Bihar News

Kisan Credit Card: किसानों को 0% ब्याज पर मिलेगा केसीसी का लाभ, जल्द अंतिम फैसला लेगी नीतीश सरकार

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 7:28pm

राज्य ब्यूरो, पटना। नए वित्तीय वर्ष 2025-26 में राज्य के किसानों को शून्य ब्याज प्रतिशत पर केसीसी (Kisan Credit Card) का लाभ मिलेगा। इसके लिए सहकारिता विभाग की ओर से प्रस्ताव के मसौदा को अंतिम रूप दिया गया है और इस पर जल्द ही सरकार के स्तर पर निर्णय लिया जाएगा।

इससे संबंधित प्रस्ताव पर मंत्रिमंडल की मंजूरी भी ली जाएगी। सहकारिता मंत्री डॉ. प्रेम कुमार ने शुक्रवार को कहा कि आने वाले समय में पैक्सों के सामने जो भी चुनौतियां है, उसे व्यापार मंडल के सामने समाधान करेंगे। किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड का लाभ शून्य ब्याज पर देने का फैसला जल्द लिया जाएगा।

सिंचाई की 1307 योजनाएं पूरी, 5.80 लाख हेक्टयर तक पहुंच रहा पानी

'हर खेत तक सिंचाई का पानी' कार्यक्रम के अंतर्गत संयुक्त तकनीकी सर्वेक्षण के माध्यम से जल संसाधन विभाग को 604 योजनाओं के कार्यान्वयन के जरिए लगभग 1.19 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने का लक्ष्य दिया गया था।

इसके विरुद्ध अब तक 597 योजनाओं को पूरा कर 1.18 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध करा दी गई है। शेष योजनाओं का कार्यान्वयन प्रगति पर है।

इन योजनाओं के अतिरिक्त 774 अन्य योजनाएं भी चयनित थीं। उनसे लगभग 5.46 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया। उनमें से अब तक 710 योजनाओं को पूर्ण कर 4.62 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध करा दी गई है। शेष योजनाओं का कार्यान्वयन प्रगति पर है।

इस तरह हर खेत तक पानी पहुंचाने के उद्देश्य से जल संसाधन विभाग द्वारा अब तक कुल 1307 योजनाओं का कार्यान्वयन कर 5.80 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जा चुकी है।

सहरसा को जलजमाव से मिलेगी निजात, स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज योजना स्वीकृत

दूसरी ओर, नगर विकास एवं आवास विभाग ने सहरसा नगर निगम क्षेत्र में जल-जमाव की समस्या से निपटने के लिए करीब 138 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले सहरसा स्टार्म वाटर ड्रेनेज योजना को स्वीकृति प्रदान की है। विभाग ने तत्काल दस करोड़ रुपये सहायक अनुदान के रूप में वित्त वर्ष 2024-25 में खर्च की स्वीकृति भी दे दी है।

योजना का कार्यान्वयन ई-टेंडरिंग के माध्यम से निविदा आमंत्रित कर बुडको द्वारा कराया जाएगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा के दौरान सहरसा नगर निगम क्षेत्र में जल-जमाव की समस्या के समाधान के लिए स्टार्म वाटर ड्रेनेज योजना की घोषणा की गई थी।

विभागीय मंत्री जिवेश कुमार ने कहा कि सहरसा शहर के पुराने नाले जर्जर हो चुके हैं। इस समस्या को दूर करने के लिए तत्काल दस करोड़ रुपये सहायक अनुदान के रूप में व्यय करने की स्वीकृति दी जा रही है। सात निश्चय योजना पार्ट-2 के अन्तर्गत शहरों मे जमे बारिश के गंदे पानी की समस्या को दूर करने के लिए सरकार ने विस्तृत योजना तैयार की है और इसे जनीन पर उतारने के लिए राशि स्वीकृत की जा रही है।

पीएमआरसीएल ने आईएएस अधिकारियों के लिए आयोजित किया इंडक्शन प्रशिक्षण कार्यक्रम

पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशनल लिमिटेड (पीएमआरसीएल) ने मसूरी से आए भारतीय प्रशासनिक सेवा के पदाधिकारियों के लिए एक विशेष इंडक्शन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य पदाधिकारियों को मेट्रो रेल परियोजना की कार्यप्रणाली, सुरक्षा मानकों, भू कंपन, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन और नवीनतम तकनीकों की जानकारी प्रदान करना था।

पीएमआरसीएल के महाप्रबंधक (संपत्ति विकास) विकाश रंजन ने मेट्रो परिचालन और प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर गहन प्रशिक्षण दिया। भारतीय प्रशासनिक सेवा के कुल 19 पदाधिकारियों को पटना मेट्रो के निर्माणाधीन मोइनुल हक मेट्रो स्टेशन का परिभ्रमण भी कराया गया।

ये भी पढ़ें- Bihar: मुंगेर-बांका समेत 5 जिलों की हो गई चांदी! 462 एकड़ जमीन को लेकर सरकार ने जारी किया नोटिफिकेशन

ये भी पढ़ें- Bihar Bhumi: जमीन मालिकों के लिए राहत की खबर, सरकार ने बेहद आसान कर दिया रजिस्ट्री का काम

Categories: Bihar News

नीतीश सरकार को सुप्रीम कोर्ट से झटका, नगर निकायों के प्रशासनिक अधिकार में हस्तक्षेप पर रोक बरकरार

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 6:57pm

विधि संवाददाता, पटना। सुप्रीम कोर्ट ने स्थानीय निकायों के दैनिक कार्यों में राज्य सरकार (Bihar Government) के हस्तक्षेप नहीं करने के संबंध में पटना हाई कोर्ट द्वारा पारित आदेश के विरुद्ध राज्य सरकार की अपील पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है।

यह मामला डॉ. आशीष कुमार सिन्हा बनाम बिहार सरकार से जुड़ा है, जिसमें पटना हाई कोर्ट की खंडपीठ ने स्पष्ट रूप से कहा था कि कैडर की स्वायत्तता किसी भी संगठन की स्वायत्तता के लिए अनिवार्य है और राज्य सरकार को नगर निकायों के प्रशासनिक कार्यों में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।

तुषार मेहता ने की बिहार सरकार की पैरवी

सुप्रीम कोर्ट में बिहार सरकार की ओर से भारत के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने पैरवी की। डॉ. आशीष की ओर से वरीय अधिवक्ता दामा शेषाद्रि नायडू, अधिवक्ता नितीश रंजन (एओआर) और अधिवक्ता मयूरी ने पक्ष रखा।

राज्य सरकार ने दलील दी कि नगर निकायों में तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों की भारी संख्या में रिक्तियां हैं, जिससे उनके कामकाज पर असर पड़ रहा है। सरकार ने हाई कोर्ट के निर्णय पर स्थगनादेश देने की मांग की थी।

'राज्य सरकार केवल नियुक्तियों तक सीमित नहीं रहना चाहती...'

डॉ. आशीष की ओर से दाखिल हलफनामे में यह बताया गया कि राज्य सरकार केवल नियुक्तियों तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि वह नगर निकायों के कर्मचारियों के तबादले, पदस्थापन और अनुशासनात्मक कार्रवाई का अधिकार भी अपने हाथ में लेना चाहती है। यह संविधान और संबंधित अधिनियम की भावना के विरुद्ध है।

पटना HC के अंतिरम निर्णय पर रोक लगाने से इनकार

सुप्रीम कोर्ट ने 21 मार्च, 2025 को दिए गए आदेश में राज्य सरकार की याचिका को निरस्त कर दिया और हाई कोर्ट के निर्णय पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया ।

न्यायालय को यह भी बताया गया कि पटना नगर निगम के उप महापौर के लिपिक का स्थानांतरण कमिश्नर द्वारा कर दिया गया, जो इस बात का संकेत है कि अगर निर्वाचित प्रतिनिधियों के अधीनस्थ कर्मचारी उनके प्रशासनिक नियंत्रण में नहीं होंगे, तो वे निगम के कार्यों को प्रभावी ढंग से कैसे संचालित कर पाएंगे?

