पूर्वी किनारे पर इस पथ का निर्माण बौद्ध एवं जैन तीर्थ यात्रा तथा पर्यटन स्थलों के लिए महत्वपूर्ण होगा।
विकसित बिहार के लक्ष्य के लिए काम किया जा रहाइन परियोजनाओं के एलाइनमेंट की स्वीकृति पर उप मुख्यमंत्री सह पथ निर्माण मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन तथा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में विकसित बिहार के लक्ष्य पर लगातार काम किया जा रहा।
राज्य सरकार द्वारा समय पर इन परियोजनाओं को पूरा करने को ले पूर्ण सहयोग प्रदान किया जाएगा।
देव में फोरलेन सड़क निर्माण को जमीन अधिग्रहण की कार्रवाई शुरूवहीं औरंगाबाद में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा के बाद उनके द्वारा किए गए घोषणा पर जिला प्रशासन के द्वारा कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
देव में सूर्यकुंड और रूद्रकुंड से स्टेट हाइवे 101 तक बनने वाली फोरलेन रेडियल सड़क और रिंग रोड निर्माण के लिए जमीन का अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू हो गई है। अंचल कर्मियों के द्वारा जमीन की मापी लगभग पूरा कर लिया गया है।
फोरलेन सड़क के लिए एक मौजा और रिंग रोड के लिए तीन मौजा में जमीन अधिग्रहण होना है। दोनों सड़कों में अधिग्रहण की जाने वाली जमीन का खाता, रकबा और एराजी का पूरा विवरण का नक्शा सीओ के द्वारा बनाया गया है।
उसी के अनुसार जमीन का अधिग्रहण होगा। पथ निर्माण विभाग के द्वारा जमीन अधिग्रहण का पत्र देने के बाद गुरुवार को देव के सीओ दीपक कुमार ने एडीएम ललित भूषण रंजन और जिला भूअर्जन पदाधिकारी सच्चिदानंद सुमन से मिलकर चर्चा की।
दोनों अधिकारियों ने सीओ को बताया कि निबंधन कार्यालय से पिछले तीन वर्षों का खरीद बिक्री की पूरी जानकारी उपलब्ध करा लें। उसी के अनुसार रैयतों को मुआवजा का भुगतान किया जाएगा। दर से 20 प्रतिशत अधिक मुआवजा भुगतान किया जा सकता है।
एडीएम और डीएलओ के निर्देश पर सीओ ने निबंधन कार्यालय से दोनों सड़क के लिए चार मौजा का तीन वर्षों का खरीद बिक्री का दर लिया है। बताया गया कि हरकिर्तन बिगहा विद्यालय को बचाकर इसके बगल से रेडियल रोड का निर्माण होगा।
बताया गया कि जैसे ही जमीन अधिग्रहण की कार्रवाई पूरी हो जाएगी, पथ निर्माण विभाग के द्वारा सड़क निर्माण के लिए निविदा का प्रकाशन किया जाएगा और टेंडर निष्पादन के बाद कार्य शुरू कराया जाएगा।
पथ निर्माण विभाग के अनुसार सड़क का निर्माण शीघ्र पूरा किया जाएगा। बताया गया कि आगामी कार्तिक छठ मेला में इस सड़क का लाभ श्रद्धालुओं को मिल जाएगा।
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कोईलवर से दीघा जेपी सेतु तक 35 मिनट में तय कर सकेंगे सफर, पटना में बनेगा नया हाईवे; 4 जिलों को फायदा
जितेंद्र कुमार, जागरण संवाददाता, पटना। बक्सर-पटना फोरलेन का नया विकल्प घनी आबादी से दूर कोईलवर से दीघा जेपी सेतु तक 35 मिनट में पहुंचने के लिए नए हाईवे का निर्माण कराया जाएगा।
भोजपुर, बक्सर, सारण और वैशाली के लोगों के लिए दीघा जेपी सेतु से परेब एनच 30 की दूरी मात्र 36 किलोमीटर रह जाएगी।
दीघा-दीदारगंज जेपी गंगा पथ की तरह गंगा और सोन के किनारे एलिवेटेड रोड और मनेर से परेब के बीच 11 किलोमीटर पुरानी सड़क को इस परियोजना में फोरलेन में विकसित कर शामिल कर लिया जाएगा।
जाम से मिलेगी राहतउत्तर प्रदेश की ओर से पटना, सारण और वैशाली जिले के बीच आवागमन के लिए बक्सर फोरलेन से बिहटा-दानापुर एलिवेटेड रोड से शहरी आबादी के बीच जाम में फंसने की परेशानी दूर हो जाएगी।
प्रस्तावित एलिवेटेड रोड शेरपुर-दिघवारा गंगा पुल और दीघा जेपी सेतु से जुड़ेगा, जिससे लंबी दूरी कम से कम समय में तय करना संभव होगा। तकनीकी विशेषज्ञ और सलाहकार सर्वेक्षण कर एलाइनमेंट के एक लिए अगले सप्ताह रिपोर्ट सौंपेंगे।
नई परियोजना के लिए पहले शाहपुर से मनेर तक सोन गंगा सुरक्षा बांध की जमीन उपयोग करने की योजना थी। तकनीकी विशेषज्ञ और सलाहकार घनी आबादी से दूर तटबंध से उत्तर खाली जमीन को एक्सप्रेसवे के लिए उपयुक्त बताया है।
तकनीकी सलाहकार का मत है कि सोन-गंगा सुरक्षा तटबंध के किनारे पुराना एनएच-30 के अलावा कटाव पीड़ितों का बांध पर अतिक्रमण है। सुरक्षा बांध से दूर खाली जमीन का उपयोग और शेरपुर में सारण की ओर दीघवारा गंगा पुल से जोड़ने से उपयोगिता बढ़ जाएगी।
फोरलेन में बदल जाएगी सड़कमनेर से परेब तक जल संसाधन विभाग की सड़क बनी हुई है। जल संसाधन विभाग इसे चौड़ीकरण के लिए 71.30 करोड़ की निविदा भी बीते 25 जनवरी को कर दी है। नई परियोजना की मंजूरी के बाद यह सड़क फोरलेन में बदल जाएगी।
दीघा से दीदारगंज के बीच 21 किलोमीटर की दूरी घंटे भर में लोग तय नहीं पाते थे। जेपी गंगा पथ से महज 20 मिनट में पहुंचने की सुविधा मिल गई है। इसी तरह दीघा से परेब तक 36 किलोमीटर प्रस्तावित नई सड़क परियोजना 35 मिनट में पहुंचा सकेगा।
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राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार में अब दिल में छेद के साथ जन्म लेने वाले 18 वर्ष से अधिक आयु के बच्चों का भी फ्री में इलाज होगा। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने मंगल पांडेय ने यह जानकारी दी है।
बिहार सरकार के स्वास्थ्य विभाग और प्रशांति मेडिकल सर्विसेज एंड रिसर्च फाउंडेशन, अहमदाबाद (श्री सत्य साईं हृदय, रोग संस्थान) के बीच बाल हृदय योजना के तहत द्विपक्षीय समझौता ज्ञापन के नवीनीकरण पर गुरुवार को सचिवालय स्थित स्वास्थ्य विभाग सभागार में हस्ताक्षर किया गया।
