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Bihar: बेतिया के निलंबित DEO रजनीकांत के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी, हरकत में आई विजिलेंस टीम
राज्य ब्यूरो, पटना। विशेष निगरानी अदालत ने बेतिया के निलंबित जिला शिक्षा अधिकारी रजनीकांत प्रवीण के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। रजनीकांत को गुरुवार को निगरानी की विशेष अदालत में पेश होना था, परंतु समय निर्धारित रहने के बाद भी वे कोर्ट नहीं पहुंचे। जिसके बाद कोर्ट ने विशेष निगरानी इकाई (एसवीयू) को आरोपित को गिरफ्तार करने के निर्देश दिए।
कोर्ट का आदेश मिलते ही विशेष निगरानी की टीम हरकत में आ गई और आनन-फानन में शिक्षा अधिकारी रजनीकांत को अविलंब गिरफ्तार करने के लिए टीम का गठन किया गया है।
सूत्रों की माने तो रजनीकांत की गिरफ्तारी के लिए पटना के साथ-साथ इनके दूसरे ठिकानों जैसे बेतिया, पूर्णिया, दरभंगा और कोटा के ठिकानों पर विशेष निगरानी की टीम जाएगी।
23 जनवरी को हुई थी छापेमारीरजनीकांत प्रवीण के ठिकानों पर इसी वर्ष 23 जनवरी को विशेष निगरानी की टीम टीम ने छापा मारा था। बेतिया के साथ ही दूसरे कई स्थानों पर हुई छापामारी की कार्रवाई के दौरान विशेष निगरानी टीम ने इनके ठिकानों से करीब 1.87 करोड़ नकद के साथ सोने-चांदी के जेवरात, जमीन में निवेश के दस्तावेज समेत बैंक लॉकर व अन्य चीजें बरामद हुई थी।
रेड के बाद सस्पेंड हुए रजनीकांतइसवीयू की इस कार्रवाई और करोड़ों रुपये बरामद होने के बाद शिक्षा विभाग ने रजनीकांत प्रवीण को तत्काल निलंबित करते हुए उनका मुख्यालय पूर्णिया निर्धारित किया था। फिलहाल विशेष निगरानी इकाई में इनके मामले की सुनवाई चल रही है और आज उन्हें कोर्ट में पेश होना था।
राजस्व कर्मचारी 60 हजार की रिश्वत के साथ निगरानी की गिरफ्त मेंदूसरी ओर, निगरानी अन्वेषण की टीम ने अंचल खैरा जिला जमुई के राजस्व कर्मचारी आशीष कुमार को 60 हजार रुपये की रिश्वत के साथ गिरफ्तार किया है। आशीष कुमार को सुरेंद्र सिंह नामक एक व्यक्ति की शिकायत पर गिरफ्तार किया गया।
निगरानी ब्यूरो को 16 जनवरी को ग्राम सिंगारपुर, थाना खैरा जिला जमुई के रहने वाले सुरेंद्र सिंह ने लिखित रूप से शिकायत दी थी कि राजस्व कर्मचारी आशीष कुमार जमीन का परिमार्जन करने के लिए 70 हजार रुपये की रिश्वत की मांग कर रहा है।
शिकायत मिलने के बाद निगरानी ने इसकी सत्यता जांच कराई। जिसमें यह बात सामने आई कि जमीन परिमार्जन के लिए 60 हजार रुपये की रिश्वत आशीष कुमार की ओर से की गई है। आरोप सही पाए जाने के बाद डीएसपी राजन प्रसाद सिंह के नेतृत्व में ब्यूरो ने एक धावा दल का गठन किया।
बुधवार को राजस्व कर्मचारी जब रिश्वत के 60 हजार रुपये ले रहा था उसी वक्त उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपित की गिरफ्तारी पंचायत भवन खैरा से की गई। अभियुक्त को पूछताछ के बाद भागलपुर की निगरानी कोर्ट में पेश किया जाएगा।
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बिहार को मिली एक और नए एयरपोर्ट की सौगात, 3 महीने में तैयार होगा टर्मिनल; AAI ने दी मंजूरी
राज्य ब्यूरो, पटना। विकसित बिहार के विजन के साथ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) की प्रगति यात्रा हर जिले में पहुंच रही है। यात्रा के तीसरे चरण में मुख्यमंत्री ने पूर्णिया (Purnia) का दौरा किया था और यहां 581 करोड़ रुपये की विभिन्न योजनाओं की घोषणा की थी।
साथ ही पूर्णिया एयरपोर्ट (Purnia Airport) के विकास कार्य की भी समीक्षा की थी। उन्होंने अधिकारियों को काम में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री के इस दौरे के बाद अब भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) ने टर्मिनल बिल्डिंग के निर्माण को मंजूरी दे दी है। जिसके बाद नए एयरपोर्ट का रास्ता साफ हो गया है।
33.99 करोड़ रुपये होगा टर्मिनल का निर्माणएएआई द्वारा जारी टेंडर के अनुसार, कुल 33.99 करोड़ से इस टर्मिनल भवन (Purnia Airport Terminal Building) का निर्माण होगा। यह राशि अनुमानित लागत 44.15 करोड़ से करीब 23 प्रतिशत कम है।
टेंडर प्रक्रिया के तहत पहली बोली 12 सितंबर और दूसरी बोली 27 सितंबर को खोली गई थी। अब फाइनल एजेंसी के चयन की प्रक्रिया अंतिम चरण में है, जिसके बाद कार्य प्रारंभ हो जाएगा।
पूर्णिया एयरपोर्ट से जुड़ी खास बातें भी जानिए- एएआई के आर्किटेक्ट ने पहले ही पूर्णिया एयरपोर्ट का डिजाइन तैयार कर लिया है।
- यह एयरपोर्ट स्टेट ऑफ द आर्ट सुविधाओं से लैस होगा।
- एयरपोर्ट अगले 30-40 वर्षों के यात्री फुटफॉल को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है।
- इस एयरपोर्ट पर कुल पांच एयरोब्रिज बनाए जाएंगे, जिससे यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
पूर्णिया एयरपोर्ट के लिए यह टर्मिनल निर्माण एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ना केवल कोसी और सीमांचल क्षेत्र बल्कि पश्चिम बंगाल, झारखंड और नेपाल के लोगों को सीधी हवाई सुविधा मिलने का रास्ता साफ होगा।
अंतरिम टर्मिनल के पूरा होते ही हवाई यात्रा शुरू करने की प्रक्रिया तेज कर दी जाएगी। जिससे स्थानीय यात्रियों को सुविधा तो मिलेगी ही क्षेत्र के आर्थिक विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
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Bihar: शिक्षा विभाग में सामने आया बड़ा फर्जीवाड़ा, ACS ने सभी DEO को दिया ये 'ऑर्डर'; एक्शन की तैयारी
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार के सरकारी विद्यालयों में संविदा एवं आउटसोर्स पर कार्यरत कर्मियों के निरीक्षण रिपोर्ट संबंधी डाटा फर्जी पाए जाने का मामला सामने आया है। इसे गंभीरता से लेते हुए शिक्षा विभाग ने संबंधित कर्मियों द्वारा विद्यालयों के निरीक्षण कार्य पर पाबंदी लगाने का फैसला किया है और उन सब को निरीक्षण से मुक्त कर दिया गया है।
अब केवल शिक्षा विभाग और बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के अधिकारी ही विद्यालयों में निरीक्षण करेंगे। इस संबंध में विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ ने सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश जारी किया है।
ACS ने अपने निर्देश में क्या कहा?अपर मुख्य सचिव ने अपने निर्देश में कहा है कि विद्यालय निरीक्षण के कार्य को सभी पदाधिकारी गंभीरता से लेंगे एवं किसी भी परिस्थिति में निरीक्षण प्रतिवेदन फर्जी या भ्रामक पाए जाने पर संबंधित पदाधिकारियों पर आवश्यक अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
निर्देश में यह भी कहा गया है कि जिला शिक्षा कार्यालय में कार्यरत संविदा व आउटसोर्स से कार्यरत कर्मियों से प्राप्त निरीक्षण प्रतिवेदन की समीक्षा की गई है। इसमें पाया गया है कि इन कर्मियों द्वारा निरीक्षण प्रतिवेदन में अंकित किए गए डाटा लगभग फर्जी हैं।