ये भी पढ़ें- Bihar Teacher News: गोपालगंज में 33 शिक्षकों पर गिरी गाज, पटना हाई कोर्ट के आदेश पर होगी सेवा समाप्त

ये भी पढ़ें- BPSC 70th Exam Row: 70वीं बीपीएससी पीटी परीक्षा रद करने की याचिकाओं पर सुनवाई पूरी, आदेश सुरक्षित

Categories: Bihar News

Bihar: मुंगेर-बांका समेत 5 जिलों की हो गई चांदी! 462 एकड़ जमीन को लेकर सरकार ने जारी किया नोटिफिकेशन

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 6:45pm

राज्य ब्यूरो, पटना। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने उद्योग विभाग को 462 एकड़ जमीन का हस्तांतरण कर दिया है। यह मुंगेर, नवादा, अरवल, रोहतास एवं बांका जिले में है। सबसे अधिक 200 एकड़ जमीन बांका जिले में दी गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी 'प्रगति यात्रा' के दौरान इन जिलों में उद्योगों के विकास की घोषणा की थी।

25 फरवरी को हुई राज्य कैबिनेट की बैठक (Nitish Cabinet Meeting) में उद्योग विभाग को जमीन हस्तांरित करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली थी। इस जमीन के लिए उद्योग विभाग को कोई भुगतान नहीं करना पड़ेगा। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की ओर से हस्तांतरण की अधिसूचना जारी कर दी गई है।

विभाग की अधिसूचना के अनुसार-
  • मुंगेर जिला के संग्रामपुर अंचल के मौजा ददरी में परती किस्म की 20 एकड़ एवं मौजा-पतघाघर में गैरमजरूआ खास किस्म-की 30 एकड़ जमीन का हस्तांतरण उद्योग विभाग को किया गया है। इसमें औद्योगिक पार्क का विकास होगा।
  • बांका जिले में उद्योग के प्रयोजन के लिए सबसे अधिक 200 एकड़ जमीन का हस्तांतरण किया गया है। कटोरिया अंचल के मौजा करझौंसा में 124.40 एकड़ एवं मौजा-सिरमोहडार, में 75.60 एकड़ जमीन दी गई है।
  • अरवल जिला के अरवल अंचल के मौजा सोनवर्षा एवं मौजा कोरियम में क्रमशः 46.99 एकड़ एवं 18.96 एकड़ जमीन का हस्तांतरण किया गया है।
  • रोहतास जिला के अंचल डिहरी के मौजा-भलुआड़ी 65 एकड़ जमीन का हस्तांतरण उद्योग विभाग को किया गया है।
  • नवादा जिला के रजौली अंचल के के मौजा-भड़ा, में-71.67 एकड़ अनावाद बिहार सरकार एवं 9.68 एकड़ कुल 81.35 जमीन का हस्तांतरण किया गया है।
नालंदा में आइर-पईन-तालाब के जीर्णोद्धार की 16 योजनाओं पर खर्च होंगे 387.47 करोड़

दूसरी ओर, आहर-पईन और तालाब आदि के जीर्णोद्धार की 16 योजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। नालंदा जिले में सिंचाई सुविधा के विकास के उद्देश्य से इन योजनाओं का क्रियान्वयन होना है। इन पर कुल 387 करोड़ 46 लाख 61 हजार रुपये खर्च होंगे और इनसे नालंदा के आठ प्रखंडों में 4785 हेक्टेयर परिक्षेत्र में सिंचाई सुविधा का सृजन होगा।

जल-जीवन-हरियाली अभियान के अंतर्गत ये वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए स्वीकृत योजनाएं हैं, जिनका क्रियान्वयन लघु जल संसाधन विभाग द्वारा होना है। जून 2025 तक काम पूरा कर लेने का लक्ष्य है। नालंदा जिला के नगरनौसा, बिहारशरीफ, कराय-परशुराय, बिंद, एकंगरसराय, हरनौत, नूरसराय और इस्लामपुर प्रखंड को इसका लाभ मिलेगा।

उल्लेखनीय है कि लघु जल संसाधन विभाग सतही सिंचाई योजना एवं भूजल सिंचाई योजना पर काम करता है। 2000 हेक्टेयर तक के कमांड क्षेत्र वाली योजनाएं ही इसके अधिकार क्षेत्र में आती हैं। अभी जल-जीवन-हरियाली और हर खेत तक सिंचाई का पानी कार्यक्रम के अंतर्गत सतही सिंचाई योजनाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।

ये भी पढ़ें- Bihar Bhumi: जमीन मालिकों के लिए राहत की खबर, सरकार ने बेहद आसान कर दिया रजिस्ट्री का काम

ये भी पढ़ें- भागलपुर-मुंगेर से झारखंड जाने वाली सड़कों के फोरलेन प्रोजेक्ट में अड़चन, मंत्रालय ने लौटाया DPR

Categories: Bihar News

बिहार सरकार ने फिर उठाई विशेष राज्य के दर्जे की मांग, CM बोले- टैक्स में भी मिले 50% हिस्सा

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 6:15pm

राज्य ब्यूरो, पटना। विशेष राज्य के दर्जा के साथ बिहार ने 16वें वित्त आयोग से केंद्रीय करों में 50 प्रतिशत की हिस्सेदारी मांगी है। इसके साथ ही करों के बंटवारे में बहुआयामी गरीबी सूचकांक को भी एक मानक बनाने का आग्रह किया है।

गुरुवार को आयोग के अध्यक्ष अरविंद पनगढ़िया ने बताया कि विशेष दर्जा वित्त आयोग के अधिकार क्षेत्र का विषय नहीं। वैसे भी योजना आयोग के दौरान ही ऐसी व्यवस्था का समापन हो चुका है।

उल्लेखनीय है कि 15वें वित्त आयोग ने कर हस्तांतरण की सीमा 41 प्रतिशत निर्धारित कर रखी है, जिसकी समय-सीमा वित्तीय वर्ष 2025-26 के साथ समाप्त हो जानी है। उसके बाद अगले पांच वित्तीय वर्ष के लिए 16वें वित्त आयोग की अनुशंसाएं प्रभावी होंगी।

बुधवार रात पटना पहुंची टीम

पनगढ़िया के नेतृत्व में 12 सदस्यीय टीम कर बंटवारे के संदर्भ में बिहार की अपेक्षाओं और सुझावों से अवगत होने के लिए तीन दिवसीय दौरे पर बुधवार रात पटना पहुंची थी।

शुक्रवार को यह टीम मधुबनी में मिथिला हाट का अवलोकन करने के बाद वापस होगी। गुरुवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और वित्त विभाग का दायित्व संभाल रहे उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के साथ इस टीम ने विचार-विमर्श किया।

उसी दौरान पनगढ़िया को मांग-पत्र सौंपा गया। उसके बाद प्रेस-वार्ता में पनगढ़िया ने बताया कि बिहार सरकार के साथ भौगोलिक और आर्थिक परिस्थिति से चर्चा शुरू हुई, जिसमें राजस्व के पहलू पर फोकस रहा।

केंद्रीय करों में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी की मांग

बिहार की तरह 15 अन्य राज्यों ने भी केंद्रीय करों में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी की मांग की है। इसके साथ ही बिहार चाहता है कि सेस और सरचार्ज में भी बंटवारा हो।

हालांकि, इसके लिए संविधान में संशोधन की आवश्यकता होगी। दरअसल, आपात स्थिति और युद्ध-काल में व्यय के दृष्टिगत संविधान में यह प्रविधान है कि सेस और सरचार्ज पर पूर्णतया केंद्र का अधिकार होगा।

बिहार ने संसाधन हस्तांतरण के मानकों में थोड़ा-बहुत परिवर्तन का भी सुझाव दिया है। पंचायती राज संस्थानों और शहरी निकायों के साथ तत्काल वित्तीय सहायता की मांग की है।

हमें यकीन कि वित्त आयोग करेगा राज्य सरकार की बातों पर विचार

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गुरुवार को मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित संवाद कक्ष में 16वें वित्त आयोग के साथ हुई बैठक में शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने कहा कि हमें यह यकीन है कि वित्त आयोग राज्य सरकार के ज्ञापन में उठाए गए विषयों पर गंभीरता से विचार करेगा।

मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार द्वारा किए कार्यों की विस्तार से जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने 16 वें वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरविंद पनगढ़िया सहित अन्य सदस्यों का अंगवस्त्र देकर स्वागत किया।

लगातार बढ़ रहा राज्य के बजट का आकार

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के बजट का आकार लगातार बढ़ रहा है। वर्ष 2005 में राज्य का बजट मात्र 30 हजार करोड़ रुपये था। इसके बाद राज्य सरकार ने काफी काम किया, जिससे बजट के आकार में बढ़ोतरी हुई। इस वर्ष राज्य का बजट तीन लाख, 17 हजार करोड़ रुपये का हो गया है।

यह भी पढ़ें-

PM मोदी के बिहार दौरे से पहले BJP नेताओं की क्लास लेंगे अमित शाह, चुनाव को लेकर देंगे 'गुरुमंत्र'

'राष्ट्रगान के बीच में...', CM नीतीश के बचाव में आए पप्पू यादव, पूछा- क्या लालू जी से गलती नहीं हुई?