यह हस्ताक्षर स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय की अध्यक्षता में किए गए। निदेशक प्रमुख, स्वास्थ्य, डॉ. प्रमोद कुमार सिंह एवं रिसर्च फाउंडेशन, अहमदाबाद के मैनेजिंग ट्रस्टी मनोज भिमानी ने ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने की। इस दौरान उन्होंने कहा कि चार वर्षों में इस योजना से अब तक 1828 दिल में छेद वाले बच्चों (0 - 18 वर्ष) का सफल ऑपरेशन किया जा चुका है। जिसमें सत्य साईं हृदय अस्पताल अहमदाबाद द्वारा 1391 बच्चों का सफल ऑपरेशन किया गया।
मंत्री ने घोषणा की कि शीघ्र ही राज्य में 18 वर्ष से अधिक उम्र के ऐसे वयस्कों जिनके दिल में छेद है, उनका भी नि:शुल्क उपचार एवं शल्य चिकित्सा अहमदाबाद के सत्य साईं हृदय अस्पताल में होगा।
इस बात की नीतिगत सहमति दे दी गई है। अब केवल कागजी प्रस्ताव पारित किया जाना है। इस प्रस्ताव के मद्देनजर हमारी कोशिश है कि राज्य में ज्यादा से ज्यादा उन्नत स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जाए।
2021 में बाल हृदय योजना की हुई थी शुरुआतमुख्यमंत्री नीतीश कुमार के दिशा- निर्देश में बिहार सरकार ने सात निश्चय-2 के अंतर्गत राज्य में उन्नत चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार के लिए वर्ष 2021 में बाल हृदय योजना की शुरुआत की गई थी।
इस योजना के तहत, जन्मजात हृदय संबंधी जटिलताओं से पीड़ित 0-18 वर्ष के बच्चों को नि:शुल्क उपचार एवं शल्य चिकित्सा की सुविधा प्रदान की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग के सभागार में आयोजित कार्यक्रम को सर्वोच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश एम आर साह एवं प्रशांति मेडिकल सर्विसेज के ट्रस्टी मनोज भिमानी ने भी संबोधित किया और बिहार सरकार के कार्यों की प्रशंसा की।
इस कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, कार्यपालक निदेशक सुहर्ष भगत, स्वास्थ्य सचिव मनोज सिंह, शशांक शेखर, डॉ. राजीव, अमिताभ सिंह समेत विभाग के कई वरीय पदाधिकारी मौजूद रहे।
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राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार के सभी जिलों की ग्रामीण सड़कों की सूरत करीब 17 हजार करोड़ रुपये से संवारी जाएगी। राशि से इन सड़कों का सुदृढ़ीकरण एवं प्रबंधन किया जाएगा। गुरुवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में ग्रामीण सड़कों के उन्नयन की योजना स्वीकृत की गई। आज की बैठक में कुल 51 प्रस्ताव पारित किए गए।
मंत्रिमंडल की बैठक के बाद कैबिनेट के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस सिद्धार्थ ने बताया कि मंत्रिमंडल ने आज की बैठक में मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क उन्नयन योजना के तहत 37 जिलों की ग्रामीण सड़क सूदृढ़ीकरण एवं प्रबंधन कार्यक्रम के तहत 19,867 किलो मीटर की लंबाई में सात वर्षों के लिए सड़कों का सृदृढ़ीकरण एवं प्रबंधन होगा।
17,266 करोड़ स्वीकृत, सड़कों की बदलेगी सूरतसभी जिलों को मिलाकर योजना के दायरे में आए पथों की संख्या 11,251 है। इन सड़कों के लिए कुल 17,266 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
डॉ. सिद्धार्थ ने बताया कि खगडिय़ा जिले की ग्रामीण सड़कों के उन्नयन का प्रस्ताव पूर्व की मंत्रिमंडल की बैठक में स्वीकृत किया जा चुका है। अकेले खगड़िया जिले में सड़कों की कुल संख्या 170 है। जिनके लिए 156.58 करोड़ रुपये से खर्च होंगे।
शैक्षणिक सत्र प्रारंभ होने के पूर्व मिलेगी पोशाक की राशि- मंत्रिमंडल ने आज की बैठक में यह प्रस्ताव स्वीकृत किया है कि सरकारी विद्यालयों में पढऩे वाले विद्यार्थियों को सत्र प्रारंभ होने के पूर्व पोशाक की राशि दे दी जाएगी।
- शिक्षा विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री बालिका-बालक पोशाक योजना, बिहार शताब्दी मुख्यमंत्री बालिका पोशाक योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों को पोशाक के लिए राशि दी जाती है।
- अब शैक्षणिक सत्र 2025-26 के अप्रैल महीने में ही पोशाक की राशि हस्तांतरित कर दी जाएगी। योजना के दायरे में प्रारंभिक विद्यालय के विद्यार्थियों के समेत अन्य विद्यार्थी आएंगे।
मंत्रिमंडल ने समस्तीपुर के सुनियोजित विकास के लिए इस जिले का प्लानिंग एरिया बनाने का प्रस्ताव स्वीकृत किया है।
प्लानिंग एरिया के तहत शहर से सटे ग्रामीण इलाकों को शामिल कर वहां सुनियोजित विकास की योजना बनेगी और जो भी आवश्यक आधारभूत संरचना व अन्य कार्य किए जाने हैं वे किए जाएंगे। इससे पहले करीब चार दर्जन शहरों के प्लानिंग एरिया पर काम चल रहा है।
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Bihar Bhumi Survey: भूमि सर्वे को लेकर नीतीश सरकार का बड़ा फैसला, फरवरी तक निपटाना होगा ये काम
राज्य ब्यूरो, पटना। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने विशेष भूमि सर्वेक्षण (Bihar Bhumi Survey) के दौरान तेरीज लेखन के लिए समय सीमा निर्धारित कर दिया है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव जय सिंह ने सभी प्रमंडलों के नोडल पदाधिकारियों की बैठक में भूमि सर्वे के काम की प्रगति की समीक्षा की।
बैठक में जानकारी दी गई कि दूसरे चरण के 18 जिलों के जिन 26,786 मौजों में भूमि सर्वे का काम शुरू किया गया है, उनमें से 70 फीसदी से अधिक मौजों में तेरीज लेखन हो चुका है। शेष मौजों में इस माह के आखिर तक यह काम पूरा कर लिया जाएगा।
इससे पहले, अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने फरवरी के अंत से किस्तवार शुरू करने का निर्देेश दिया था। किस्तवार से पहले हरेक अमीन को उनको आवंटित मौजों का तैरीज लेखन का काम पूर्ण करना है।