जब स्थानीय जांच की गयी तो निरीक्षण प्रतिवेदन और स्थलीय स्थिति में बहुत भिन्नता थी। उनके द्वारा अपने कर्तव्यों के निर्वहन में भी सचेतता एवं संवेदनशीलता की कमी पायी गई है, इसलिए निरीक्षण की गुणवत्ता तथा उपयोगिता बढाने हेतु इस व्यवस्था में बदलाव करने का निर्णय लिया है।
अब संविदा पर नियोजित या आउटसोर्स के माध्यम से नियोजित किसी भी कर्मी के माध्यम से विद्यालयों का निरीक्षण नहीं किया जाएगा। अब सिर्फ शिक्षा विभाग एवं बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के नियमित पदाधिकारी ही विद्यालयों का निरीक्षण करेंगे, जिनमें जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, कार्यक्रम पदाधिकारी, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, अपर जिला कार्यक्रम समन्वयक, सहायक कार्यक्रम पदाधिकारी शामिल होंगे।
विद्यालयों में निरीक्षण पर जाने की सूचना होगी गोपनीय- निर्देश में कहा गया है कि जो अधिकारी विद्यालय निरीक्षण पर जाएंगे, वो संबंधित विद्यालय में जाने की सूचना गोपनीय रखेंगे। जिन विद्यालयों का निरीक्षण किया जाना है उसका चयन प्रत्येक निरीक्षण हेतु निर्धारित दिन अपर मुख्य सचिव द्वारा किया जाएगा।
- इन विद्यालयों की सूचना एक दिन पूर्व रात्रि नौ बजे मोबाइल पर अपर मुख्य सचिव कार्यालय के माध्यम से भेजी जाएगी। सूचना के आधार पर अगले दिन संबंधित पदाधिकारी विद्यालय निरीक्षण के लिए प्रस्थान करेंगे।
निर्देश के मुताबिक विद्यालय निरीक्षण से संबंधित प्रतिवेदन ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य होगा। साथ ही, निरीक्षण के दिन विद्यालय के किसी भी शिक्षक अथवा शिक्षा विभाग के किसी भी पदाधिकारी/कर्मी को बिना बताए वे विद्यालय की ओर प्रस्थान करेंगे और विद्यालय का निरीक्षण करेंगे।
शिक्षा विभाग के सभी कार्यालयों में पदस्थापित सभी पदाधिकारियों एवं कर्मियों को विद्यालय अनुश्रवण की जिम्मेवारी दी गयी है। यदि किसी कारणवश, यथा अस्वस्थता या अन्य कारण से संबंधित पदाधिकारी निरीक्षण नहीं कर पाए तो वे इसकी सूचना अपर मुख्य सचिव कार्यालय में इस व्यवस्था का संचालन करने वाले नोडल पदाधिकारी अनिल कुमार एवं अपर सचिव को सूचित करेंगे।
अपर मुख्य सचिव कार्यालय द्वारा पुन किसी अन्य तिथि को निरीक्षण हेतु कोई अन्य विद्यालय आवंटित किया जाएगा, जिसका वे निरीक्षण करेंगे। सभी पदाधिकारियों को प्रत्येक माह कम से कम 25 विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया जाना है।
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Jitan Ram Manjhi: राजनीतिक संगत से बनती-बिगड़ती मांझी की धार्मिक मान्यताएं, हिंदू धर्म पर उठा चुके हैं सवाल
अरुण अशेष, पटना। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) की धार्मिक मान्यताएं राजनीतिक संगत से बनती-बिगड़ती हैं। अभी एनडीए में हैं। घोर सनातनी बन गए हैं। महाकुंभ (Mahakumbh 2025) में स्नान के बाद उन्होंने कहा- सनातन के खिलाफ किसी को नहीं बोलना चाहिए। महागठबंधन की संगत में थे तो भगवान राम के अस्तित्व पर संदेह हुआ था।
20 मई 2014 से 22 फरवरी 2015 तक रहे तो उस दौरान धर्म को लेकर उनकी मान्यताओं पर कई बार विवाद हुआ। सितंबर 2014 में उनकी एक टिप्पणी पर खूब विवाद हुआ। वह अपने उस समय के कैबिनेट सहयोगी नीतीश मिश्रा के आग्रह पर मधुबनी जिला अंधराठाढ़ी स्थित परमेश्वरीस्थान मंदिर में दर्शन के लिए गए थे।
मांझी ने लगाया गंभीर आरोपदर्शन कर लौटे तो आरोप लगाया कि उनके कारण मंदिर को धोया गया, क्योंकि वे अनुसूचितजाति के हैं। गवाह के रूप में उन्होंने दूसरे कैबिनेट सहयोगी रामलखन राम रमण का नाम लिया, जबकि रमण ने बाद में मीडिया को बताया कि उनकी जानकारी में ऐसी कोई घटना (मंदिर धोने की) नहीं हुई।
मांझी बिना भाजपा के सहयोग के मुख्यमंत्री बने थे। राजद ने उनकी सरकार को रणनीतिक समर्थन दिया था। रणनीति यह कि भाजपा अगर सरकार को अपदस्थ करने का प्रयास करती तो राजद राजद के विधायक समर्थन में हाथ उठा देते। जुलाई 2023 में राजद के सहयोग से नीतीश कुमार की सरकार चल रही थी।
'...हिंदू धर्म में कभी सुधार नहीं हो सकता'उस समय मांझी ने नालंदा जिला के सिलाव में आयोजित एक सभा में कहा था कि जाति और छुआछूत के कारण हिंदू धर्म में कभी सुधार नहीं हो सकता। हम भगवान राम को नहीं मानते हैं। वे भगवान नहीं हैं। काल्पनिक व्यक्ति हैं। उन्होंने बौद्ध धर्म की प्रशंसा की थी।
इसी अवधि में मुसहर-भूंइया सम्मेलन में मांझी ने पुरोहितों पर इतनी अभद्र टिप्पणी की कि उसे मुद्रित नहीं किया जा सकता है। उन्होंने सत्यनारायण कथा का भी मजाक उड़ाया था। वही मांझी सपरिवार महाकुंभ स्नान करने गए। अब सनातन की प्रशंसा कर रहे हैं।
रामजी ने किया बेड़ा पारसाल भर बाद ही भगवान राम के बारे में मांझी की मान्यता बदल गई। 23 मार्च 2024 को वे रामलला का दर्शन करने के लिए सपरिवार अयोध्या पहुंचे थे। गया लोकसभा क्षेत्र से उन्हें एनडीए का उम्मीदवार बनाया गया था। अयोध्या में उन्होंने कहा- रामलला का दर्शन करने के बाद ही नामांकन करने जाएंगे।
गया लोकसभा का चुनाव जीतने के बाद मांझी में बदलाव शुरू होने लगा। लोकसभा चुनाव जीतने का न केवल उनका सपना पूरा हुआ, बल्कि केंद्र में मंत्री भी बन गए। इससे पहले 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव में उन्हें इस सीट पर पराजय का सामना करना पड़ा था। 2014 में तो वे तीसरे नम्बर पर चले गए थे।
अभी उनके पुत्र संतोष कुमार मांझी राज्य में कैबिनेट मंत्री हैं। बहू दीपा मांझी और समधिन ज्योति मांझी विधायक हैं। सदन में पारिवारिक सदस्यों की उपस्थिति के मोर्चे पर वे लालू प्रसाद से थोड़ा पीछे और और स्व. रामविलास पासवान के परिवार से आगे चल रहे हैं।
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Tejashwi Yadav: तेजस्वी यादव ने कर दिया EVM हटाने का वादा, बिहार चुनाव से पहले चला बड़ा दांव
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार के लिए यह साल चुनावी साल है। बिहार में विधानसभा चुनाव को देखते हुए सभी पार्टियां अपनी तैयारी तेज कर दी हैं। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एक्स पर पोस्ट किया कि जब केंद्र में हमारी सरकार बनेगी तो हम जीतने के बावजूद ईवीएम को हटाएंगे।
उन्होंने आगे लिखा कि चुनाव आयोग विपक्ष के प्रश्नों, शंकाओं और शिकायतों के समाधान करने में विफल रहा है। रेफरी-अंपायर तो छोड़िए, चुनाव आयोग अब दर्शक भी नहीं रहा। वह भाजपा का चीयर्स-लीडर बन चुका है।
कैंसर बनता जा रहा है चुनाव आयोगलोकतंत्र और संविधान के लिए चुनाव आयोग कैंसर बनता जा रहा है। उन्होंने आगे लिखा है कि 2020 के विधानसभा चुनाव परिणाम के दिन निर्वाचन आयोग ने एक दिन में तीन प्रेस कान्फ्रेंस की थी। पांच घंटों तक मतगणना रुकवा दी थी। रात के दो बजे तक परिणाम की घोषणा हुई थी। ईवीएम पर लोगों को संदेह रहता है।
इसके अलावा ब्योरा जारी कर उन्होंने अपराध नियंत्रण में बिहार सरकार को विफल बताया है। उन्होंने जनवरी में हुई आपराधिक घटनाओं का क्रमवार उल्लेख किया है। उन्होंने ऐसी घटनाओं की संख्या 137 बताई है।