Categories: Bihar News

PM मोदी के बिहार दौरे से पहले BJP नेताओं की क्लास लेंगे अमित शाह, चुनाव को लेकर देंगे 'गुरुमंत्र'

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 5:01pm

राज्य ब्यूरो, पटना। Amit Shah Bihar Visit: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अप्रैल में प्रस्तावित बिहार यात्रा से पहले केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह 29 मार्च की शाम भाजपा प्रदेश मुख्यालय में पार्टी नेताओं को विधानसभा चुनाव तैयारियों का पाठ पढ़ाएंगे।

शाह ने दो दिवसीय बिहार यात्रा के पहले दिन रात्रि में भाजपा विधानमंडल दल की बैठक बुलाई है। इसमें पार्टी के विधायक, विधान पार्षद एवं सांसदों के साथ ही पार्टी पदाधिकारी सम्मिलित होेंगे।

इसके उपरांत शाह बिहार भाजपा कोर ग्रुप की बैठक भी लेंगे। इसमें बिहार भाजपा के केंद्रीय मंत्रियों के अतिरिक्त कोर ग्रुप के अन्य सदस्य भी उपस्थित रहेंगे।

गोपालगंज में जनसभा को करेंगे संबोधित

वहीं, 30 मार्च को बापू सभागार में सहकारिता विभाग के कार्यक्रम एवं गोपालगंज में जनसभा को संबोधित करेंगे। इससे पहले 25 मार्च को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की भी बिहार यात्रा प्रस्तावित है।

भाजपा के चाणक्य की बिहार यात्रा को लेकर पार्टी ने तैयारियां शुरू कर दी है। अमित शाह की दो दिवसीय बिहार यात्रा की गुरुवार को विधान परिषद प्रांगण में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने पुष्टि की।

बिहार यात्रा के दौरान यह संभव है कि अमित शाह बिहार से जुड़े एनडीए के शीर्ष नेताओं के साथ भी मंत्रणा कर सकते हैं। संभव है कि इससे पहले प्रदेश संगठन से जुड़े कई अहम निर्णय को पार्टी नेतृत्व अंतिम रूप दे सकता है।

छह जिलों के जिला अध्यक्षों के नाम पर लग सकती है अंतिम मुहर

इसमें प्रदेश पदाधिकारियों के नाम की घोषणा के साथ ही शेष छह जिलों के जिला अध्यक्षों के नाम पर अंतिम मुहर लग सकती है।

दरअसल, दिल्ली की जीत के उपरांत भाजपा के शीर्ष नेतृत्व की नजर बिहार विधानसभा चुनाव तैयारियों पर टिक गई है।

यह भी पढ़ें-

Bihar Election: अमित शाह ने संभाला बिहार चुनाव का मोर्चा, इस तारीख को हो सकती है प्रदेश में एंट्री

'राष्ट्रगान के बीच में...', CM नीतीश के बचाव में आए पप्पू यादव, पूछा- क्या लालू जी से गलती नहीं हुई?

Categories: Bihar News

'राष्ट्रगान के बीच में...', CM नीतीश के बचाव में आए पप्पू यादव, पूछा- क्या लालू जी से गलती नहीं हुई?

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 4:24pm

डिजिटल डेस्क, पटना/नई दिल्ली। बिहार में इस वक्त सीएम नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को लेकर सियासी पारा हाई है। राजद ने नीतीश कुमार पर राष्ट्रगान का अपमान करने का आरोप लगाया है। तेजस्वी यादव ने तो यहां तक कह दिया कि नीतीश कुमार को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए। वहीं, अब पप्पू यादव (Pappu Yadav) नीतीश कुमार के बचाव में सामने आए हैं।

पूर्णिया लोकसभा सीट से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने शुक्रवार को दिल्ली में कहा कि हम राजद के लोगों से पूछना चाहते हैं कि आखिर आपका इंटेशन क्या है? क्या किसी से भूल नहीं हो सकती? लालू यादव जी भूल नहीं करते हैं? क्या हर मुद्दे पर राजनीति करनी चाहिए? क्या इसके पहले नीतीश कुमार से भूल नहीं हुई?

पप्पू ने याद दिला दिए पुराने दिन

पप्पू यादव ने राजद को पुराने दिनों की भी याद दिला दी, जब उसका जदयू के साथ गठबंधन था। पप्पू यादव ने कहा कि जब वो आपके साथ सदन में थे, जब (प्रधानमंत्री) मोदी जी ने कहा कि वो (नीतीश कुमार) महिला विरोधी हैं, लेकिन तब तो आप सपोर्ट में खड़े थे।

पप्पू यादव ने कहा, आज किसी मंच पर राष्ट्रगान के बीच में उन्होंने भूलवश किसी को टोक दिया, तो क्या ये आपको इंटेंशनली लगता है..? क्या इसका भी राजनीतिकरण होना चाहिए..? क्या अब कोई मुद्दे नहीं बचे?

उन्होंने आगे कहा कि अब तो ऐसा लगता है कि बीजेपी भी नीतीश जी से लड़ रही है और आप (राजद) भी नीतीश जी से लड़ रहे हैं। प्रशांत किशोर भी नीतीश जी से ही लड़ रहे हैं, मतबल बीजेपी से कोई लड़ने को तैयार नहीं है। मेरा मानना है कि नीतीश कुमार की अस्वस्थता और उम्र दोनों ही अब सभी को दिखती है, मुझे नहीं लगता कि इसपर राजनीति होनी चाहिए।

पूरे मुद्दे पर पूर्व सीएम राबड़ी देवी ने क्या कहा?

पूर्व सीएम राबड़ी देवी ने कहा, "...उनकी (बिहार के सीएम नीतीश कुमार) मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। हम मांग करते हैं कि अगर उनका दिमाग काम नहीं कर रहा है तो उन्हें अपने बेटे को मुख्यमंत्री बनाना चाहिए।"

इससे पहले आज राजद नेता मीसा भारती ने नीतीश के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को बिहार की दुर्दशा पर विचार करना चाहिए।

मीसा भारती ने कहा, "राष्ट्रगान के दौरान बिहार के सीएम नीतीश कुमार शारीरिक और मानसिक रूप से ठीक नहीं दिखे। मैं पीएम मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से पूछना चाहती हूं कि क्या आपको उनकी मानसिक स्थिति ठीक लगी... वह हर दिन महिलाओं, बच्चों का अपमान करते रहते हैं... पीएम मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को सोचना चाहिए कि बिहार किसके हाथ में है।"

ये भी पढ़ें- राबड़ी देवी ने किसे CM बनाने को कहा? तेजस्वी की जगह लिया 'दूसरे' का नाम; कहा- नीतीश अब ठीक नहीं

ये भी पढ़ें- 'राष्ट्रगान का अपमान बर्दाश्त नहीं, केस दर्ज हो', CM नीतीश कुमार पर भड़के तेजस्वी यादव; बिहार विधानसभा में भारी हंगामा

Categories: Bihar News

राबड़ी देवी ने किसे CM बनाने को कहा? तेजस्वी की जगह लिया 'दूसरे' का नाम; कहा- नीतीश अब ठीक नहीं

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 2:45pm

डिजिटल डेस्क, पटना। Bihar Politics: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का राष्ट्रगान के दौरान बात करने का वीडियो वायरल होने के बाद से प्रदेश में सियासी पारा हाई हो गया है।