किन जिलों में हुआ तेरीज लेखन का कार्य?बैठक में बताया गया कि अरवल एवं शेखपुरा जिलों में पहले चरण में ही भूमि सर्वे हो चुका है। शिवहर और लखीसराय जिलों में तेरीज लेखन किया जा चुका है। चरण के जिन 130 अंचलों में तेरीज लेखन चल रहा है।
किशनगंज और नालंदा जिले में 94, मुंगेर में 93, बांका में 89 फीसदी और कटिहार में 80 प्रतिशत मौजों का तेरीज लेखन हो चुका है। गया, मधुबनी और सीवान में तेरीज लेखन सुस्त है।
इससे सर्वे में आएगी तेजीराजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल (Dilip Kumar Jaiswal) ने कहा कि तेरीज खतियान का सार होता है, जो सर्वे के काम में लगे अमीनों के लिए बहुत ही उपयोगी दस्तावेज होता है। तेरीज का निर्माण भी सर्वे कार्य में लगे अमीनों के द्वारा ही किया जाता है।
उन्होंने कहा कि तेरीज लेखन पिछले सर्वे के आधार पर तैयार खतियान से किया जाता है। पिछले सर्वे का खतियान जिला अभिलेखागारों में सुरक्षित रखा गया है। इसकी आनलाइन प्रति भी उपलब्ध है जिसे भू अभिलेख पोर्टल पर देखा जा सकता है।
प्रपत्र 5 में नए कॉलम जुड़े- अपर मुख्य सचिव के निर्देश पर प्रपत्र-5 का विस्तार किया गया है। इसमें कई नए कॉलम जोड़े गए हैं, जिनका इस्तेमाल खानापुरी और अधिकार अभिलेख बनाने में किया जाएगा।
- खानापुरी के दौरान अमीन के मोबाइल में उसके गांव के हरेक रैयत और उसके हरेक प्लॉट की संपूर्ण जानकारी उपलब्ध रहेगी।
- इसके आधार पर उन्हें रैयत का अधिकार अभिलेख या खतियान बनाने के काम में सहूलियत होगी।
तेरीज लेखन का मतलब है, जमीन सर्वे के दौरान ग्रामसभा के बाद अमीन द्वारा खतियान के लिए किया गया सार। बिहार में जमीन सर्वे के दौरान तेरीज़ लेखन का काम किया जा रहा है।
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'लालू ने खुद की थी जाकिर से बात, CM हाउस में होती थी अपहरण की डील', राबड़ी के भाई का सनसनीखेज खुलासा
राज्य ब्यूरो, पटना। राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद के साले और पूर्व सांसद सुभाष यादव ने लालू यादव पर बड़ा आरोप लगाया है। पूर्व सांसद सुभाष यादव ने कहा कि एक समय अपहरण के मामले में लेनदेन की बातचीत मुख्यमंत्री निवास में होती थी।
उस समय के तत्कालीन मुख्यमंत्री लालू प्रसाद स्वयं फिरौती के लिए डील करते थे। हालांकि, आरोप हम पर और हमारे बड़े भाई साधु यादव पर लगता था।
पूर्व सांसद सुभाष यादव ने गुरुवार को कहा कि हमने कोई अपराध नहीं किया। मेरे अलग होने के बाद ही लालू प्रसाद का पतन शुरू हुआ। इस बार राजद 20 से भी कम सीटों पर जीत हासिल करेगा।
सीएम बनने के लिए चाहिए मामा का आशीर्वादसुभाष यादव ने कहा कि अररिया-पूर्णिया की तरफ एक चर्चित अपहरण हुआ था। उसमें फिरौती का रुपया कौन लिया, यह सबको पता है। जाकिर हुसैन पर अपहरण का आरोप लगा था। लालू प्रसाद ने स्वयं जाकिर से बात की थी।
लालू यादव के साले सुभाष यादव ने लगाए आरोप।
सुभाष ने कहा कि राजनीति और लालू प्रसाद से मैंने बहुत पहले दूरी बना ली। लालू प्रसाद सिर्फ अपना भला सोचते हैं। वे हमें पुत्र का दर्जा देते थे,लेकिन काम निकलने के बाद मुझे दूध की मक्खी की तरह निकाल दिया गया।
मुझ पर चोरी, डकैती, हत्या और जबरन जमीन लिखवाने का कभी आरोप नहीं लगा।
पूर्व सांसद ने स्वीकार किया कि अब लालू परिवार से उनका कोई रिश्ता नहीं है, लेकिन तेजस्वी यादव के प्रति उन्होंने नरमी दिखाई। उन्होंने कहा कि सीएम बनने के लिए मामा का आशीर्वाद चाहिए। बिना इसके वे सीएम नहीं बन सकते हैं।
लंबे समय से लूट का मौका नहीं मिला, इसलिए सत्ता के लिए बेचैन है राजदवहीं, जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने गुरुवार को कहा कि लंबे समय से लूट का मौका नहीं मिला इसलिए राजद बेचैन है। बिहार में राजद की सत्ता में वापसी की संभावना दूर-दूर तक नहीं है। इसलिए लालू प्रसाद द्वारा ख्याली पुलाव पकाने और दिन में सपने देखने का कोई मतलब नहीं है।
जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि सत्ता से दूर रहने की बेचैनी राजद सुप्रीमो में दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जनता अपना पूरा मन बना चुकी है। आम आदमी पार्टी का राजनीतिक हश्र दिल्ली चुनाव में हुआ है उससे भी बुरा हश्र राजद का आगामी विधानसभा चुनाव में होगा।
हाल ही में चार विधानसभा क्षेत्रों में हुए उप चुनाव में राजद का खाता तक नहीं खुला। इससे समझ लेना चाहिए कि जनता का मिजाज और मूड किस ओर है। झूठ और लूट की राजनीति को प्रदेश की जनता अब हमेशा के लिए अलविदा कह चुकी है।
उमेश सिंह कुशवाहा ने कहा कि बिहार में राजद का कोई भविष्य नहीं है। जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि लालू परिवार की एकमात्र मंशा बिहार को लूटकर अपनी तिजोरी भरने की रही है।
अपने 15 वर्षों के शासन के दौरान राजद ने लूट मचाने के अलावा कोई और काम नहीं किया। इसलिए आज वे लोग सत्ता में आने के लिए छटपटा रहे।
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Patna Airport Terminal: पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल पर आया बड़ा अपडेट, सिर्फ 30 प्रतिशत काम बाकी
जागरण संवाददाता, पटना। पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल (Patna Airport New Terminal) भवन का शुभारंभ जल्द होगा। पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल भवन को मार्च में लोकार्पित करने के लिए इलेक्ट्रिक कार्य जोरों पर चल रहा है। हालांकि, अब भी 30 प्रतिशत कार्य बाकी है।
1216 करोड़ रुपये की लागत से यह टर्मिनल भवन बनाया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) से अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त टर्मिनल बिल्डिंग के शुभारंभ के लिए अनुरोध किया जाएगा।