पोस्ट पर खून की दो बूंदों को दर्शाते हुए प्रतीक-चिह्न भी है। वे लिखते हैं कि बिहार में पांच पार्टियों के सौजन्य से राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन की सरकार चल रही। आपराधिक घटनाओं के परिप्रेक्ष्य में सरकार के लिए उन्होंने एक संज्ञा का उपयोग भी किया है।
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Bihar Politics: 'कांग्रेस को रेस के लिए तैयार घोड़ों की जरूरत', सांसद तारिक अनवर ने अपनी ही पार्टी को दे दी नसीहत
राज्य ब्यूरो, पटना। चुनावों में कांग्रेस के लगातार खराब प्रदर्शन के बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता और सांसद तारिक अनवर लगातार आवाज उठा रहे हैं और बिना किसी का नाम लिए वे अपनी बात सोशल मीडिया पर उठा रहे हैं।
अब तारिक ने एक्स पर लिखा है कि अभी कांग्रेस को रेस के लिए तैयार घोड़ों की जरूरत है। उनका इशारा पार्टी में वैसे लोगों को आगे लाने पर है जो उर्जावान और मेहनती होने के साथ पार्टी को आगे ले जाने का दमखम रखते हों।
सांसद तारिक अनवर ने बुधवार को अपने एक्स पर लिखा कि राहुल गांधी ने एक मौके पर बड़ी माकूल बात कही थी। घोड़े दो प्रकार के होते हैं। एक बारात के लिए और दूसरे रेस के लिए। अभी कांग्रेस को रेस के लिए तैयार घोड़े की जरूरत है, जो पार्टी को मजबूती तथा गति प्रदान कर सकें।
यह पहला मौका नहीं है जब तारिक अनवर ने इंटरनेट मीडिया पर इस प्रकार की बात लिखी है। इसके पूर्व भी उन्होंने दिल्ली चुनाव परिणाम आने के चंद दिनों बाद एक्स पर पार्टी नेतृत्व से रूख स्पष्ट करने की मांग की थी।
तारिक अनवर ने कहा था कि कांग्रेस को अपनी राजनीतिक रणनीति स्पष्ट करने की जरूरत है। उन्हें तय करना होगा कि वे गठबंधन के साथ रहेंगे या फिर अकेले चलेंगे। उन्होंने पार्टी के संगठन में मूलभूत परिवर्तन पर भी जोर दिया और कहा कि यह परिवर्तन जरूरी हो गया है।
बेगूसराय जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव बने कुमार गौरव राजूवहीं दूसरी ओर अखिल भारतीय प्रियंका गांधी संगठन के राष्ट्रीय सचिव सह प्रभारी बिहार प्रदेश प्रियंका गांधी संगठन ने बेगूसराय जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव पद पर कुमार गौरव राजू का मनोनयन किया है।
इनका मनोनयन अखिल भारतीय प्रियंका गांधी संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलजीत सिंह ने की है। इनके मनोनयन पर बेगूसराय जिला के कांग्रेसियों में खुशी है।
कांग्रेस जनों ने कुमार गौरव राजू के साथ-साथ संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलजीत सिंह, कार्यकारी अध्यक्ष जुगल किशोर उपाध्याय, संगठन के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल चौधरी को बधाई दी।
बधाई देने वालों में बेगूसराय जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अभय कुमार सिंह सार्जन, उपाध्यक्ष सुबोध प्रसाद सिंह, लखन पासवान, मुरलीधर मुरारी, उमेश प्रसाद सिंह, जयप्रकाश गुप्ता, रामानुज कुमर, राकेश सिंह, ब्रजेश कुमार प्रिंस, अजीत कुमार सिंह, सुरेंद्र शाह, राजेंद्र पासवान, मो. शौकत, मोहित सिंह आदि ने कुमार गौरव राजू के मनोनयन पर खुशी जाहिर की है।
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Bihar Exam 2025: 10 से 20 मार्च तक होगी कक्षा 1 से 8वीं तक की वार्षिक परीक्षा, देखें एग्जाम शेड्यूल
जागरण संवाददाता, पटना। बिहार शिक्षा परियोजना परिषद ने सरकारी स्कूलों के लिए (शैक्षणिक सत्र- 2024-25) कक्षा एक से आठ तक के लिए वार्षिक मूल्यांकन सह परीक्षा तिथि जारी कर दी है। परीक्षा 10 से 20 मार्च के बीच दो पालियों में आयोजित होगी। पहली पाली की परीक्षा सुबह 10 से दोपहर 12 बजे और दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर एक से तीन बजे तक होगी।
वर्ग एक एवं दो के बच्चों के वार्षिक मूल्यांकन का स्वरूप पूर्व की तरह मौखिक रहेगा। वहीं, वर्ग एक से आठ तक के बच्चों का लिखित मूल्यांकन प्रश्न पत्र-सह-उत्तर पुस्तिका के माध्यम से होगा।
जारी निर्देश में कहा गया है कि वर्ग तीन से आठ तक के बच्चों की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच स्कूल के नजदीक रिसोर्स सेंटर या संकुल स्तर पर की जाएगी। वर्ग एक और दो के बच्चों का मूल्यांकन मूल विद्यालय में किया जाएगा। उत्तर पुस्तिकाओं की जांच 20 से 26 मार्च तक हर हाल में पूरी कर लेनी है।
घर ले जा सकेंगे उत्तर पुस्तिकाप्रगति रिपोर्ट (परिणाम) प्रारंभिक एवं मध्य विद्यालयों में शिक्षक-अभिभावक बैठक में साझा की जाएगी। मूल्यांकित प्रश्न- सह- उत्तर पुस्तिका बच्चे घर ले जा सकेंगे। अभिभावकों को दिखाकर उत्तर पुस्तिका फिर बच्चों से प्राप्त करना होगा। शिक्षक यह सुनिश्चित करेंगे उत्तर पुस्तिका प्राप्त करते समय उस पर अभिभावक के हस्ताक्षर होने चाहिए।
अब CBSE 10वीं व 12वीं की परीक्षा साल में दो बारकेंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) शैक्षणिक सत्र 2025-26 से कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं साल में दो बार आयोजित करेगा। सीबीएसई ने परीक्षाओं के पैटर्न में बदलाव का फैसला किया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के तहत विद्यार्थियों का तनाव दूर करने के मकसद से इसे तैयार किया गया है। साल में दो बार बोर्ड परीक्षा का मसौदा सुझावों के लिए 24 फरवरी को सार्वजनिक किया जाएगा।
इसमें अभिभावकों, शिक्षकों, छात्रों, शिक्षाविदों से सुझाव मांग जाएगा। मिले सुझावों पर आगे की रूपरेखा तैयार की जाएगी। सीबीएसइ बोर्ड का अप्रैल में नया सत्र प्रारंभ होगा। इसी दौरान सीबीएसई द्वारा साल में दो बार 10 वीं और 12 वीं परीक्षा आयोजित करने के लिए अधिसूचना जारी कर सकता है।
सीबीएसई ने कहा है कि विद्यार्थियों के लिए तनाव मुक्त शिक्षण वातावरण बनाने की पहल है। इस पहल के अनुसार केंद्रीय शिक्षा मंत्री सोमवार को सीबीएसई ने साल में दो बार बोर्ड परीक्षा आयोजित कराने का प्रेजेंटेशन दिया था।
शिक्षा मंत्री ने एक्स पर लिखा -छात्रों के लिए तनाव मुक्त शैक्षणिक वातावरण बनाना सरकार महत्वपूर्ण फैसलाशिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने एक्स पर लिखा है कि छात्रों के लिए तनाव मुक्त शिक्षण वातावरण बनाना सरकार का एक महत्वपूर्ण फोकस रहा है। परीक्षा सुधार और सुधार इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसे एक कदम आगे बढ़ाते हुए, वर्ष में दो बार सीबीएसई परीक्षा आयोजित करने पर सचिव स्कूल शिक्षा, सीबीएसई अध्यक्ष और मंत्रालय और सीबीएसई के अन्य अधिकारियों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। इन विचार-विमर्शों की मसौदा योजना जल्द ही सीबीएसई द्वारा सार्वजनिक परामर्श के लिए रखी जाएगी। यह सुधार एनईपी के प्रमुख प्रावधानों के कार्यान्वयन की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है और यह छात्रों के बीच परीक्षा संबंधी तनाव को कम करने में मदद करेगा।