वायरल वीडियो को लेकर राजद ने राष्ट्रगान का अपमान करने का आरोपी सीएम नीतीश कुमार पर लगाया है। वहीं इसे लेकर शुक्रवार को विधानसभा में विपक्षी दलों ने जमकर हंगामा भी किया। 

इस मामले में आरजेडी जहां इस्तीफे की मांग कर रही है। दूसरी ओर, बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने एक ऐसी मांग कर दी है जिसे सुनकर तेजस्वी यादव भी हैरान रह जाएंगे।

नीतीश कुर्सी छोड़ें : राबड़ी देवी

दरअसल, राबड़ी देवी ने अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि नीतीश कुमार की दिमागी हालत सही नहीं है। उन्हें गद्दी छोड़ देना चाहिए। 

राबड़ी देवी ने कहा कि नीतीश कुमार को सत्ता छोड़कर अपने बेटे निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाना चाहिए या किसी दूसरे को बनाना चाहिए।

'बेटे को आगे लाओ'

बिहार की पूर्व सीएम राबड़ी देव ने शुक्रवार को विधानसभा के बाहर मीडिया से बात करते हुए यह बातें कही हैं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार की दिमागी हालत ठीक नहीं है।

उन्होंने यह भी कहा कि जब दिमाग ही ठीक नहीं है तो इस्तीफा देकर अपने बेटे (निशांत कुमार) को बनाएं (सीएम) या कोई और को बनावें।

'देश का अपमान हुआ'

पूर्व सीएम ने कहा कि दिमाग ही काम नहीं कर रहा है तो अपने बेटे को आगे लाओ। राबड़ी ने वायरल वीडियो के बारे में भी अपनी बात कही।

उन्होंने कहा कि वीडियो में दिख रहा है कि राष्ट्रगान हो रहा है और नीतीश कुमार हाथ जोड़ रहे हैं, प्रणाम कर रहे हैं। विजय चौधरी और दीपक कुमार का नाम लेकर भी हाथ से नमस्कार की मुद्रा बनाते हुए कहा कि नीतीश प्रणाम कर रहे हैं।

राबड़ी देवी ने कहा कि देश का अपमान हुआ है। राष्ट्रगान का अपमान हुआ है। बिहार को शर्मसार किए, देश को शर्मसार करने वाली ये घटना है। 

पहले भी चर्चा में रहे नीतीश कुमार

बता दें कि यह कोई पहला मौका नहीं है जब नीतीश कुमार इस तरह के विवाद में घिरे हैं। आइए जानते हैं ऐसा कुछ कब-कब हो चुका है।

  1. हाल ही में विधानसभा सत्र के दौरान नीतीश कुमार अपनी दाढ़ी पर हाथ फेरते हुए तेजस्वी यादव की ओर इशारा करते नजर आए थे। वह जानना चाहते थे कि तेजस्वी दाढ़ी क्यों नहीं बना रहे हैं।
  2. इससे पहले भी नीतीश कुमार बजट पर चर्चा के दौरान सदन में तेजस्वी की ओर इशारे करते हुए देखे गए थे। वह अशोक चौधरी के हाथ में पहने गए ब्रेसलेट को टच करते हुए नजर आए थे।  
  3. एक श्रद्धांजलि सभा में भी वह अपने ही मंत्री (अशोक चौधरी) के ऊपर फूल डालकर चर्चा में आए थे। पिछले साल विजय सिन्हा और अशोक चौधरी के सिर को पकड़कर आपस में टकरा दिए थे।

यह भी पढ़ें

'राष्ट्रगान का अपमान बर्दाश्त नहीं, केस दर्ज हो', CM नीतीश कुमार पर भड़के तेजस्वी यादव; बिहार विधानसभा में भारी हंगामा

Bihar Politics: इधर बिहार में कांग्रेस के अध्यक्ष बदले, उधर कन्हैया कुमार ने उठा दिया बड़ा मुद्दा

Categories: Bihar News

Bihar News: बिहार पुलिस की बड़ी सफलता, टॉप 10 अपराधियों में शामिल सोनू एनकाउंटर में गिरफ्तार

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 9:38am

जागरण संवाददाता, पटना। पटना जिले के टॉप 10 अपराधियों की सूची में शामिल अपराधी सोनू कुमार के मनेर थानाक्षेत्र में होने की सूचना प्राप्त हुई थी, जिसके बाद पुलिस ने छापामारी की। मनेर में अपराधी एवं पुलिस के बीच हुई मुठभेड़ में एक अपराधी को गोली लगी। उसे घायल अवस्था में ईएसआईसी अस्पताल से पटना पीएमसीएच रेफर किया गया है।

एएसपी के नेतृत्व में हुई छापामारी

पुलिस अधीक्षक (पश्चिम) शरत आर एस ने बताया कि दानापुर एएसपी के नेतृत्व में अपराधियों को पकड़ने में टीम लगी थी। अपराधी सोनू कुमार के मनेर थानाक्षेत्र में होने की सूचना प्राप्त हुई थी।

घटनास्थल पर मौजूद पुलिस।

इसके बाद पटना पुलिस और STF की संयुक्त टीम द्वारा छापेमारी की गई। पुलिस को देख अपराधियों द्वारा पुलिस पर फायरिंग की गई, जिसपर की गई जवाबी कार्रवाई में वांछित सोनू कुमार के पैर में गोली लगी है, उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

जांच करते हुए अधिकारी।

पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, अपराधी 3-4 की संख्या में थे। मुठभेड़ के दौरान सोनू कुमार को गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं, अन्य अपराधी भागने में कामयाब रहे।

इन मामलों में पुलिस को थी सोनू की तालाश

21 दिसंबर 2024 को दानापुर में श्राद्ध कर्म से लौट रहे दानापुर छावनी परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष रणजीत कुमार उर्फ दही गोप की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्या के बाद दानापुर में काफी बवाल हुआ था।

पुलिस ने कई आरोपियों को गिरफ्तार किया, लेकिन मुख्य शूटर सोनू अभी तक फरार चल रहा था। अब पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए शूटर सोनू को गिरफ्तार कर लिया है।

8 दिसंबर को मनेर के महिनवा निवासी सुरेश साहू के पुत्र कुंदन आर्य की मनेर श्रीनगर समीप हत्या और बाइक ,लैपटॉप लूट में भी सोनू शामिल था। सोनू मृतक कुंदन आर्य, उपेंद्र कुशवाहा के रालोसपा के आईटी सेल के कर्मी था।

इस खबर को लगातार अपडेट किया जा रहा है। हम अपने सभी पाठकों को पल-पल की खबरों से अपडेट करते हैं। हम लेटेस्ट और ब्रेकिंग न्यूज को तुरंत ही आप तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। प्रारंभिक रूप से प्राप्त जानकारी के माध्यम से हम इस समाचार को निरंतर अपडेट कर रहे हैं। ताजा ब्रेकिंग न्यूज़ और अपडेट्स के लिए जुड़े रहिए जागरण के साथ।

Categories: Bihar News

Bihar Politics: 'खत्म हो जाएगी लालू परिवार की राजनीति', BJP नेता के बयान से गरमाई बिहार की सियासत

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 8:48am

राज्य ब्यूरो, पटना। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रभाकर मिश्र ने लालू यादव और उनके परिवार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि यह तय है कि लालू और उनके परिवार के लोगों को 'लैंड फॉर जॉब' मामले में जेल जाना ही होगा। गरीबों की हाय से लालू परिवार की राजनीति का अंत हो जाएगा।

नई पीढ़ी को बिहार का बदहाली के बारे में जानना जरूरी: प्रभाकर मिश्र 
  • गुरुवार को जारी बयान में प्रभाकर ने कहा है कि बिहार की नई पीढ़ी, जो 2005 के पहले के बिहार के बारे में नहीं जानती, उन्हें यह बताना जरूरी है कि 2005 के पहले बिहार में किस तरह की बदहाली थी। सड़क, अस्पताल, बिजली और शिक्षा की स्थिति कैसी थी।
  • 2005 के पहले बिहार में कानून -व्यवस्था का क्या हाल था। बिहार में लालू -राबड़ी ने उद्योग के नाम पर अपहरण का उद्योग खड़ा किया। अगर इस सत्य को सुनने में राजद के नेताओं को मिर्ची लगती है तो लगे। सत्य को कोई झुठला नहीं सकता।
  • लालू ने गरीबों छात्रों के साथ, जो अन्याय किया है, उसका फल तो भुगतना ही पड़ेगा। लालू परिवार को जेल से छुट्टी नहीं मिलने वाली। लैंड फॉर जॉब मामले में लालू और उनके स्वजनों को जब जेल होगी, तभी पीड़ितों को न्याय मिलेगा।
जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने लालू परिवार पर साधा निशाना

जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने गुरुवार को कहा कि लालू परिवार के राजनीतिक दामन पर चारा घोटाला, लैंड फॉर जॉब घोटाला, मिट्टी घोटाला, माल घोटाला और बेनामी संपत्ति घोटाला जैसे अनगिनत दाग हैं।

घोटालों की यह लंबी फेहरिस्त राजद के भ्रष्टाचार और अनैतिक आचरण का जीता-जागता प्रमाण है। जनता अब इस परिवार को लूट का मौका नहीं देगी।

पिता के नक्शे कदम पर चल रहे तेजस्वी: उमेश सिंह कुशवाहा

जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि राजद की राजनीतिक विरासत संभाल रहे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी अब अपने पिता के नक्शे कदम पर चलते हुए बिहार को फिर से जंगलराज की आग में झोंकने और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने की साजिश में लगे हैं।

अब बिहार की जागरूक जनता उनके नापाक इरादों को भली-भांति समझ चुकी है। विकास और सुशासन की नीति के सामने राजद का झूठ टिक नहीं पाएगा, उनकी राजनीति केवल परिवारवाद और निजी स्वार्थ तक सीमित है।

जिन्होंने सत्ता में रहते हुए बिहार को लूटा और सिर्फ अपने परिवार को बढ़ाने में लगे रहे, उन पर जनता अब कतई भरोसा नहीं करेगी। सत्ता पाने का उनका सपना अब कभी पूरा नहीं होगा।

ये भी पढ़ें

Bihar: अश्लील गीत मामले में फंसे गोपाल मंडल ने छैला बिहारी पर फोड़ा ठीकरा, अचानक क्यों लिया यूटर्न

Bihar Politics: 'पति हटा तो आप CM बनीं', बिहार विधान परिषद में फिर भिड़े नीतीश कुमार और राबड़ी देवी

Categories: Bihar News

Bihar Weather: मौसम के बदले तेवर से बढ़ी मुश्किल, बारिश के साथ ओले गिरने की संभावना; IMD ने जारी किया ऑरेंज अलर्ट

Dainik Jagran - March 21, 2025 - 7:30am

जागरण संवाददाता, पटना। Bihar Weather Today: प्रदेश के मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। गुरुवार को कई इलाकों में हुई बारिश के बाद आज भी बारिश होने के आसार हैं। मौसम विभाग ने बारिश के साथ ओले गिरने की संभावना को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही पांच दिनों के दौरान तापमान में विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है।

इन इलाकों में बारिश होने के आसार

आज प्रदेश के भभुआ, रोहतास, औरंगाबाद, गया, नवादा, जमुई एवं बांका जिले के एक या दो स्थानों पर गरज-तड़क के साथ वर्षा व ओले गिरने की संभावना है, जिसे लेकर मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। पटना सहित दक्षिणी, उत्तर-मध्य व उत्तर-पूर्व भागों में बादल छाए रहने के साथ तेज हवा व छिटपुट वर्षा की संभावना है।

प्रमुख शहरों में आज के मौसम का हाल  शहर

अधिकतम

(तापमान डिग्री सेल्सियस में)

न्यूनतम

(तापमान डिग्री सेल्सियस में)

पटना  34  22 भागलपुर   33  22.2 मुजफ्फरपुर   33  18 नवादा: बादलों के जमघट के बीच हुई बूंदाबांदी

जिला मुख्यालय समेत प्रखंड इलाकों में गुरुवार को मौसम ने पूरी तरह से करवट ले ली। सुबह से ही आसमान बादलों से ढका रहा। कभी-कभी हल्की धूप निकली, लेकिन वह पल भर में ही ठंडी हवाओं के साथ बूंदाबांदी में बदल गई। हल्की ठंड भी महसूस हुई। नवादा शहर में रूक-रूककर कई बार तेज ठंडी हवा के साथ बूंदाबांदी हुई।

इस बीच लोग बदले हुए मौसम को लेकर चर्चा करते दिखे। इधर, हिसुआ, वारिसलीगंज, रोह, नारदीगंज, अकबरपुर में भी मौसम अपने बदले अंदाज में दिखा।

इस बदले हुए मौसम से सबसे अधिक किसान चिंतित नजर आए। अभी खेतों में गेहूं पक रही है। तिलहन व दलहन कट चुकी है। कहीं-कहीं कटने की स्थिति में है। ऐसे में तेज हवा व वर्षा इन सभी फसलों को नुकसान पहुंचाएगी। इसके साथ ही बागीचे में आम के मंजर व छोटे दाने रूपी फल को भी नुकसान पहुंचने का अंदेशा है।

मेसकौर में चिंतित दिखे किसान

बारिश की वजह से गेहूं समेत दलहन व तिलहन को नुकसान हो सकता है। मेसकौर क्षेत्र में दिन भर कभी धूप-कभी छाया रही। मौसम के अचानक बदलने से किसानों के चेहरे पर मायूसी छा गई।

पसाढ़ी गांव के किसान बीरेंद्र यादव, मेसकौर के बेलन यादव, पथरा के राजेंद्र यादव सहित अन्य ने बताया कि जिस समय मौसम में परिवर्तन हुआ अगर तेज बारिश हुई तो हम लोगों की फसल बर्बाद हो जाएगी।

अभी दहलन की फसल कटवा रहे हैं। मौसम विभाग ने लोगों के मोबाइल पर सूचना भेज मौसम के बारे में जानकारी दी है।

ये भी पढ़ें

Weather: दिल्ली-यूपी में बढ़ेगी गर्मी, राजस्थान-बिहार में बारिश के आसार; पहाड़ों पर बदल सकता है मौसम

Bihar Weather Today: बिहार में बदलेगा मौसम का मिजाज, इन 7 जिलों में आंधी-तूफान के साथ होगी बारिश; ओले भी गिरेंगे

Categories: Bihar News

Hindu New Year 2025: किस तारीख से शुरू होगा हिंदू नववर्ष, किन राशियों पर पड़ेगा असर; सबकुछ जानिए

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 9:03pm

जागरण संवाददाता, पटना। हिंदू नववर्ष व नए संवत्सर विक्रम संवत 2082 (Hindu New Year 2025) का आगाज चैत्र शुक्ल प्रतिपदा में 30 मार्च को होगा। नए वर्ष की शुरुआत रविवार के दिन होने से संवत के राजा और मंत्री सूर्य होंगे। वहीं अन्न-धन, खनिज व धातु के स्वामी बुध, खाद्य पदार्थों के स्वामी मंगल होंगे।

संवत्सर नाम कालयुक्त होगा और इसका वाहन हाथी रहेगा। नव संवत्सर ज्ञानियों व वैराज्ञियों के उत्तम होगा। लोगों का धर्म-आध्यात्म में रूचि बढ़ेगी। बुध के प्रभाव से वर्षा की स्थिति संतोष जनक रहेगी। चौमासी फसलों का स्वामी बुध के होने से गेंहू, धान, गन्ना आदि की उपज में बढ़ोतरी होगी।

मूंग, बाजरा और सरसों की होगी अच्छी उपज

शीतकालीन फसलों का स्वामी चंद्रमा होने से मूंग, बाजरा, सरसों की उपज अच्छी होगी। नए संवत्सर का निवास वैश्य के घर होने से व्यापार में प्रगति होगी। अन्न, भूमि, भवन, शिक्षा, सोना, वाहन, तकीनक के क्षेत्रों में तेजी रहेगी। सूर्य के राजा व मंत्री होने इस वर्ष तापमान सामान्य से ऊपर होने के कारण अत्यधिक गर्मी लोगों को झेलनी पड़ सकती है।