अभी सेंट्रलाइज्ड एसी (एयर कंडीशनर) की टेस्टिंग चल रही है। छोटी-मोटी खामियों को दूर करने में अभियंताओं की टीम लगी है। लोकार्पण के बाद भी नए टर्मिनल से परिचालन शुरू करने में एक महीना और लग सकता है।
इसके बाद एयरोब्रिज और पार्किंग बे का निर्माण किया जाएगा। इनका निर्माण पुराने भवन को तोड़ने के बाद शुरू होगा। वर्तमान के चार पार्किंग बे को नए सिरे से व्यवस्थित किया जा रहा है।
वॉल पुट्टी के बाद दीवारों पर होगी पेंटिंगढांचा तैयार करने के बाद वायरिंग का काम शुरू किया गया था, जिसे लगभग पूरा कर लिया गया है। दीवारों के प्लास्टर पर वॉल पुट्टी का काम अभी जारी है। इसके बाद दीवारों को मधुबनी पेंटिंग समेत अन्य तरह की चित्रकारी की जाएगी।
कुछ हिस्सों में पेंटिंग भी शुरू कर दी गई है। लोहे के बाद अभी लकड़ी लगाने का भी काम चालू है। 60 प्रतिशत हिस्से में पुट्टी हो चुकी है, जिसे 10 दिनों में पूरा करने का लक्ष्य लिया गया है। स्थानीय प्रबंधन के अलावा एयरपोर्ट अथॉरिटी के अधिकारी भी योजना की निगरानी व कार्याें का अनुश्रवण कर रहे हैं।
पार्किंग एरिया बनने के बाद फ्लाइटों की बढ़ेगी संख्यापार्किंग बे बनाने के लिए पुराना टर्मिनल भवन तोड़ना पड़ेगा। इसके बाद एक साथ 14 विमान खड़े हो सकते हैं। साथ ही एयरोब्रिज भी बनाए जाएंगे। इसके बाद ही डीजीसीए विमानों की संख्या बढ़ाने की अनुमति दे सकता है।
पांच अन्य राज्यों समेत अंतरराष्ट्रीय विमान सेवा की शुरुआत भी इसके बाद भी होगी। ऐसे में एक वर्ष से अधिक समय तक यात्रियों को अंतरराष्ट्रीय विमान सेवा के लिए इंतजार करना पड़ सकता है। एक साथ 4,500 यात्रियों के आवागमन की व्यवस्था होगी।
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JEE Main Result 2025: 99 परसेंटाइल पाने वालों की संख्या ज्यादा, सेकेंड सेशन के लिए इस तारीख तक करें आवेदन
जागरण संवाददाता, पटना। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने जेईई मेन जनवरी सत्र का परिणाम जारी कर दिया है। परीक्षार्थियों की रैंक अप्रैल सत्र के परिणाम के साथ जारी की जाएगी। दोनों में से जिस सत्र में संबंधित अभ्यर्थी का ज्यादा परसेंटाइल होगा उसी के आधार पर रैंक जारी की जाएगी।
पहले सत्र के परिणाम के अनुसार 100 से 99 परसेंटाइल में 10 हजार से अधिक परीक्षार्थी शामिल हैं। इनका नामांकन शीर्ष राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनटीए) के कोर ब्रांच में हो जाएगा। वहीं, 100 से 98 परसेंटाइल में 21 हजार से अधिक परीक्षार्थी हैं। इनका नामांकन भी एनआईटी के विभिन्न ब्रांच में सुनिश्चित है।
जेईई मेन की रैंक के आधार पर एनआईटी, ट्रिपल आईटी और जीएफटीआई तथा जेईई एडवांस की रैंक पर आईआईटी में बीटेक, बीई व अन्य स्तानक स्तरीय कोर्स में नामांकन होता है। शीर्ष एनआईटी में त्रिची, वारंगल, सूरतकाल, प्रयागराज, राउरकेला, कालीकट, जयपुर, कुरूक्षेत्र आदि शामिल हैं।
बेहतर रैंक के लिए कमजोर पहलुओं पर दें ध्यानपटना साइंस कॉलेज में सहायक प्राध्यापक डॉ. अशोक कुमार झा के अनुसार जिन्हें जनवरी सत्र में संतोषजनक परसेंटाइल प्राप्त नहीं हुआ है। वह परेशान होने के बजाए अपने कमजोर पहलुओं की पहचान कर अप्रैल सत्र की तैयारी में जुट जाएं।
अप्रैल सत्र के लिए आवेदन की प्रक्रिया जारी है। 25 फरवरी तक ऑनलाइन आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। अप्रैल सत्र की परीक्षा एक से आठ अप्रैल के बीच तथा परिणाम 17 अप्रैल को जारी किया जायेगा। जेईई एडवांस 2025 का आयोजन आईआईटी कानपुर 18 मई को दो पाली में ऑनलाइन माध्यम से करेगा।
बिहार बोर्ड के 12वीं के विद्यार्थियों की परीक्षा समाप्त हो गई है। वह अब पूरी तरह से जेईई की तैयारी में जुट जाएं। वहीं, सीबीएसई और आईसीएसई की 12वीं की परीक्षा प्रारंभ होनी वाली है।
उक्त दोनों बोर्ड के विद्यार्थी जेईई के साथ-साथ 12वीं की परीक्षा पर भी ध्यान दें। एनआईटी और आईआईटी में नामांकन के लिए 12वीं में 75 प्रतिशत अंक या संबंधित बोर्ड के 20 परसेंटाइल में शामिल होना अनिवार्य है।
परसेंटाइल संभावित अभ्यर्थियों की संख्या परसेंटाइल अभ्यर्थियों की संख्या 100 - 99 1 से 11 हजार 99 - 98 11 से 22 हजार 98 - 97 22 से 33 हजार 97 - 96 33 से 43 हजार 96 - 95 43 से 44 हजार 95 - 91 45 हजार से 1 लाख जोसा 2024 के अनुसार संस्थान और कुल सीटों की संख्या- आईआईटी : 17740
- एनआईटी : 24229
- ट्रिपलआईटी : 8546
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Patna News: पटना के लोगों के लिए खुशखबरी, 12 मीटर चौड़ी होगी ये सड़क; जाम से मिलेगी मुक्ति
जितेंद्र कुमार,पटना। दानापुर में नेहरू मार्ग (बेली रोड) पटना शहरी क्षेत्र में अब तक की सबसे चौड़ी सड़क रहते हुए आम लोगों के लिए सबसे महंगा सफर साबित हो रहा है। सगुना मोड़ से रूपसपुर नहर तक 22 मीटर की छह लेन प्रधान सड़क और 5-5 मीटर की सर्विस लेन होते हुए भी हर समय यहां जाम लगता है, जिससे लोगों का समय और ईंधन दोनों बर्बाद होता है।
अब लोगों को जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए इसे और चौड़ा किया जाएगा। प्रगति यात्रा में इसका एलान होगा।
प्रगति यात्रा के दौरान होगी घोषणाअब जाम से निजात के लिए सड़क के दोनों ओर औसत आठ मीटर चौड़ा और ढाई मीटर गहरे नाला को पाटकर 6-6 मीटर सर्विस लेन की चौड़ाई बढ़ाई जाएगी। प्रगति यात्रा के दौरान इस योजना की घोषणा के लिए आवश्यक तैयारी कर ली गई है।
10 मीटर पर 59 संपर्क पथों की वजह से दवाब ज्यादा- सगुना मोड़ से रूपसपुर नहर आरओबी तक औसत 10 मीटर पर 49 छोटे-बड़े मोहल्ले का संपर्क पथ सर्विस लेन से सीधे जुड़ते हैं।
- सर्विस लेन से 27 जगहों पर प्रधान सड़क से वाहनों का संपर्क पथ है।