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Bihar Weather Today: बिहार के 5 जिलों के लोग रहें सावधान, मौसम विभाग के अनुमान ने बढ़ाई टेंशन
जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Weather News: बिहार के मौसम में एक बार फिर से बदलाव होने के आसार हैं। इस दौरान लोगों से सावधान रहने की अपील की गई है। खासकर किसानों के लिए अलर्ट जारी किया है। किसानों को खुले में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
आज इन 5 जिलों में गुरुवार को बारिश के आसारगुरुवार को भागलपुर, बांका, जमुई, मुंगेर, खगड़िया के एक या दो स्थानों पर हल्की वर्षा व बांका और भागलपुर में मेघ गर्जन व वज्रपात को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। पटना सहित दक्षिणी भागों में बादलों की आवाजाही बने होने से मौसम सामान्य रहेगा।
रविवार को को इन 6 जिलों में बारिश के आसारमौसम विभाग ने रविवार को पूर्वी भागों के अधिसंख्य जिलों के साथ गया, नालंदा, शेखपुरा, नवादा, बेगूसराय, लखीसराय जिले के एक या दो स्थानों पर गरज-तड़क के साथ हल्की वर्षा होने की संभावना जताई है।
48 घंटों के बाद न्यूनतम तापमान में एक से तीन डिग्री की गिरावट जबकि अधिकतम तापमान में तीन से चार दिनों के दौरान विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है। 22 फरवरी को पटना सहित दक्षिण मध्य भागों के कुछ स्थानों पर हल्की वर्षा की संभावना है। एक चक्रवातीय परिसंचरण का क्षेत्र उत्तर पूर्व आसाम के आसपास बने होने से मौसम में बदलाव के आसार है।
बुधवार को तापमान में वृद्धि दर्ज की गईबुधवार को छपरा, भोजपुर, बक्सर, डेहरी व किशनगंज को छोड़ कर पटना सहित शेष जिलों के तापमान में वृद्धि दर्ज की गई। पटना का अधिकतम तापमान 29.4 डिग्री सेल्सियस व 31.7 डिग्री सेल्सियस के खगड़िया में सर्वाधिक अधिकतम तापमान दर्ज किया गया।
पटना का न्यूनतम तापमान 17.5 डिग्री सेल्सियस व 10.5 डिग्री सेल्सियस के साथ सहरसा के अगवानपुर में सबसे कम न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। पटना व आसपास इलाकों में बुधवार को आंशिक रूप से बादल छाए रहने के साथ मौसम सामान्य बना रहा।
'अगर किसी को पेट में दर्द हो रहा...', कुंभ में स्नान के बाद मांझी का बयान, मोदी-योगी का भी लिया नाम
राज्य ब्यूरो, पटना। केंद्रीय लघु, सूक्ष्म एवं मध्यम उद्योग मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा की सनातन धर्म में सबका सम्मान है। मैं अपने पूरे परिवार के साथ आया और आम जन के साथ स्नान किया। सनातन धर्म के खिलाफ किसी को नहीं बोलना चाहिए।
उन्होंने कहा, मोदी-योगी के नेतृत्व में दिव्य महाकुंभ का आयोजन हुआ है। वे बुधवार को कुंभ मेला क्षेत्र स्थित नेताजी सेवा संस्थान के शिविर में युवा चेतना द्वारा आयोजित बौद्धिक सभा को संबोधित कर रहे थे।
वहीं, जीतन राम मांझी ने एक्स पर संगम में स्नान के बाद तस्वीरें शेयर की और लालू प्रसाद यादव एवं ममता बनर्जी पर तंज कसा।
उन्होंने लिखा, "लिजिए भाई हमने भी कुंभ स्नान कर लिया। अब यदि किसी को पेट में दर्द हो रहा होगा तो हम उनका कुछ नहीं कर सकते। वैसे लालू प्रसाद जी एवं ममता दीदी को कुछ ज्यादा ही समस्या होगी।"
प्रयागराज कुंभ मेला क्षेत्र में युवा चेतना के राष्ट्रीय संयोजक श्री रोहित कुमार सिंह जी द्वारा आयोजित बौद्धिक सत्र को संबोधित किया साथ ही परिसर में आए साधु-संतों का आशीर्वाद लिया।
साथ ही पूज्य स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी जी का मार्गदर्शन पूरे परिवार के साथ प्राप्त किया।… pic.twitter.com/HK9CaYUGaG
— Jitan Ram Manjhi (@jitanrmanjhi) February 19, 2025'जिन लोगों को संतों से घृणा थी...'वहीं, स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने कहा की 2014 के बाद सनातन का सम्मान और बढ़ा है, जिन लोगों को संतों से घृणा थी अब वह भी कुर्ता पर जनेऊ पहनकर घूम रहे हैं। सनातन के खिलाफ बोलकर भारत में कोई रह नहीं सकता है।
अध्यक्षता करते हुए युवा चेतना के राष्ट्रीय संयोजक रोहित कुमार सिंह ने कहा कि सनातन धर्म हमे सेवा का मार्ग दिखाता है। उसी पर चलकर हम भारत माता के वैभव के वृद्धि के लिए काम कर रहे हैं।
महाकुंभ पर टिप्पणी करने वाले भारत की अस्मिता का मजाक उड़ा रहे : विजय सिन्हाउपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने महाकुंभ की व्यवस्था को लेकर विपक्षी दलों द्वारा उठाए जा रहे सवालों को निराधार बताते हुए कहा कि महाकुंभ पर अशोभनीय टिप्पणियां वही लोग कर रहे हैं जिनका इतिहास ही सनातन संस्कृति के तिरस्कार पर आधारित है।
उन्होंने कहा कि बंगाल में सनातन की संतानों को हत्या, बलात्कार और लूटपाट के जरिए पीड़ित करते हैं। सनातन के अपमान से जिनका दामन रंगा है आज वही महाकुंभ को 'फालतू' और 'मृत्युकुंभ' कहकर अपमानित कर रहे हैं।
सिन्हा ने कहा कि महाकुंभ की अपार सफलता इसी बात से साबित होती है कि बीते 35 दिनों में देश और दुनिया के करीब 56 करोड़ लोग अबतक 'आस्था की डुबकी' लगा चुके हैं। आर्थिक पैमाने पर भी अगर बात की जाए तो योगी की यूपी सरकार ने 7500 करोड़ रुपये व्यवस्था में खर्च किए और करीब 2 लाख करोड़ रुपये का अनुमानित व्यापार वहां हुआ है।
सिन्हा ने कहा कि हमारी संस्कृति और विरासत हमारी पहचान का मूल आधार है। सदियों से इसी सांस्कृतिक एकता के कारण हम अपनी विविधताओं के बीच एक रहे हैं। बीते एक दशक में अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण, काशी विश्वनाथ, महाकाल मंदिर (उज्जैन) और केदारनाथ मंदिर का नवीनीकरण हुआ।
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BPSC 70th Exam Row: प्रदर्शन के बीच बीपीएससी ने कर दी बड़ी घोषणा, मेन एग्जाम को लेकर जारी हुआ नया नोटिफिकेशन
जागरण संवाददाता, पटना। बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) 70वीं संयुक्त मुख्य परीक्षा 25 से 30 अप्रैल तक आयोजित करेगा। मुख्य परीक्षा पटना के विभिन्न केंद्रों पर होगी।
प्रारंभिक परीक्षा में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को मुख्य परीक्षा में शामिल होने के लिए आवेदन करना होगा, इसके लिए लिंक 21 फरवरी 17 मार्च तक आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध होगा।
आयोग ने मुख्य परीक्षा की अधिसूचना बुधवार को जारी कर दी है। 2035 पदों के लिए प्रारंभिक परीक्षा 13 दिसंबर और चार जनवरी को आयोजित की गई थी।
प्रारंभिक परीक्षा में शामिल होने के लिए चार लाख 83 हजार अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। तीन लाख 28 हजार 990 परीक्षा में शामिल हुए थे, जिसमें 21 हजार 585 अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा में शामिल होने के लिए क्वालीफाई घोषित किए गए हैं।
पहले दिन होगा सामान्य हिंदी का पत्र- मुख्य परीक्षा 25 अप्रैल से प्रारंभ होगी। पहले दिन पहली पाली में सुबह 9:30 से दोपहर 12:30 बजे तक सामान्य हिंदी व दूसरी पाली में दोपहर 2:00 से शाम 5:00 बजे निंबध का पेपर होगा।