अग्निकांड से धन जन की हानि के आसार हैं। इस वर्ष वृक्षों पर अपेक्षाकृत फल कम आने की संभावना है। चैत्र व वैशाख मास कष्टकारी व आषाढ़ मास में हवा की गति में तेजी आएगी। सावन मास में अनाजों में तेजी, आश्विन मास में समानता व कार्तिक में मंदी का दौर रहेगा। अगहण, पौष, माघ व फाल्गुन में अशांति, शासकीय विरोध झेलने पड़ेंगे।

भारतीय राजनीति पर पड़ेगा असर
  • इस वर्ष त्वचा व संक्रमण की बीमारियों का प्रकोप के आसार हैं।
  • सूर्य के विशेष प्रभाव होने के कारण भारतीय राजनीति पर असर पड़ेगा।
  • विदेशी कूटनीति से लाभ मिलेगा।
  • देश के कई राज्यों में सत्ता परिवर्तन की संभावना बनेगी।
  • कई स्थानीय राजनीतिक पार्टियों का विलय होगा।

शुभ संयोग में शुरू होगा नव संवत्सर

ज्योतिषाचार्य पंडित राकेश झा ने बताया कि चैत्र शुक्ल प्रतिपदा में 30 मार्च रविवार को नए संवत्सर 2082 का आरंभ ग्रह-गोचरों के शुभ संयोग में होगा। इस दिन शाम 6:14 बजे तक रेवती नक्षत्र फिर अश्विनी नक्षत्र विद्यमान रहेगा।

मीन लग्न सुबह 06:26 बजे तक रहेगा फिर मेष लग्न का आरंभ होगा। मीन राशि में इस दिन पांच ग्रह के मौजूद होने से पंचग्रहीय योग बनेगा। मीन राशि में सूर्य, बुध, राहु, शनि और शुक्र ग्रह विद्यमान होंगे। केतु कन्या राशि में, देवगुरु बृहस्पति वृष राशि में तथा मंगल मिथुन राशि में रहेंगे।

ये भी पढ़ें- Sheetala Saptami 2025: शीतला सप्तमी पर राशि अनुसार करें इन मंत्रों का जप, दूर हो जाएंगे सभी संकट

ये भी पढ़ें- Chaitra Purnima 2025: किस दिन मनाई जाएगी चैत्र पूर्णिमा? जान लें सही डेट एवं शुभ मुहूर्त

Categories: Bihar News

BPSC Bharti 2025: बीपीएससी ने जारी किया 22 परीक्षाओं का कैलेंडर, 70वीं मुख्य परीक्षा 25 से 30 अप्रैल तक

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 8:45pm

जागरण संवाददाता, पटना। बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC Exam Calendar 2025) ने गुरुवार को 2025 में आयोजित 22 परीक्षाओं का कैलेंडर जारी कर दिया है। इसमें चौथे चरण की शिक्षक नियुक्ति परीक्षा की जानकारी नहीं दी गई है। आयोग का कहना है कि इससे संबंधित रिक्ति शिक्षा विभाग से प्राप्त होने के बाद कैलेंडर में शामिल किया जाएगा।

बीपीएससी 70वीं संयुक्त मुख्य प्रतियोगिता परीक्षा 25, 26, 28, 29 और 30 अप्रैल को आयोजित की जाएगी। मुख्य परीक्षा का परिणाम जारी होने के बाद साक्षात्कार की तिथि घोषित की जाएगी।

कैलेंडर में सिविल असिस्टेंट इंजीनियर, सहायक प्राध्यापक, प्राचार्य, उप प्राचार्य, लोअर डिविजन क्लर्क आदि के पदों पर नियुक्ति के लिए इस साल परीक्षा आयोजित की जाएंगी।

  • आयोग की वेबसाइट bpsc.bihar.gov.in पर कैलेंडर अपलोड कर दिया गया है। फिजिक्स विषय में सहायक प्राध्यापक के 59 पदों के लिए परिणाम 25 मार्च को जारी किया जायेगा। साक्षात्कार 13 अप्रैल को होगा।
  • ज्यूडिशियल मेंबर इन स्टेट कंज्यूमर के 57 पदों के लिए प्रारंभिक परीक्षा तीन से पांच मई को आयोजित की जाएगी। माइनिंग इंजीनियरिंग का परिणाम जारी कर दिया गया है।

मेडिकल कॉलेजों में सहायक प्राध्यापक के लिए जून से साक्षात्कार:

राज्य के मेडिकल कॉलेज एंड हास्पिटल में सहायक प्राध्यापक के 1711 पदों के लिए साक्षात्कार जून में प्रस्तावित है। आयुर्वेदिक कॉलेजों में सहायक प्राध्यापक के 88 पद, तिब्बी मेडिकल कॉलेज में सहायक प्राध्यापक के 15, होम्योपैथिक कॉलेज में सहायक प्राध्यापक के 13 पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया भी इसी साल पूरी कर ली जाएगी। श्रम संसाधन विभाग में 50 उप प्राचार्य के पदों पर बहाली होनी है। परीक्षा की तिथि जल्द जारी की जाएगी।

41 असिस्टेंट सेक्सन ऑफिसर के लिए प्रारंभिक परीक्षा 13 जुलाई को आयोजित की जाएगी। एलडीसी के 26 पदों के लिए परीक्षा 20 जुलाई को होगी। टाइपिंग टेस्ट की तिथि प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम के बाद जारी की जाएगी।

खनन विकास पदाधिकारी के 15 पदों के लिए प्रारंभिक परीक्षा नौ व 10 अगस्त को होगी। असिस्टेंट फारेस्ट कंजर्वेशन के 12 पदोंं के लिए परीक्षा सात सितंबर को होगी।

सहायक अभियंता के 568 पदों के लिए 21 से 23 जून तक परीक्षा:

असिस्टेंट रेवेन्यू एंड अकाउंट ऑफिसर के 285 पदों के लिए प्रारंभिक परीक्षा 27 जुलाई को आयोजित की जायेगी। सहायक अभियंता के 568 पदों के लिए प्रारंभिक परीक्षा 21 से 23 जून व जिला सांख्यिकी पदाधिकारी के 47 पदों के लिए परीक्षा तीन अगस्त होगी।

असिस्टेंट अर्बन वेलफेयर एंड रजिस्ट्रेशन ऑफिसर के 285 पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया भी इसी साल पूरी होगी। इसकी परीक्षा की तिथि बाद में जारी की जाएगी।

परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह ने बताया कैलेंडर से अभ्यर्थियों को परीक्षा की बेहतर तैयारी करने में मदद मिलेगी। परीक्षाओं की संभावित तिथि जारी की गई है। आयोग समय-समय पर इसे अपडेट करेगा। जिसकी जानकारी वेबसाइट के माध्यम से अभ्यर्थियों को उपलब्ध कराई जाएगी।

ये भी पढ़ें- BPSC 70th Exam Row: 70वीं बीपीएससी पीटी परीक्षा रद करने की याचिकाओं पर सुनवाई पूरी, आदेश सुरक्षित

ये भी पढ़ें- BPSC Bharti 2025: राजस्व विभाग में 3559 कर्मचारियों और 402 अमीन की होगी नियुक्ति, पढ़ें पूरी डिटेल

Categories: Bihar News

Bihar: राबड़ी-सिद्दीकी से भिड़े अशोक चौधरी, सदन में दे दी पोल खोलने की धमकी; फिर जो हुआ...

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 8:28pm

राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार विधान परिषद (Bihar Vidhan Parishad) में हंगामे के बीच विपक्ष के निशाने पर सबसे अधिक ग्रामीण कार्य मंत्री अशोक चौधरी रहे। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी (Rabri Devi) और अब्दुल बारी सिद्दीकी दोनों ही नेताओं से अशोक चौधरी की नोक-झोंक हुई। पोल खोलने से लेकर फिरौती वसूलने तक की धमकी और आरोप लगे।

पहली पाली में विपक्ष जब सदन की कार्यवाही के बहिष्कार के बाद दोबारा लौटा तो अब्दुल बारी सिद्दीकी ने कहा कि संवैधानिक पद पर बैठे कुछ नेता उचक-उचक कर विपक्ष को प्रोवोक (उकसाते) करते हैं। मैं नाम नहीं लेना चाहता। इस पर अशोक चौधरी ने संसदीय मर्यादा को लेकर कुछ टिप्पणी की।

'हम बहुत सी चीज सदन में खोलना नहीं चाहते'

इस पर सिद्दीकी ने कहा कि अगर संसदीय मर्यादा मुझे आपसे सीखनी पड़े तो अफसोस की बात है। हम बहुत सी चीज सदन में खोलना नहीं चाहते। इस पर मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि खोलिए न भाई। सिद्दीकी ने कहा कि यही मंत्री का चरित्र है। सदन में अशोक चौधरी और राबड़ी देवी के बीच भी तीखी बहस हुई।

'फिरौती तो अशोक चौधरी वसूलत हैं...'