- 22 मीटर में छह लेन प्रधान मुख्य सड़क के दोनों ओर 5-5 मीटर का सर्विस लेन और उसके किनारे दो-दो मीटर का पेवर्स ब्लॉक का फ्लैंक है।
- अतिक्रमण के कारण इसका वजूद समाप्त हो गया है। प्रधान सड़क के किनारे औसत डेढ़ मीटर का फुटपाथ है, जिस पर दुकादारी है।
जाम से छुटकारा के लिए प्रधान सड़क और सर्विस लेन के बीच में दोनों ओर औसत आठ मीटर चौड़ा और ढाई मीटर गहरा नाला को पाटने की योजना बनी है।
नाले को पाटकर वर्तमान सर्विस लेन की चौड़ाई पांच मीटर से बढ़ाकर 11 मीटर की जा सकेगी। इसके लिए सिर्फ पथ निर्माण विभाग की जमीन पर अतिक्रमण हटाने की जरूरत होगी।
जगह रहते भी सुगम यातायात में खंभे बाधकपथ निर्माण विभाग की जमीन पर बिजली के खंभे, रोड साइनेज और आउटडोर विज्ञापन कंपनियों को कब्जा हो गया है। सड़क चौड़ी हुई, लेकिन बिजली के खंभे सड़क पर ही सीना ताने खड़े हैं।
फुटपाथ और सड़क का फ्लैक टेलीकॉम, गैस कंपनी, विज्ञापन एजेंसी और बचा सो दुकानदारों ने कब्जा कर लिया है। सब्जी मंडी, नर्सरी तो कहीं बेकार के पुलिस पोस्ट राह की बाधा बनी खड़ी है।
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Bihar Election 2025: 'बिहार में चुनाव का रिजल्ट आने के बाद मैं...', मुकेश सहनी ने कर दिया बड़ा एलान
राज्य ब्यूरो, पटना। Bihar Political News Today in Hindi: भले ही बिहार में विधानसभा चुनाव में अभी पांच-छह महीने का विलंब हो लेकिन सभी दल अपने हिसाब से अपनी तैयारियों में जुटे हैं। कोशिश है की कोई कोर कसर न बचने पाए। तमाम दलों के साथ ही विकासशील इंसान पार्टी भी अपनी चुनावी तैयारियों को अंजाम देने में जुटी है।
मुकेश सहनी बोले- चुनाव परिणाम के बाद तेजस्वी सीएम तो मैं डिप्टी सीएमपार्टी के संस्थापक और पूर्व मंत्री मुकेश सहनी भी लगातार जिलों का दौरा कर पार्टी संगठन की मजबूती के लिए काम कर रहे हैं। इसी कड़ी में वे मसौढ़ी पहुंचे और एक बार फिर उन्होंने दावा किया कि बिहार में इस बार महागठबंधन की सरकार बनेगी और मल्लाह का बेटा उप मुख्यमंत्री बनेगा।
मुकेश सहनी लोकसभा चुनाव के दौरान लगातार राजद नेता और पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के साथ चुनावी सभाओं में नजर आ रहे थे। चुनाव में भले ही महागठबंधन का प्रदर्शन उसकी तैयारियों के अनुसार रहा परंतु सहनी के उत्साह में कोई कमी नहीं वे विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जोर शोर से जुटे हैं।
बिहार में भाजपा की दाल नहीं गलने वाली: मुकेश सहनीअपनी ऐसी ही एक यात्रा के क्रम में वे बुधवार को मसौढ़ी में थे। यहां सहनी ने अपने शुभचिंतकों और पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि बिहार में भाजपा की दाल गलने वाली नहीं।
उन्होंने कहा इस बार राज्य में तेजस्वी यादव के नेतृत्व में महागठबंधन की सरकार बनेगी। इसके बाद लोगों की जो समस्याएं होगी उनका निदान होगा। तकलीफें दूर होंगी। उन्होंने कहा कि इस बार मल्लाह का बेटा मुकेश सहनी उप मुख्यमंत्री बनेगा।
बता दें कि सहनी चुनावी तैयारियों को लेकर काफी गंभीर हैं। उनके निर्देश पर अगले महीने वाल्मीकि नगर में पार्टी के राष्ट्रीय और प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक भी बुलाई गई है।
नवंबर में हो सकता है बिहार विधानसभा 2025 का चुनावबता दें कि नवंबर के महीने में बिहार में विधानसभा चुनाव आयोजित किया जा सकता है। इस बार फिर से नीतीश कुमार एनडीए के साथ हैं तो लालू यादव को कांग्रेस और वाम दल का सहारा है। अब देखने वाली बात होगी कि किस गठबंधन का समीकरण काम करता है।
मुकेश सहनी की राजनीति भी पलट वाली राजनीति रही है। कभी एनडीए तो कभी महागठबंधन के साथ जोड़ी बनाते नजर आते हैं।
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Lalu Yadav: 'हम लोगों के रहते हुए कैसे...', केजरीवाल की हार के बाद लालू यादव ने दिया BJP को चैलेंज
एएनआई, पटना। Bihar News: दिल्ली में विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी की हार के बाद अब बिहार में भी सियासत तेज हो गई है। नेताओं की प्रतिक्रिया सामने आ रही है। इसी क्रम में आज आरजेडी सुप्रीमो अचानक मीडिया से टकरा गए और उन्होंने दिल्ली में अरविंद केजरीवाल की हार पर प्रतिक्रिया देते हुए बीजेपी को चैलेंज भी कर दिया।
दरअसल, जब पत्रकारों ने लालू से पूछा कि दिल्ली में अरविंद केजरीवाल हार गए, क्या इसका असर अब बिहार में भी दिखेगा। तो इसपर आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव ने कहा कि हम लोगों के रहते हुए बिहार में कैसे सरकार बना लेगा। हमलोग मजबूती से सामना करेंगे।
लालू यादव ने कहा कि बिहार को समझना इतना आसान नहीं है। हमलोग पूरी मेहनत से लगे हैं। लालू यादव ने इस दौरान अपनी पार्टी की तैयारियों के बारे में भी बताया। लालू यादव ने कहा कि बिहार की जनका को मुफ्त बिजली और युवाओं को सरकारी नौकरी और रोजगार दिया जाएगा।
बक्सर में प्रगति यात्रा से ठीक पहले जदयू के धरने पर संगठन में ही उठे सवालबक्सर के डुमरांव में स्थानीय नगर परिषद की गलत कार्यसंस्कृति और नागरिकों की ज्वलंत समस्याओं के सवाल को लेकर जनता दल यू की प्रखंड इकाई द्वारा आयोजित धरना चर्चा में रहा। इसको लेकर जदयू के अंदर ही मतभेद सामने आए हैं।
जदयू के विधानसभा प्रभारी रवि उज्ज्वल ने इस मामले में बयान जारी कर इसे गलत कदम बताया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की प्रगति यात्रा के ठीक पहले दल के कुछ नेताओं ने भ्रष्टाचार के मसले पर धरना देकर गलत किया है।
उन्होंने सीधे अपने जिलाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह पर सवाल खड़े करते हुए कहा है कि वह जिला 20 सूत्री समिति के उपाध्यक्ष हैं। उन्हें सरकार में रहते हुए धरना देने की बजाय यह समस्या उचित फोरम पर रखनी चाहिए थी।