- 26 को एकल पाली में सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक सामान्य अध्ययन प्रथम पत्र, 28 को सामान्य अध्ययन द्वितीय पत्र तथा 29 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे से 12:00 बजे तक।
- एकीकृत 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा से संंबंधित विषय तथा दूसरी पाली में दोपहर 2:00 बजे से 5:00 बजे तक बाल विकास परियोजना पदाधिकारी से संबंधित ऐच्छिक विषय की परीक्षा होगी।
- 30 अप्रैल को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक वित्तीय प्रशासनिक पदाधिकारी से संबंधित ऐच्छिक पत्र की परीक्षा होगी।
बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की 70वीं प्रारंभिक परीक्षा (पीटी) को रद कराने की मांग के समर्थन में अभ्यर्थियों ने सोमवार को जमकर प्रदर्शन किया।
गर्दनीबाग धरनास्थल पर पहुंचे काफी संख्या में अभ्यर्थियों ने केंद्र सरकार से मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की। कहा कि 70वीं पीटी में बापू सभागार परीक्षा केंद्र पर व्यापक पैमाने पर धांधली हुआ है, इसका असर सभी परीक्षा केंद्रों पर पड़ा है। ऐसे में सभी केंद्रों की परीक्षा रद कर परीक्षा कराई जाएं।
अभ्यर्थियों के समर्थन में खान व गुरु रहमान भी पहुंचे। गुरु रहमान ने कहा कि पीटी परीक्षा में गड़बड़ी हुई है। ऐसे में परीक्षा को निष्पक्ष तरीके से दूसरे चेयरमैन की अध्यक्षता में कराई जाएं। अभ्यर्थियों की मांग जायज है।
सभी अभ्यर्थी काफी दिनों से आंदोलनरत है, लेकिन सरकार शांत बैठी है। खान सर ने कहा कि हमारे पास पर्याप्त सबूत है, न्यायालय में भी गए है, सरकार को दोबारा परीक्षा लेनी होगी। उन्होंने प्रधानमंत्री से भी मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की।
जारी रहेगा यह आंदोलनगुरु रहमान व खान सर ने कहा कि अभ्यर्थियों का यह आंदोलन लगातार जारी रहेगी। मंगलवार को सड़क पर और अधिक संख्या में अभ्यर्थी उमड़ेंगे।
खान सर ने कहा कि काफी सबूत है, पुर्नपरीक्षा के बाद पता चला है कि कई समाहरणालय के ट्रेजरी में प्रश्न पत्र नहीं पाएं गए है। सरकार को मामले में संज्ञान लेकर अविलंब पुर्न परीक्षा लेनी चाहिए।
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राज्य ब्यूरो, पटना। जन सुराज पार्टी (जसुपा) के सूत्रधार प्रशांत किशोर (पीके) ने बुधवार को बयान जारी कर लाठी का उत्तर वोट से देने की अपील की।
पिछले महीनों मेंं बिहार में हुए लाठीचार्ज और भाजपा नेताओं के मौजूदा रुख को लेकर उन्होंने कटाक्ष किया। कहा कि तब नरेन्द्र मोदी ने एक शब्द नहीं बोला।
उन्होंने कहा कि जब बिहार के लड़कों पर लाठी चली, तब भी भाजपा कोई नेता कुछ नहीं बोला। यह लाठी अगर गुजरात में चल गई होती, तब देखते कि दिल्ली में कैसे लोग करवट बदलते! बिहार के दुख-दर्द से किसी का वास्ता नहीं। इसलिए इस बार वोट चार्ज करने की बारी है।
प्रशांत किशोर ने आगे कहा कि बिहार में लाठी चलती है तो सरकार पूछती है कि अच्छा, लाठी चली है, पता करवाते हैं। कभी प्रदर्शन कर रहे भाजपा नेताओं-सांसदों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया। वे आज सत्ता के मोह में सरकार का गुणगान कर रहे।
जन सुराज के प्रखंड स्तरीय कमेटी का गठन- रफीगंज (औरंगाबाद) शहर में जन सुराज पाटी की बैठक कर प्रखंड स्तरीय कमेटी का गठन किया गया। अध्यक्षता पार्टी के महासचिव तजमुल्ल खां ने किया।
- जन सुराज पार्टी के जिलाध्यक्ष बृजमोहन सिंह, प्रदेश कार्यकारिणी आरिफ रजा अंसारी, अभिराम शर्मा, शगुफ्ता यास्मीन ने जन सुराज पार्टी के नियमों को विस्तार से चर्चा किया। बिहार में बदलाव चाहिए।
- जन सुराज एक विकल्प है। चाचा-भतीजा की सरकार से लोग उब चुकी है। जय बिहार-जय जय बिहार का नारे लगाए। जिलाध्यक्ष बृजमोहन सिंह ने प्रखंड स्तरीय कमेटी की घोषणा की।
बुधवार को हिलसा अवस्थित जन सुराज पार्टी के अनुमंडल कार्यालय में हिलसा प्रखंड की कमेटी गठित करने को लेकर बैठक हुई।
इसकी अध्यक्षता जन सुराज पार्टी के राज्य कोर समिति सदस्य एवं पूर्व विधायक कृष्णदेव सिंह यादव ने की। बैठक में सैकड़ों लोगों की उपस्थिति में 17 सदस्यीय हिलसा प्रखंड समिति की घोषणा की गई।
पूर्व विधायक कृष्णदेव सिंह यादव ने बताया कि रिटायर्ड प्रोफेसर विजय कुमार यादव को सर्वसम्मति से हिलसा प्रखंड अध्यक्ष का चुना गया है।
संगठन का महासचिव भरत कुमार को बनाया गया है। उपाध्यक्ष पद के लिए आठ लोगों को चुना गया है, जिसमें पप्पू सिंह, मोहम्मद अलाउद्दीन, महेश कुमार पांडे, दुलारचंद यादव, गीता देवी, संजय भदानी, वीरेंद्र प्रसाद एवं करुणा निधान केशव शामिल हैं।
पार्टी के किसान प्रकोष्ठ के अध्यक्ष ब्रजेश कुमार बनाए गए हैं। वहीं मधु पुष्प को पार्टी का उपाध्यक्ष सह मुख्य प्रवक्ता बनाया गया है। उनके साथ धीरेन्द्र सिंह एवं सगीना पासवान को प्रवक्ता की जिम्मेदारी दी गई है।
खुश्बू कुमारी पटेल महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष बनी हैं। जितेंद्र रविदास को युवा प्रकोष्ठ का अध्यक्ष एवं श्याम किशोर पासवान को प्रखंड अभियान समिति का संयोजक बनाया गया है।
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PM Internship Scheme: बिहार को मिलीं 2308 सीटें, हर महीने मिलेंगे 5000 रुपये; यहां करें आवेदन
राज्य ब्यूरो, पटना। पीएम इंटर्नशिप योजना (PM Internship Yojana Bihar) के अंतर्गत 10वीं, 12वीं और स्नातक उत्तीर्ण युवाओंं-युवतियों के लिए इंटर्नशिप का शानदार अवसर है। इस योजना में बिहार के लिए 2308 सीटें निर्धारित हैं। यह अंतिम संख्या नहीं है। अगर आवेदनों की संख्या अधिक हुई तो इंटर्नशिप के लिए भी संख्या बढ़ा दी जाएगी।
यह सरकार की व्यवस्था है और चयनित अभ्यर्थियोंं को देश की बड़ी निजी कंपनियों में इंटर्नशिप का अवसर मिलेगा। उस दौरान उन्हें पांच हजार रुपये मासिक की वृत्ति भी मिलेगी। हालांकि, पहले माह यह राशि छह हजार रुपये होगी। अभ्यर्थियों को उद्योग-व्यापार के अलग-अलग क्षेत्र में 12 माह तक सीखने-समझने का अवसर मिलेगा।
यह अवसर इस उद्देश्य से दिया जा रहा, ताकि नई पीढ़ी रोजगार के योग्य हो सके। इस योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार ने एक करोड़ युवाओं को इंटर्नशिप देने का लक्ष्य निर्धारित किया है। संबंधित राज्य के प्रत्येक जिले के लिए सीट की संख्या निर्धारित है। बिहार की एक तिहाई सीटें पटना जिला के लिए निर्धारित हैं।
आवेदन और पात्रता:- 21 से 24 वर्ष के योग्य अभ्यर्थी वेबसाइट (pminternship.mca.gov.in) पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए पटना के रजिस्ट्रार ऑफ कंपनी को नोडल एजेंसी बनाया गया है।
- चयनित अभ्यर्थियों को इंटर्नशिप के दौरान प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत बीमा कवर भी मिलेगा।
- जिन परिवारों की वार्षिक आय आठ लाख रुपये से अधिक है, उनके सदस्य इस योजना का लाभ नहीं ले सकते। प्रोफेशनल डिग्रीधारी (बीटेक, एमबीए, सीए आदि) भी इसके पात्र नहीं हैं।