राजद नेता के फिरौती मांगने के आरोप पर राबड़ी देवी ने कहा कि फिरौती तो अशोक चौधरी वसूलत हैं। पहले कांग्रेस को लूटा और अब जदयू को लूट रहे हैं। अशोक चौधरी ने कहा कि मंत्री संतोष सिंह ने राजद नेता के फिरौती मांगने की बात कही है।

राबड़ी देवी ने फिर जवाब दिया- बैइठ जा! कितना पानी में बाड़अ जाना तानी। सब जानते हैं कि क्या करते हैं। अशोक चौधरी ने निजी टीका-टिप्पणी पर ऐतराज जताया। इसके बाद सभापति अवधेश नारायण सिंह ने हस्तक्षेप पर मामले को शांत कराया।

सुनील पर भड़के बिजेंद्र, बोले- बिहार को दोनों सदन के नेता प्रतिपक्ष ने किया कलंकित

विधान परिषद में गुरुवार को भोजनावकाश के उपरांत बजट पर सरकार के उत्तर के दौरान राजद के विधान पार्षद सुनील सिंह की टिप्पणी पर ऊर्जा मंत्री ऊर्जा बिजेंद्र यादव भड़क गए। उन्होंंने विपक्ष को जमकर खरी-खोटी सुनाई।

मंत्री ने सभापति अवधेश नारायण सिंह का ध्यान आकृष्ट करते हुए कहा कि सुनिल सिंह बहुत ज्यादे बोल रहे थे। बिहार के इतिहास में पहली बार, विरोधी दल के नेता, चाहे इस सदन के हो कि उस सदन के हो, ईडी (प्रवर्तन निदेशायल) के द्वारा लैंड फॉर गवर्नमेंट जॉब मामले में पूछताछ की जा रही है। इन लोगों ने बिहार को कलंकित किया है। बिहार के इतिहास में, कलंक का विषय है। यह लोकतंत्र की धरती है।

दुनिया का सबसे बड़ा ताकतवर बादशाह, आज के भारत से विशाल भारत, अफगानिस्तान भी इसका हिस्सा था, पाकिस्तान-बांग्लाादेश नहीं था तब। चंद्रगुप्त मौर्य यहां के शासक थे। यह इतिहास की धरती है, ऐतिहासिक धरोहर है। महात्मा गांधी राष्ट्रपिता यहीं आकर बने जबकि गुजरात में पैदा हुए। इस इतिहास को कलंकित करने का काम दोनों सदन के नेता प्रतिपक्ष ने किया है।

मंत्री ने कहा- कहावत है हमलोगों के मिथिला में कि घर का मालिक अगर ईमानदार हो तो उस घर में बरक्कत की कमी नहीं आती है, नौकर-चाकर थोड़ा बहुत चोरी-चपाटी करता है, लेकिन मालिक ही बेईमान हो तो क्या होगा। जो अपने बच्चों को नहीं पढ़ा पाया, आज वह नए बिहार के निर्माण की गति देने की बात कर रहा है। मां-बाप कुछ नहीं किया, बेटा क्या करेगा, लोग इसको खूब अच्छी तरह से जानता है।

इससे पहले उन्होंने कहा कि राजद के कार्यकाल में बिजली की दुर्दशा थी। वर्तमान सीएम स्वयं इलेक्ट्रिकल इंजीनियर हैं। इनके नेतृत्व में बिजली के क्षेत्र में बिहार और देश को अवार्ड मिल चुके हैं। इस दौरान सदन से विपक्षी दल के सभी विधान पार्षद बजट का विरोध करते हुए वाक आउट कर गए।

ये भी पढ़ें- Bihar Politics: 'सभी विधायक और मंत्री पीते हैं शराब', राजद MLA के दावे से सियासी पारा हुआ हाई

ये भी पढ़ें- Bihar: 'मोबाइल में देखकर...', RJD विधायक पर भड़के CM नीतीश कुमार; स्पीकर से कर दी ये मांग

Categories: Bihar News

Bihar Jobs 2025: स्वास्थ्य विभाग में निकलेगी बंपर भर्ती, आशा कर्मियों का भी होगा चयन; तैयार रहें युवा

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 8:00pm

राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने घोषणा की है कि राज्य में इस वर्ष स्वास्थ्य विभाग में विभिन्न श्रेणी के 38733 पदों पर नियमित नियुक्तियां होंगी। इन नियमित पदों के अलावा, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत पूर्व से कार्यरत आशा एवं आशा फैसिलिटेटर के अलावा 27375 ग्रामीण और शहरी आशा का चयन भी होगा।

मंत्री गुरुवार को विधानसभा में स्वास्थ्य विभाग के 20 हजार 35 करोड़ 80 लाख रुपये के बजट पर हुई चर्चा के बाद सरकार का पक्ष रख रहे थे।

ग्रामीण क्षेत्रों में बनेंगे 15 सौ नए अस्पताल

मंत्री ने सदन को बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग इस वर्ष कई कार्य करने जा रहा है। इसी कड़ी में सात जिलों अररिया, जहानाबाद, बांका, औरंगाबाद, कैमूर, खगडिय़ा और नवादा में नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। इसकी स्वीकृति दी जा चुकी है।

इसके बाद मेडिकल कॉलेजों की संख्या 34 हो जाएगी। ग्रामीण स्तर पर वर्ष 2025-26 में 15 सौ से अधिक नए अस्पताल खोले जाएंगे। पटना में सौ बेड का शिशु रोग अस्पताल भी स्थापित किया जाएगा।

बेगूसराय, नवादा में कैंसर अस्पताल की स्थापना

उन्होंने कहा कि बेगूसराय और नवादा में कैंसर अस्पताल की स्थापना भी होगी। जिसका प्रस्ताव स्वीकृत किया जा चुका है। साथ ही बिहार कैंसर एवं शोध सोसाइटी की स्थापना होगी। सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पतालों को निजी जन भागीदारी (पीपीपी) के आधार पर स्थापित करने और संचालित करने के लिए नीति बनेगी। निजी क्षेत्र में मेडिकल कालेज एवं अस्पताल की स्थापना को प्रोत्साहन दिया जाएगा।

मंत्री पांडेय ने कहा कि इसके अलावा विभिन्न अस्पतालों में 20 हजार सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। जिससे अस्पतालों की मॉनिटरिंग की जा सकेगी।

मंत्री मंगल पांडेय के जवाब से असंतुष्ट विपक्ष के सदस्यों ने सदन का बहिष्कार कर दिया। बाद में सदन में ध्वनि मत से स्वास्थ्य विभाग का 20 हजार 35 करोड़ 80 लाख रुपये के बजट पारित कर दिया गया।

इन पदों पर होगी नियमित नियुक्तियां

  • सहायक प्राध्यापक - 1711
  • आयुष सहायक प्राध्यापक - 116
  • आइजीआइएमएस में सहायक निदेशक - 18
  • विशेषज्ञ डॉक्टर - 3623
  • सामान्य डॉक्टर - 667
  • दांत के डॉक्टर - 808
  • फार्मासिस्ट - 2473
  • परिधापक - 3326
  • प्रयोगशाला प्रावैधिकी - 2969
  • एक्स-रे टेक्नीशियन - 1232
  • ओटी असिसटेंट - 1683
  • ईसीजी टेक्नीशियन - 242
  • एएनएम - 10709
  • ए ग्रेड नर्स - 7903
  • नर्सिंग टयूट्र - 498
आशा के इन पदों पर होगा चयन

  • ग्रामीण आशा - 21009
  • आशा फैसिलिटेटर - 1050
  • शहरी आशा - 5316
एक नजर में-

  • नियमित पद - 38733
  • मानदेय पद - 27375
  • कुल पद - 66108

ये भी पढ़ें- Bihar Jobs: पुलिस विभाग में 21 हजार पदों पर होगी भर्ती, चुनाव से पहले नीतीश सरकार ने दे दी एक और खुशखबरी