इस धरना को लेकर एक तरफ जनता दल यू के प्रखंड अध्यक्ष अजयचंद लोदी के नेतृत्व में नथुनी प्रसाद खरवार, भरत मिश्रा, विशोका चंद एवं महेंद्र राम खूब सक्रिय दिखे, तो दूसरी ओर जदयू के डुमरांव विधानसभा प्रभारी रवि उज्ज्वल, नगर इकाई अध्यक्ष गोपाल प्रसाद गुप्ता, बीरेन्द्र कुशवाहा व मंटू हाशमी ने इसे दल की नीतियों के विरुद्ध कदम बताया।
इधर जदयू जिलाध्यक्ष ने डुमरांव नगर परिषद में भ्रष्टाचार के सवाल पर जदयू के धरने को जायज कहा है। उन्होंने कहा कि विधानसभा प्रभारी को दलीय संगठन के कार्य को विस्तार देने व मजबूती प्रदान करने का दायित्व दिया गया है। लेकिन वह अनुमंडल अस्पताल और नगर परिषद की योजनाओं की जांच करते घूम रहे हैं।
उन्होंने कहा कि धरनास्थल पर उन्होंने सरकार की आलोचना नहीं की है, बल्कि क्षेत्रीय विधायक के कार्यकलापों पर सवाल खड़े किए हैं।
उधर जनता दल यू राज्य सलाहकार समिति के सदस्य भरत मिश्रा ने कहा कि नागरिकों की ज्वलंत समस्या के निदान व भ्रष्टाचार के खिलाफ धरना पर सवाल उठाना पूरी तरह अनुचित है। धरना में शामिल सभी कार्यकर्ता निष्ठावान व दल के प्रति समर्पित रहने वाले हैं।
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Bihar Politics: 28 फरवरी को क्या करने जा रहे हैं जीतन राम मांझी? पार्टी ने किया प्लान का खुलासा
राज्य ब्यूरो, पटना। Bihar Political News Today: केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी का दल हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) इसी माह 28 फरवरी को पटना के गांधी मैदान में दलित समागम कर अपनी ताकत दिखाएगा। इस आयोजन को लेकर बुधवार को पार्टी ने बैठक का आयोजन किया। रविदास जयंती के अवसर को देखते हुए बैठक की शुरुआत पार्टी नेताओं ने फूल-मालाओं से पुष्पांजलि अर्पित कर दी।
मांझी के बेटे ने बताई रणनीतिपार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राज्य सरकार के मंत्री डॉ. संतोष कुमार सुमन ने कहा कि पार्टी पहले से बहुत मजबूत हो चुकी है। आगामी विधानसभा चुनाव के समय में जब एनडीए चुनाव लड़ेगा तो उसमें हम का दम मजबूती से दिखेगा। प्रदेश अध्यक्ष डा. अनिल कुमार ने बताया कि अभी तक 19 जिलों में एनडीए गठबंधन के जिला कार्यकर्ता सम्मेलन में पार्टी का प्रदर्शन बेहतर रहा है।
बिहार में होगा महाजुटान: श्याम सुंदर शरणहम आशा करते है कि बाकी के जिलों में इससे भी बेहतर प्रदर्शन होगा। पार्टी के राष्ट्रीय मुख्य प्रवक्ता श्याम सुंदर शरण ने बताया कि 28 फरवरी को होने वाले दलित समागम संवाद में पूरे बिहार से बड़ी संख्या में लोगों का जुटान होगा। बैठक में सिकंदरा विधायक प्रफुल्ल मांझी, मीडिया प्रभारी गिरधारी सिंह के साथ कई नेता-कार्यकर्ता शामिल हुए।
दिल्ली में सीट नहीं मिलने से नाराज हो गए थे जीतन राम मांझीबता दें कि दिल्ली विधानसभा चुनाव में एक भी सीट नहीं मिलने से जीतन राम मांझी नाराज हो गए थे। उन्होंने बीजेपी का नाम लिए बिना कहा था कि सबको लगता है कि हमारी कोई औकात नहीं है लेकिन बिहार में हम अपनी औकात दिखा देंगे। इसके बाद सियासी भूचाल आ गया था। हालांकि, अगले ही दिन मांझी ने अपनी बात से पलटी मार दी और पीएम मोदी के साथ हमेशा रहने के बात कहने लगे।
जदयू में शामिल हुए कई समाजसेवीबुधवार को दानापुर विधानसभा क्षेत्र के कई समाजसेवियों ने प्रदेश जदयू की सदस्यता ग्रहण। विधान पार्षद संजय कुमार सिंह उर्फ गांधी जी ने अरविंद कुमार, मुकेश कुमार, रोहित आनंद और धनंजय कुमार समेत अन्य समाजसेवियों को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता दिलायी।
इस मौके पर पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद, राज्यसभा के पूर्व सदस्य अनिल हेगड़े, पटना महानगर के अध्यक्ष आसिफ कमाल, प्रदेश महासचिव विनोद कुमार सिंह एवं दानापुर प्रखंड अध्यक्ष मनोज कुमार मौजूद थे। बता दें कि जदयू लगातार पार्टी विस्तार में जुटी हुई है।
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Passport Verification: बिहार में बदला पासपोर्ट सत्यापन का नियम, सभी थाने के पुलिस कर्मियों के पास पहुंचा ऑर्डर
राज्य ब्यूरो, पटना। Passport Verification in Bihar: अब बिहार में पासपोर्ट बनाने वालों के लिए पुलिस से अपराध का रिकॉर्ड छिपाना आसान नहीं होगा। पासपोर्ट बनाने के पहले किए जाने वाले पुलिस सत्यापन का काम अब अपराध एवं अपराधी ट्रैकिंग नेटवर्क एवं सिस्टम (सीसीटीएनएस) की मदद से किया जाएगा। इससे कम समय में अधिक पारदर्शिता से पुलिस सत्यापन हो सकेगा।
थानास्तर पर पुलिस पदाधिकारियों को दिए गए दिशानिर्देशइस बाबत थानास्तर पर पुलिस पदाधिकारियों को विशेष दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इसी माह के पहले सप्ताह में सरदार पटेल भवन स्थित पुलिस मुख्यालय के सभागार में पटना जिले के सभी थानों के पदाधिकारियों के लिए विशेष प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किया गया था। इसमें क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय के पदाधिकारी भी शामिल हुए थे। दरअसल, राज्य के लगभग सभी थानों को सीसीटीएनएस से जोड़ दिया गया है।
एक थाना दूसरे थाना से ले सकेंगे जानकारीइससे राज्य के किसी भी थाने में अगर किसी व्यक्ति पर कोई आपराधिक मामला दर्ज है, तो उसकी जानकारी किसी भी जिले के थाने से ली जा सकेगी। पासपोर्ट का आवेदन आने पर थाने के पुलिस पदाधिकारी आवेदक का नाम और तस्वीर आदि सीसीटीएनएस पर अपलोड कर चेक करेंगे।
पासपोर्ट बनाने के काम में तेजी लाने के लिए बिहार पुलिस पहले से ही एम पासपोर्ट पुलिस एप का भी इस्तेमाल कर रही है।