बिहार के ग्राम कचहरियों में नियुक्ति के लिए चयनित 1583 सचिवों की मेरिट लिस्ट जारी कर दी गई है। अब अभ्यर्थियों से पांच मार्च तक आनलाइन आपत्ति की मांग की गई है। चयनित अभ्यर्थियों के लिए पंचायती राज विभाग के आधिकारिक वेबसाइट पर ग्रीवांस पोर्टल खोल दिया गया है, जिसके माध्यम से दावा-आपत्ति कर सकते हैं।
दावा-आपत्ति के निबटारे के बाद अंतिम रूप से चयनित अभ्यर्थियों को काउंसलिंग के लिए बुलाया जाएगा। विभिन्न जिलों में ग्राम कचहरी सचिव के नियोजन को लेकर 16 जनवरी से 29 जनवरी तक ऑनलाइन आवेदन पत्रों की मांग की गई थी। उसके आधार पर सभी जिलों में जिलावार मेरिट लिस्ट तैयार की गई है।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि आवेदक स्वयं आपत्ति दे सकते हैं। आवेदक अन्य आवेदक के विरुद्ध भी आपत्ति दे सकते हैं। आमजन भी किसी आवेदक के विरुद्ध किसी प्रकार की आपत्ति है तो उसके दे सकते हैं। हर अभ्यर्थी को नोटरी के द्वारा अभिप्रमाणित शपथपत्र फार्म के साथ अपलोड करना अनिवार्य है।
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Bihar: नोट कर लें तारीख! 31 मार्च के बाद शिक्षा विभाग में होगा बड़ा बदलाव, ACS ने लिख दिया लेटर
राज्य ब्यूरो, पटना। 31 मार्च के बाद बिहार के सभी जिलों में शिक्षा विभाग के विकास कार्यों की कमान बिहार राज्य शैक्षणिक आधारभूत संरचना विकास निगम (BSEIDC) के अधीन होगी। जिला शिक्षा अधिकारियों के जिम्मे केवल विद्यालयों में शैक्षणिक सुधार कार्य करना होगा।
इस संबंध में शिक्षा विभाग की ओर से बुधवार को सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश जारी किया गया है। विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ ने संबंध में पत्र भी जारी किया है।
एसीएस ने अपने लेटर में क्या लिखा?उनके लिखे पत्र के मुताबिक, विकास कार्यों के निरीक्षण एवं समीक्षा के क्रम में यह पाया गया है कि शिक्षा विभाग के विभिन्न प्रकार के विकास कार्यों का क्रियान्वयन अनेक एजेंसी करा रही है, जिसमें बिहार राज्य शिक्षा परियोजना, बिहार राज्य शैक्षणिक आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड, स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग, जिला परिषद, भवन निर्माण विभाग, जिला शिक्षा पदाधिकारी और प्रधानाध्यापक आदि द्वारा कराये जा रहे विकासात्मक कार्य शामिल हैं।
ई-शिक्षा कोष पर अपलोड किए गए आंकड़ों की समीक्षा में क्रम में यह पाया गया है कि जिला स्तर पर असैनिक कार्यों का क्रियान्वयन किए जाने के कारण जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी तथा प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी जिला के विद्यालयों के शैक्षणिक कार्यों के अनुश्रवण में पर्याप्त समय नहीं देते हैं।
इस कारण से शिक्षा विभाग द्वारा क्रियान्वित की जा रही योजनाओं के समरूप एवं समेकित रूप से गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन में कठिनाई हो रही है।
विकास कार्यों में कहां आ रही अड़चन?पत्र के मुताबिक, वर्तमान में जिलास्तरीय कमेटी के माध्यम से जिला स्तर पर विकास कार्यों को क्रियान्वित करने के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी अधिकत्तम 50 लाख तक की योजना ले सकते हैं। ऐसी स्थति में एक ही विद्यालय परिसर की अनेक योजनाएं 50 लाख की सीमा के अंदर सीमित कर क्रियान्वित की जा रही है।
इस कारण एक विद्यालय का समेकित विकास नहीं हो पा रहा है और साथ ही साथ एक ही परिसर में अनेक संवेदक कार्यरत हैं। चयनित योजनाओं की संख्या में भी अप्रत्याशित वृद्धि हो गई है तथा योजनाओं की गुणवत्ता के अनुश्रवण में कठिनाई हो रही है।
वर्तमान में बिहार राज्य शैक्षणिक आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड केवल 50 लाख से अधिक राशि की योजना के क्रियान्वयन के लिए प्राधिकृत है, जबकि इस निगम का गठन शिक्षा विभाग के सभी प्रकार के विकास कार्यों को करवाने के लिए किया गया है।
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Bihar Election 2025: कुर्मी वोटरों को लुभाने के लिए BJP ने चला नया दांव, चौंक गई नीतीश कुमार की पार्टी
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार में इस साल विधानसभा चुनाव (Bihar Election 2025) होने हैं। चुनाव में अभी कई महीनों का समय बाकी है, लेकिन राजनीतिक दलों की सोशल इंजीनियरिंग शुरू हो गई है। एनडीए के दूसरे घटक दलों के आधार वोटों पर भी अपनी पकड़ मजबूत करने की मुहिम में भाजपा जुट गई है। राज्य में प्राय: सभी राजनीतिक दलों के प्रतिबद्ध वोटर हैं। ये जाति आधारित हैं।
जदयू की पकड़ अति पिछड़ों पर है। गैर-यादव पिछड़ी जातियों में कुशवाहा और कुर्मी पर भी जदयू की अच्छी पकड़ रही है। 2015 से पहले के चुनावों में जदयू के साथ रहने पर भाजपा अति पिछड़ा और कुर्मी जाति के वोटरों को लेकर निश्चिंत रहती थी।
2015 में झटका मिलने के बाद सतर्क हुई भाजपाजदयू साथ है तो इन जातियों का वोट मिल ही जाएगा, लेकिन 2015 के विधानसभा चुनाव में झटका खाने के बाद से भाजपा सतर्क होकर अपना विस्तार करने में जुट गई। राजद के माय समीकरण के एक हिस्सा यादवों पर उसने ध्यान दिया।
शंभू और भीम को राज्यसभा भेजकर दिया संदेशदूसरी तरफ, जदयू और एनडीए के दूसरे घटक दलों पर निर्भरता कम करने के प्रयास में भी वह जुट गई। दो साल के भीतर अति पिछड़ी जातियों के दो नेताओं- शंभू सिंह पटेल और भीम सिंह को राज्यसभा में भेज कर संदेश दिया कि वह भी इस वर्ग की हितैषी है।
कुशवाहा बिरादरी के सम्राट चौधरी उप मुख्यमंत्री हैं, लेकिन भाजपा ने कभी जदयू के एकाधिकार वाले कुर्मी वोटरों को जाेड़ने के लिए विशेष प्रबंध नहीं किया।
भाजपा विधायक ने कुर्मी एकता रैली से जदयू को चौंकायाभाजपा विधायक कृष्ण कुमार मंटू ने बुधवार को पटना में कुर्मी एकता रैली का आयोजन कर जदयू को चौंका दिया है। मंटू 2010 में सारण जिले के अमनौर से जदयू के विधायक थे। 2015 में भाजपा के शत्रुघ्न तिवारी से हारे। 2020 में भाजपा उम्मीदवार बन कर विधायक बने।
कुर्मी एकता रैली का आयोजन छत्रपति शिवाजी महाराज की जन्म तिथि पर किया गया था, लेकिन माना यही जा रहा है कि यह कुर्मी वोटरों के बीच पैठ बनाने की भाजपा की स्वतंत्र पहल है। वैसे रैली में अन्य दलों के प्रतिनिधि भी शामिल हुए, लेकिन केंद्र में भाजपा विधायक मंटू ही रहे।
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Maha Shivaratri 2025: महाशिवरात्रि पर 60 साल बाद बन रहा खास संयोग, एक क्लिक में जानें पूजा का सही समय
जागरण संवाददाता, पटना। शिव-शक्ति के मिलन का महापर्व शिवरात्रि (Maha Shivratri 2025) फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी में 26 फरवरी बुधवार को मनाया जाएगा। इस दिन श्रवण व धनिष्ठा नक्षत्र का युग्म संयोग, परिघ योग एवं शिव योग के विशेष संयोग के साथ मकर राशि के चन्द्रमा की उपस्थिति रहेगी।
महाशिवरात्रि पर वर्ष 1965 के बाद सूर्य, बुध व शनि ये तीनों ग्रह के कुंभ राशि में विद्यमान होने से त्रिग्रही योग का संयोग बन रहा है। सात साल बाद बुधवार के दिन का संयोग रहेगा।