पासपोर्ट से जुड़े आवेदन ऑनलाइन ही आ जातेइसके जरिए सभी थानों में अब पासपोर्ट से जुड़े आवेदन ऑनलाइन ही आ जाते हैं। पहले इसकी भौतिक प्रति आती थी और सत्यापन के बाद इसे कई कार्यालयों से होते हुए वापस पासपोर्ट कार्यालय भेजा जाता था।
एम-पासपोर्ट एप के आने से आनलाइन काम कम समय में हो जा रहा है। इसके लिए एक हजार से अधिक थानों को पुलिस मुख्यालय के स्तर से टैबलेट भी उपलब्ध कराए गए हैं।
पासपोर्ट बनवाने के लिए दस्तावेज (Documents for Passport)आधार कार्ड: आधार कार्ड की फोटोकॉपी जमा करनी होती है।
पैन कार्ड: पैन कार्ड की फोटोकॉपी जमा करनी होती है।
जन्म प्रमाण पत्र: जन्म प्रमाण पत्र की फोटोकॉपी जमा करनी होती है।
पता प्रमाण पत्र: पता प्रमाण पत्र की फोटोकॉपी जमा करनी होती है।
फोटो: पासपोर्ट साइज की दो फोटो जमा करनी होती हैं
आवेदन प्रक्रिया- ऑनलाइन आवेदन: पासपोर्ट सेवा की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन करना होता है।
- आवेदन फॉर्म भरना: आवेदन फॉर्म में सभी आवश्यक जानकारी भरनी होती है।
- दस्तावेज अपलोड करना: आवश्यक दस्तावेजों की फोटोकॉपी अपलोड करनी होती है।
- फीस जमा करना: पासपोर्ट फीस ऑनलाइन जमा करनी होती है।
- पासपोर्ट सेवा केंद्र में जाना: आवेदन जमा करने के बाद, पासपोर्ट सेवा केंद्र में जाना होता है और आवश्यक दस्तावेजों की मूल प्रति दिखानी होती है।
- पुलिस सत्यापन: पासपोर्ट सेवा केंद्र में आवेदन जमा करने के बाद, पुलिस सत्यापन की प्रक्रिया शुरू होती है।
- पुलिस रिपोर्ट: पुलिस रिपोर्ट के आधार पर, पासपोर्ट जारी किया जाता है।
- पासपोर्ट जारी करना: पुलिस रिपोर्ट के आधार पर, पासपोर्ट जारी किया जाता है।
- पासपोर्ट प्राप्त करना: पासपोर्ट जारी होने के बाद, आवेदक को पासपोर्ट प्राप्त करने के लिए पासपोर्ट सेवा केंद्र में जाना होता है।
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Nitish Kumar: नीतीश कुमार ने गिनवाए 5 योजनाओं के नाम, जिन्होंने बदल दी बिहार के युवाओं की किस्मत
राज्य ब्यूरो, पटना। Bihar Political News Today: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि 2005 में सरकार में आने बाद बिना भेदभाव के हम समाज के सभी वर्ग एवं धर्म के विकास के लिए काम कर रहे हैं। यह आगे भी जारी रहेगा।
वे बुधवार को बापू सभागार में संत शिरोमणि रविदास की जयंती पर आयोजित विकास मित्रों के क्षमतावर्द्धन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इसका आयोजन अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग विभाग की ओर से किया गया था।
कई दिग्गज मंत्री रहे मौजूदमुख्यमंत्री ने संत शिरोमणि रविदास एवं भारत रत्न बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर के चित्र पर पुष्प अर्पित कर अपनी श्रद्धांजलि दी। समारोह को उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, विजय कुमार सिन्हा, केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय, ग्रामीण कार्य मंत्री अशोक चौधरी, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री जनक राम एवं विभागीय सचिव सेहरा ने भी संबोधित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संत रविदास ने जातिवाद, भेदभाव और छुआछूत के खिलाफ आवाज उठाई। समानता और भाईचारा का संदेश दिया। उनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता है। संविधान निर्माता भारत रत्न बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर के कार्यों को भी याद रखना चाहिए।
सीएम ने कई योजनाएं गिनवाईंमुख्यमंत्री ने कहा कि वंचित वर्ग के लोगों को मुख्यधारा में लाने के लिए कई विशेष योजनाएं चलाई गईं। महादलित वर्ग तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए वर्ष 2009 में बिहार महादलित विकास मिशन की स्थापना की गई। इससे महावंचित वर्ग के लोगों को काफी लाभ हो रहा है।
वर्ष 2023 में विकास मित्रों के मानदेय को 13 हजार 700 से बढ़ाकर 25 हजार रुपये कर दिया गया। प्रति वर्ष उसमें पांच प्रतिशत की वृद्धि की जा रही है।
नीतीश कुमार ने उद्यमी योजना की चर्चा कीनीतीश कुमार ने कहा कि 2018 में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के युवक एवं युवतियों के रोजगार के लिए 'उद्यमी योजना' की शुरुआत की गई। इसके तहत उद्योग लगाने के लिए 10 लाख रुपये की सहायता दी जा रही है। इसमें पांच लाख अनुदान एवं पांच लाख रुपया ब्याज मुक्त ऋण है। इस वर्ग के युवक एवं युवतियों को सिविल सेवा प्रोत्साहन योजना का लाभ मिल रहा है।
ग्राम परिवहन योजना की शुरुआतयुवकों को रोजगार देने के लिए मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना की शुरुआत की गई है। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति आवासीय विद्यालय एवं छात्रावास की स्थापना की गई है। इस वर्ग के उत्थान के लिए और जो भी आवश्यकताएं होंगी उसे पूरा किया जाएगा।
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Patna Four Lane: बिहार में बिछेगा सड़कों का जाल, फोरलेन को लेकर डिप्टी सीएम ने दिया बड़ा अपडेट
राज्य ब्यूरो,पटना। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि राज्य के हर हिस्से से 50 किलोमीटर पर फोरलेन की पहुंच सुनिश्चित होगी। इसके लिए पथ निर्माण विभाग द्वारा बिहार हाइवे विजन-2030 को जमीन पर उतारने की प्राथमिकता दी जा रही है।
बुधवार को उन्होंने पथ निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन और अनुश्रवण में तेजी लाने का निर्देश सभी अभियंताओं को दिया।
6650 करोड़ रुपये की परियोजनाएं चल रहींडिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि पथ निर्माण विभाग द्वारा विकसित बिहार के लक्ष्य के साथ करीब 6650 करोड़ रुपये की परियोजनाएं चल रही हैं। इनके अतिरिक्त करीब 2000 करोड़ की योजनाएं निविदा के चरण में हैं और 1060 करोड़ रुपये की योजनाएं एकरारनामा के स्तर पर हैं।
- डिप्टी सीएम ने कहा कि विभागीय कार्यों को सुसंगत बनाने के लिए यांत्रिक उपभाग को पुनर्गठित करने जा रहे हैं, ताकि अभियंताओं के अनुभव और कार्यक्षमता का लाभ लिया जा सके।
- साथ ही खास विशेषज्ञता रखने वाले अभियंताओं को प्लानिंग, डिजाइन और अनुश्रवण से जोड़कर उनकी दक्षता का लाभ लेंगे।
- हमारे पास करीब 1100 अभियंताओं का कार्यबल है। बैठक में विभाग के अपर मुख्य सचिव मिहिर कुमार सिंह एवं सचिव कार्तिकेय धनजी समेत अन्य वरीय अभियंता मौजूद थे।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से राज्य के विकास के लिए पूरा सहयोग मिल रहा है। गरीब तबके के उत्थान के लिए जो भी जरूरतें होंगी उस पर काम करेंगे। वे बुधवार को यहां संत रविदास जयंती पर आयोजित समारोह को संबोधित कर रहे थे।
जगह-जगह घूमकर लोगों से मिल रहेउन्होंने प्रश्न किया-हम लोगों के सरकार में आने के पहले क्या स्थिति थी? शाम के वक्त लोग घर से बाहर नहीं निकलते थे। अब लोग देर रात तक घूम फिर रहे हैं। अपना कारोबार कर रहे हैं।
अभी हम यात्रा में सभी जगह घूमकर लोगों से मिल रहे हैं। सरकार की योजनाओं का लाभ उन्हें किस प्रकार मिल रहा है, इसके बारे में भी बातचीत कर रहे हैं।
लोगों को आगे बढ़ाने के लिए लगातार काम करते रहेंगेहमने अधिकारियों से कहा है कि जो भी समस्याएं लोग बताते हैं, उसका त्वरित समाधान करें। लोगों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो, इसके लिए हमलोग काम कर रहे हैं। हमलोग वर्ष 2005 से एक साथ मिलकर राज्य का विकास कर रहे हैं।
अटल बिहारी वाजपेयी ने मुझे मुख्यमंत्री बनाया था। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के लोगों को आगे बढ़ाने के लिए लगातार काम करते रहेंगे।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री को विकास मित्र बिट्टू कुमार एवं रजनी कुमारी ने प्रतीक चिह्न एवं अंगवस्त्र भेंटकर स्वागत किया। समारोह में राज्य सरकार के मंत्री संतोष कुमार सुमन, सुनील कुमार, मद्य निषेध, रत्नेश सादा, मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा, विकास आयुक्त प्रत्यय अमृत, शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस सिद्धार्थ मौजूद रहे।
पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, पटना प्रमंडल के आयुक्त मयंक बरबड़े, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के निदेशक श्याम बिहारी मीणा।
बिहार महादलित विकास मिशन के निदेशक गौतम पासवान, पटना के जिलाधिकारी डा. चंद्रशेखर सिंह, वरीय पुलिस अधीक्षक अवकाश कुमार सहित अन्य अधिकारी एवं बड़ी संख्या में विकास मित्र उपस्थित थे।
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Bihar Teacher News: शिक्षकों के ट्रांसफर का इंतजार हुआ खत्म, सामने आया बड़ा अपडेट; इन्हें मिलेगी प्राथमिकता
राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य के प्रारंभिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत जिन एक लाख 90 हजार शिक्षकों ने विशेष समस्या के आधार पर स्थानातंरण हेतु आवेदन किया है, उनके आवेदनों की जांच के लिए संबंधित अफसरों को आवेदन सौंपा गया है।
ये वे अधिकारी हैं, जिन्हें शिक्षा विभाग ने आवेदनों की स्क्रूटनी की जवाबदेही दी है। इसमें कुल 16 अफसर शामिल हैं।
कैंसर रोग पीड़ित शिक्षकों को मिलेगी पहली प्राथमिकता- शिक्षा विभाग के मुताबिक पहले चरण में कैंसर रोग से पीड़ित शिक्षकों के आवेदन संबंधित अफसरों को भेजे गए हैं। आवेदन जांच की पूरी प्रक्रिया को लेकर इन अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया है।
- जांच के बाद ही आवेदनों को संबंधित जिला शिक्षा पदाधिकारियों के पास भेजा जाएगा। सारे कार्य सॉफ्टवेयर के माध्यम से होंगे।
जिला शिक्षा पदाधिकारियों के पास जो सूची जाएगी, उसमें शिक्षकों के नाम की जगह कोड लिखा होगा। अफसरों की टीम चरणवार शिक्षकों के आवेदनों की जांच करेगी। इस टीम द्वारा आवेदन को ओके करने के बाद ही इसे जिलों को भेजा जाएगा।
जिला शिक्षा अधिकारी शिक्षकों को उनके द्वारा दिए गए विकल्प के निकाय और पंचायत के रिक्त पदों के आधार पर विद्यालय आवंटित करेंगे और फिर अपनी अनुशंसा विभाग को भेजेंगे।
हिलसा : शिक्षकों ने लघु नाटक से की अपार कार्ड बनाने की अपीलअपार कार्ड बनाने के लिए विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को जागरूक करने के उद्देश्य से शहर के मध्य विद्यालय मई के बच्चों व शिक्षकों ने लघु नाटक की प्रस्तुति की।
बुधवार को मई गांव में आयोजित इस नाटक के विभिन्न पात्रों के माध्यम से अपार कार्ड क्या है, विद्यार्थियों को क्यों इसे बनवाना चाहिए जैसे सवालों का जवाब बहुत ही सरल तरीके से बताया गया।
शिक्षक अजीत कुमार सिंह ने मन में हमने ठाना है, अपार कार्ड बनवाना है, अपार कार्ड बनवा करके, विद्यार्थियों का भविष्य उज्ज्वल बनाना है।
गीत गाकर अभिभावकों से अपने बच्चों का शैक्षणिक व उपलब्धियों का डिजिटल रिकॉर्ड के रूप में संग्रहण व संरक्षण के लिए अपार कार्ड जरूर बनाने के लिए अपील किया।
इस अवसर पर बीएओ नितेश कुमार रंजन व प्रधानाध्यापक कुमार पंकज ने शत प्रतिशत अपार कार्ड निर्माण पर जोर देते हुए कहा कि यह नाटक सभी बच्चों एवं अभिभावकों के संशय को दूर कर उन्हें अपार कार्ड बनाने के लिए प्रेरित करेगा।
मौके पर शिक्षिका ज्योति कुमारी, छात्रा रिंकू कुमारी, सृष्टि, मौसम, सुप्रिया, पल्लवी, ममता कुमारी, छात्र सन्नी कुमार व अन्य मौजूद थे।
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