करीब 31 वर्ष बाद महाशिवरात्रि पर बुधादित्य योग भी रहेगा। ग्रहों-गोचरों का यह संयोग आध्यात्मिक उन्नति और प्रतिष्ठा में वृद्धि प्रदान करेगा।
पंडित जी ने क्या बताया?ज्योतिषाचार्य पंडित राकेश झा ने बताया कि महाशिवरात्रि के दिन शुभ संयोग व शुभ मुहूर्त में भगवान शिव के साथ माता पार्वती की पूजा-आराधना करने से श्रद्धालुओं की मनोवांछित कामना की प्राप्ति होगी। महादेव की पूजा यथा श्रद्धा, यथा प्रहर, यथा स्थिति व यथा उपचार के अनुसार करना चाहिए।
चार प्रहर की साधना से जातक को धन, यश, प्रतिष्ठा और समृद्धि प्राप्त होती है। सूर्य व शनि पिता-पुत्र है और सूर्य शनि की राशि कुंभ में रहेंगे। इस प्रबल योग में भगवत साधना करने से आध्यात्मिक, धार्मिक उन्नति होती है I वही सूर्य-बुध के केंद्र त्रिकोण का योग पराक्रम व प्रतिष्ठा को बढ़ाने के लिए सहायक सिद्ध होगा।
क्यों खास है महाशिवरात्रि का पर्व?- महाशिवरात्रि के दिन भगवान शिव पृथ्वीलोक पर भ्रमण करने निकलते हैं। ऐसे में इस दिन पूजन से वर्ष भर के शिवरात्रि का पुण्य मिलता है।
- शिवरात्रि के दिन शिव का पूजन करने से श्रद्धालुओं को एक हजार अश्वमेघ यज्ञ तथा सैकड़ों वाजपेयी यज्ञ के समान पुण्य प्राप्त होता है।
- महाशिवरात्रि पर शनि के केंद्र में होने से त्रिग्रही योग बनने से शिव भक्तों को विशेष फल मिलेगा।
महाशिवरात्रि पर शिव की कृपा पाने के लिए सूर्यास्त के बाद चारों प्रहर में उमा-महेश्वर की पूजा का विधान है।
पहले प्रहर में शाम 6:22 बजे से रात्रि 9:30 बजे तक दूध से, दूसरे प्रहर में रात्रि 9:31 बजे से मध्यरात्रि 12:39 बजे तक दही से, तीसरे प्रहर में मध्यरात्रि 12:40 बजे से 3:48 बजे तक घी से तथा चौथे व अंतिम प्रहर में देर रात 3:49 बजे से 27 फरवरी गुरुवार की सुबह 6:57 बजे तक शहद से अभिषेक व पूजन होगा।
इस दिन प्रदोष काल की पूजा शाम 5:48 बजे से रात्रि 8:26 बजे तक और निशीथ काल की पूजा मध्यरात्रि 12:09 बजे से 12:59 बजे तक होगा।
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Bihar Election 2025: बिहार कांग्रेस में कुछ बड़ा होने वाला है? दिल्ली से 2 बड़े नेता के आने से बढ़ी हलचल
सुनील राज, पटना। Bihar Political News: इस वर्ष राज्य में होने वाला विधानसभा चुनाव कांग्रेस के लिए भी बेहद अहम है। पिछले विधानसभा चुनाव के निराशाजनक प्रदर्शन से पार्टी को बाहर निकाल कर सम्मानजनक स्थिति में पहुंचाना कांग्रेस के लिए बड़ी चुनौती है। लेकिन, यह तभी संभव है जब कांग्रेस को चुनाव लडऩे के लिए पर्याप्त सीटें मिलें।
परंतु महागठबंधन के प्रमुख घटक राजद की दो टूक है कि विधानसभा में सीटें निर्धारित हैं। ठोंक बजा कर ही सीटों का बंटवारा होगा। राजद का संदेश सहयोगी दल वीआइपी, वामदल के साथ ही कांग्रेस के लिए भी है। लेकिन, कांग्रेस भी इस बार झुकने को तैयार नहीं। लिहाजा उसने रणनीति के तहत सहयोगी दलों पर दबाव के लिए अभी से पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का मैदान में उतार दिया है।
अब कांग्रेस के बड़े नेताओं को दिल्ली से बिहार भेजा जा रहाकांग्रेस की इसी रणनीति के तहत उसके वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं का बिहार दौरा शुरू हो गया है। जिसकी शुरुआत खुद पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने की। राहुल गांधी 18 दिनों के अंतराल पर अब तक दो बार बिहार आ चुके हैं।
अब एक बार फिर उनके बिहार आने की चर्चा है। हालांकि राहुल कब आ रहे हैं इसे लेकर स्पष्टता नहीं। राहुल गांधी के अलावा पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे 22 फरवरी को बिहार आ रहे हैं। 22 के बाद वे 28 फरवरी को फिर बिहार आएंगे। खरगे के अलावा युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रभारी और बिहार कांग्रेस के प्रभारी बनाए गए कृष्णा अलावरु गुरुवार 20 फरवरी को बिहार आएंगे।
अलावरु के साथ अलका लांबा आज बिहार पहुंच रहीअलावरु के साथ ही राष्ट्रीय महिला कांग्रेस अध्यक्ष अलका लांबा आज बिहार पहुंच रही हैं। बुधवार की देर शाम वे पटना पहुंच रही हैं और अगले चार दिनों यहीं रहेंगी। इसके बाद अन्य नेताओं के आने-जाने का सिलसिला शुरू होगा। बड़े नेताओं की इस आवाजाही भले ही कांग्रेस कोई और वजह बताए लेकिन, समझने वाले इसकी हकीकत समझ रहे हैं।
कांग्रेस जानती है कि राजद से सीटें प्राप्त करना उसके लिए आसान नहीं होगा। पिछले कई चुनाव इसके बेहतर उदाहरण रहे हैं। लेकिन अब कांग्रेस समझौते के मूड में नहीं। क्योंकि दिल्ली विधानसभा चुनावों ने यह संदेश दिया है कि क्षेत्रीय दलों के लिए कांग्रेस के साथ गठबंधन कितना जरूरी है।
कांग्रेस का खाता नहीं खुला परंतु छह प्रतिशत से अधिक वोटों के साथ कांग्रेस ने यह जरूर बता दिया कि कांग्रेस क्षेत्रीय दलों के लिए जरूरी के साथ मजबूरी भी है। यदि कांग्रेस का साथ नहीं दिया तो अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप जैसा हाल होने में देर नहीं लगेगी।
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Patna News: फुलवारी शरीफ में अचानक क्यों चलने लगा बुलडोजर? अधिकारियों को देखते ही मच गया हड़कंप
संवाद सूत्र, फुलवारी शरीफ। Patna News: बेउर से एम्स ऐलीवेटेड रोड निर्माण के लिए फुलवारी शरीफ में प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान मंगलवार से शुरू किया है। दो दिनों तक चलने वाले इस अभियान में कई मकान व दुकान तोड़े जाएंगे।
प्रथम दिन शहीद चौक से दाएं ओर अतिक्रमण हटाया गया है। बुधवार को बाएं ओर से अतिक्रमण हटाया जाएगा।पुल निर्माण को लेकर हुए सर्वे में अतिक्रमण को लेकर कई घरों को चिह्नित किया गया था। सभी को पूर्व में घर या दुकान को स्वयं तोड़ने के लिए नोटिस दिया था।
नोटिस दिये जाने के बाद भी लोगों ने अतिक्रमण नहीं हटाया। मंगलवार को अंचल के राजस्व पदाधिकारी हर्ष एवं अंचलाधिकारी सुनील कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल के साथ अतिक्रमण हटाने का कार्य शुरू किया। राजस्व पदाधिकारी ने बताया कि कुल 56 मकान को तोड़ा जाना है।
दो दिनों में इस कार्य को पूरा कर लिया जाएगा। अंचलाधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि खोजा इमली के पास से तोड़ा जाना था। वहां एक ही मकान को चिह्नित किया गया था। मकान मालिक ने स्वयं ही अतिक्रमण हटा लिया।
कंकड़बाग से गायत्री मंदिर तक चलाया गया अतिक्रमणप्रमंडलीय आयुक्त मयंक वरवड़े के निर्देश पर शहर में मंगलवार से फिर अतिक्रमण उन्मूलन मल्टी-एजेंसी विशेष अभियान चलाया गया। विभिन्न नगर निकायों में यह अभियान चलाया जा रहा है।
नगर निगम के कंकड़बाग अंचल में शालीमार से लोहिया पार्क मेदांता हास्पिटल होते हुए गायत्री मंदिर तक अस्थायी अतिक्रमण हटाया गया।
इस अंचल में 14 हजार जुर्माना वसूल किया गया। नगर परिषद खगौल में बताला फैक्ट्री से गाड़ीखाना, कैंट रोड से डीआरएम कार्यालय से दल्लूचक शिव मंदिर तक अभियान चलाया गया। इस अंचल में 16,500 रुपये जुर्माना वसूला गया।
बता दें कि पटना में अतिक्रमण के कारण कई इलाकों में जाम की समस्या बन जा रही है। पुलिस-प्रशासन के बार-बार समझाने पर भी लोग नहीं मान रहे हैं। वहीं कई जगह तो लोगों ने अवैध मकान बनवाकर रखा है, जिससे दूसरे लोगों को आए दिन परेशानी का सामना करना पड़ता है।
अब प्रशासन मकान के अवैध हिस्से को तोड़ने के लिए बुलडोजर का सहारा ले रहा है, ताकि ये स्थायी तरीके से हटाया जा सके।
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Bihar Politics: योगी आदित्यनाथ ने मान ली RJD सांसद की यह मांग, 2 आईपीएस अधिकारी को सौंप दी जिम्मेदारी
राज्य ब्यूरो, पटना। Bihar Political News Today: राजद के आग्रह पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो आइपीएस अधिकारियों को स्नेहा प्रकरण की निष्पक्ष जांच का दायित्व दिया है। साथ में यह आश्वासन भी कि आवश्यकता पड़ने पर सीआईडी जांच भी होगी। राजद संसदीय दल के नेता अभय कुशवाहा ने इसकी जानकारी दी।
आरजेडी सांसद ने योगी आदित्यनाथ से की थी मुलाकातउनके नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने लखनऊ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी और इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की थी। प्रतिनिधिमंडल में सासाराम के विधायक राजेश गुप्ता, बनारस नगर पंचायत की अध्यक्ष पूनम मौर्या, राजद नेता कुंडल वर्मा और सुमंत कुशवाहा के साथ स्नेहा कुशवाहा के माता-पिता भी थे।
योगी आदित्यनाथ ने दिया जांच का आदेशयोगी आदित्यनाथ ने न्याय का वादा किया और उत्तर प्रदेश के डीजीपी को निर्देश दिया कि वे प्रतिनिधिमंडल की राय-बात व तथ्यों से अवगत हों और त्वरित कार्रवाई करें। उसके बाद डीजीपी से आधे घंटे तक प्रतिनिधिमंडल की वार्ता हुई। उसके बाद जांच की पहल शुरू हो गई।
उल्लेखनीय है कि सासाराम की स्नेहा कुशवाहा वाराणसी के रामेश्वरम गर्ल्स हास्टल में रहकर पढ़ाई कर रही थी, जहां उसकी मौत संदिग्ध परिस्थितियों में हो गई। अभय कुशवाहा ने कहा कि राजद न्याय के लिए आखिरी क्षण तक स्नेहा के परिवार का साथ देगा।
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Bihar Train Cancelled: बिहार से चलने वाली 13 सुपरफास्ट ट्रेनें कैंसिल, कई के रूट बदले; देखें पूरी लिस्ट
जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Weather: रेल प्रबंधन की ओर से तकनीकी कारणों से कई ट्रेनों को कैंसिल कर दिया गया है और कई ट्रेनों के रूट बदल दिए गए हैं। रेलवे के इस फैसले से आम रेल यात्रियों को परेशानी हो सकती है। रेलवे ने कुछ ट्रेनों को प्रयागराज में भारी भीड़ के चलते भी कैंसिल किया है।
पटना से कैंसिल ट्रेनें- नई दिल्ली से खुलने वाली 12802 पुरुषोत्तम एक्सप्रेस 18 एवं 21 फरवरी को
- बीकानेर से खुलने वाली 22308 बीकानेर-हावड़ा 19 फरवरी को
- 12308 बीकानेर हावड़ा 20 एवं 21 फरवरी को
- कालका से खुलने वाली 12312 कालका हावड़ा 18 एवं 21 फरवरी को
- जम्मूतवी से खुलने वाली 18318 जम्मूतवी संबलपुर 18, 20 एवं 21 फरवरी को
- जम्मूतवी से 19 फरवरी को खुलने वाली 18102 जम्मूतवी-टाटा एक्सप्रेस
- भागलपुर से खुलने वाली 12368 विक्रमशिला एक्सप्रेस 18 एवं 21 फरवरी को
- आनंदविहार से खुलने वाली 22466 आनंद विहार मधुपुर 19 फरवरी को
- 19483 अहमदाबाद बरौनी एक्सप्रेस 19 एवं 21 फरवरी को
- 19484 बरौनी अहमदाबाद एक्सप्रेस 21 एवं 23 फरवरी को
- 12176 ग्वालियर हावड़ा 18 फरवरी को
- 22911 इंदौर हावड़ा एक्सप्रेस 18 एवं 20 फरवरी को
- 20976 आगरा कैंट हावड़ा चंबल एक्सप्रेस 20 फरवरी को
- मानिकपुर-प्रयागराज छिवकी-जीवनाथपुर-वाराणसी-जौनपुर-औड़िहार के रास्ते चलायी जाने वाली ट्रेनें - 18 से 28 फरवरी तक
- लोकमान्य तिलक टर्मिनल से खुलने वाली 11061 लोकमान्य तिलक-जयनगर एक्सप्रेस 18 से 27 फरवरी तक
- जयनगर से खुलने वाली 11062 जयनगर-लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस 19 एवं 26 फरवरी को
- पुणे से खुलने वाली 11033 पुणे-दरभंगा एक्सप्रेस 21 से 28 फरवरी को
- दरभंगा से खुलने वाली 11034 दरभंगा-पुणे एक्सप्रेस कानपुर-लखनऊ-गोरखपुर-छपरा के रास्ते चलायी जाने वाली ट्रेनें - 18 से 21 फरवरी तक
- दिल्ली से खुलने वाली 15657 दिल्ली-कामाख्या एक्सप्रेस 18 से 21 फरवरी तक
- आनंद विहार से खुलने वाली 12506 आनंद विहार-कामाख्या एक्सप्रेस 19 फरवरी को
- बीकानेर से खुलने वाली 15633 बीकानेर-गुवाहाटी एक्सप्रेस कानपुर-लखनऊ-डीडीयू के रास्ते के रास्ते चलायी जाने वाली ट्रेन 19 एवं 26 फरवरी को
- आनंद विहार से खुलने वाली गाड़ी सं. 12330 आनंद विहार-सियालदह एक्सप्रेस
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Bihar Weather Today: बिहार के 16 शहरों में बारिश का अलर्ट जारी, किसानों से सावधान रहने की अपील
जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Weather News: बिहार में पश्चिम विक्षोभ के प्रभाव से पहाड़ों पर बर्फबारी व मैदानी भागों में हल्की वर्षा की संभावना है। पश्चिम राजस्थान व उत्तर पूर्व असम में एक चक्रवातीय परिसंचरण का प्रभाव बना हुआ है। इनके प्रभाव से प्रदेश का मौसम शुष्क रहने के साथ बादलों की आवाजाही बने होने से तापमान में विशेष बदलाव की संभावना नहीं है।
दो दिनों बाद न्यूनतम तापमान में दो से तीन डिग्री वृद्धि का पूर्वानुमान है। अगले तीन से चार दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है। हालांकि, बारिश होने से तापमान में गिरावट के आसार हैं।
23 फरवरी से बिहार के इन 16 जिलों में बारिश की संभावना23 फरवरी को सुपौल, अररिया, किशनगंज, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, बेगूसराय, खगड़िया, कटिहार, भागलपुर, मुंगेर, लखीसराय, जमुई, शेखपुरा, नवादा व गया के एक या दो स्थानों पर वज्रपात व मेघ गर्जन व हल्की वर्षा को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है।
किसानों से सावधान रहने की अपीलबिहार में बारिश के दौरान किसान खुले में जाने से परहेज करें, क्योंकि वज्रपात से नुकसान हो सकता है। किसान बारिश कम होने पर ही खेतों की ओर जाएं।
बिहार में आज कैसा रहेगा मौसमबिहार में आज मौसम सामान्य बना रहेगा। दोपहर में धूप खिली रहेगी। भागलपुर से सटे जिलों में बादल छाए रहने की संभावना है। हालांकि, फिलहाल आज बारिश की संभावना नहीं है।
मंगलवार को कैसा रहा मौसममंगलवार को पटना सहित 13 शहरों के न्यूनतम तापमान में वृद्धि दर्ज की गई, जबकि अन्य जिलों के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। 16.5 डिग्री सेल्सियस पटना का न्यूनतम तापमान व 9.1 डिग्री सेल्सियस के साथ सहरसा के अगवानपुर में सबसे कम न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। पटना का अधिकतम तापमान 29.0 डिग्री सेल्सियस व 31.2 डिग्री सेल्सियस के साथ डेहरी सबसे गर्म रहा।
पटना व आसपास इलाकों का मौसम शुष्क बने होने के साथ सुबह-शाम पछुआ के कारण हल्की ठंड का प्रभाव बना रहा।