ये भी पढ़ें- BPSC Bharti 2025: राजस्व विभाग में 3559 कर्मचारियों और 402 अमीन की होगी नियुक्ति, पढ़ें पूरी डिटेल

Categories: Bihar News

Patliputra Gorakhpur Train: अब और स्पीड से दौड़ेगी पाटलिपुत्र-गोरखपुर एक्सप्रेस, ट्रेन में होगा ये बदलाव

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 6:49pm

जागरण टीम, पटना/आरा। पूर्व मध्य रेलवे के अंतर्गत संचालित की जाने वाली पाटलिपुत्र-गोरखपुर एक्सप्रेस (Patliputra Gorakhpur Express) अब 22 मार्च से नए कोच के साथ दौड़ेगी। नए कोच पूर्व की तुलना में ज्यादा सुरक्षित एवं सुविधाजनक हैं। अब इस ट्रेन में कोचों की संख्या बढ़कर 19 हो जाएगी। पूर्व में इस ट्रेन में 12 कोच होते थे।

नए कोच स्टेनलेस स्टील से निर्मित हैं। कोच की आंतरिक सजावट भी काफी बेहतर तरीके से की गई है। इससे ट्रेन की गति क्षमता में भी वृद्धि हो जाएगी, क्योंकि पहले की तुलना में नए कोच ज्यादा हल्के हैं। इसके साथ ही इसकी सुरक्षा पहले की तुलना में ज्यादा बेहतर है।

दुर्घटना की स्थिति में भी इस कोच से यात्रियों को काफी बचाव होगा। यात्रियों की सुविधा को देखते हुए अधिकांश ट्रेनों में अब नए कोच लगाए जा रहे हैं। इस तरह के कोच की मांग पूरे देश में हो रही है। रेलवे धीरे-धीरे नए कोच अधिकांश ट्रेनों में लगा रहा है।

दो अप्रैल तक लंबी दूरी की सभी ट्रेनों में आरक्षण की लंबी प्रतीक्षा

होली के बाद काम पर लौटने वालों की भीड़ है और स्पेशल ट्रेन चलने के बाद भी आरक्षण टिकट नहीं मिल रहा है। रुटीन ट्रेनों में लंबी दूरी के लिए दो अप्रैल तक कोई स्कोप नहीं है, जबकि स्पेशल ट्रेनों में सीट पांच दिनों के अंतराल में मिल जा रही है।

श्रमजीवी एक्सप्रेस में दो अप्रैल तक 105 वेटिंग टिकट मिल रही है। हावड़ा और दिल्ली-मुंबई से आने-जाने वाली ट्रेनों में यही स्थिति है। आरा से दिल्ली जाने वाली दोनों मगध एक्सप्रेस में दो अप्रैल से टिकट मिलेगा। एडवांस बुकिंग पर नजर डालें तो लंबी दूरी की अधिकतर ट्रेनों में अभी से वेटिंग का बोर्ड लग गया है।

कई ट्रेनों के थर्ड एसी में नोरूम की भी स्थिति है। इसी तरह होली के बाद पटना दानापुर से चलने और गुजरने वाली लंबी दूरी की ट्रेनों में लंबी वेटिंग है। आरा में आए लोगों को लग रहा है कि पूरे मार्च तक जिले में ही रहना होगा, क्योंकि दूसरा कोई विकल्प नहीं है।

ट्रेनों में अब सहारा बचा तत्काल

आरा जंक्शन से अपने काम पर जाने वाले यात्रियों को आरक्षित सीट नहीं मिलने के कारण यात्री ट्रेनों के गेट पर लटककर जाने को मजबूर हैं। ट्रेन में अभी से जो रिजर्वेशन काउंटर हैं, वहां भीड़ ही भीड़ है। यात्रियों को जब लाइन में लगने के बाद टिकट नहीं मिलता है तो मायूस होकर लौट जा रहे हैं। वहीं, तत्काल ही एकमात्र सहारा है।

ट्रेनों में सीट की स्थिति

पटना से दिल्ली जाने के लिए 20 मार्च से दो अप्रैल के बीच स्लीपर में सवा सौ से ढाई सौ तक वेटिंग है। थर्ड एसी में सभी बर्थ बुक हैं। मगध एक्सप्रेस स्पेशल में दो से छह अप्रैल से टिकट कन्फर्म टिकट मिलेगा। भागलपुर सूरत एक्सप्रेस और ब्रमपुत्र एक्सप्रेस में अभी से लंबी वेटिंग है। इन दोनों ट्रेनों में पांच अप्रैल तक कोई सीट खाली नहीं है।

दानापुर बैंगलोर सिटी तक जाने वाली संगमित्रा एक्सप्रेस में दो अप्रैल तक 56 वेटिंग चल रही है। छह अप्रैल से इस ट्रेन में सीट उपलब्ध बताई जा रही है। इसके पहले किसी भी क्लास में सीट नहीं है।

दानापुर से चलकर सिकंदराबाद जाने वाली एक्सप्रेस गाड़ी में दो अप्रैल तक वेटिंग है। उसके बाद सीट उपलब्ध होगी। लोकयमान्य तिलक एक्सप्रेस ट्रेन में पांच अप्रैल के बाद सीट उपलब्ध होगी। विभूति एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन में पूरे महीने सीट खाली नहीं है। वहीं, पटना आनंद विहार स्पेशल ट्रेन नंबर 03255 में 25 मार्च से सीट उपलब्ध हैं।

ये भी पढ़ें- नए लुक में नजर आएगी भागलपुर-दानापुर इंटरसिटी, यात्रियों को मिलेगी खास सुविधा; बस 48 घंटे का इंतजार

ये भी पढ़ें- Khagaria News खगड़िया स्टेशन से होकर चलेगी झंझारपुर-पाटलिपुत्र स्पेशल मेमू ट्रेन, जानिए टाइमिंग

Categories: Bihar News

Bihar New Airport: इस जिले में बनेगा नया एयरपोर्ट, 139 एकड़ जमीन लेगी सरकार; 207 करोड़ रुपये अलॉट

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 5:08pm

जागरण टीम, मोतिहारी/पटना। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित पूर्वी चंपारण के रक्सौल एयरपोर्ट (Raxaul Airport) से यात्री विमान के उड़ान भरने की उम्मीद धीरे-धीरे बढ़ रही है। इसके लिए जरूरी 139 एकड़ अतिरिक्त जमीन का अधिग्रहण करने के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने राज्य सरकार से अधियाचना की है।

इसकी सूचना मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर भूमि अधिग्रहण की कवायद तेज हो गई है। जिला प्रशासन जरूरी प्रक्रिया पूरी करने में लगा है। बता दें कि कैबिनेट की बैठक में 207.70 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। संबंधित भूखंडों की खेसरा पंजी तैयार की जा चुकी है।

रक्सौल अंचल के छह गांवों में करीब 400 रैयतों की 139 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। भूमि चिह्नित कर उसकी पैमाइश कर खेसरा पंजी तैयार की गई है।

एयरपोर्ट के पास पहले से 137 एकड़ भूमि उपलब्ध है। छह सदस्यीय कमेटी ने स्थल का निरीक्षण कर अपनी जांच रिपोर्ट सौंप दी है। इसके बाद सामाजिक प्रभाव आंकलन एएन सिन्हा सामाजिक संस्थान द्वारा किया जा रहा है।

नागरिक सुविधाओं के साथ मजबूत होगी आर्थिक स्थिति

इस एयरपोर्ट के बन जाने के बाद जब नागरिक सेवाएं शुरू होंगी। इसके बाद आसपास के इलाकों के लोगों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। वहीं लोगों की सुविधाएं बढेंगी। नेपाल से सटी दोनों देशों की अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे होने के कारण यहां सुरक्षा प्रबंध भी पहले से और मजबूत किए जा सकेंगे।

बता दें कि इस एयरपोर्ट की स्थापना 1962-63 में भारत-चीन युद्ध के समय किया गया था। तब उद्देश्य था कि युद्ध के दौरान चीन से भाया नेपाल सटने वाली इस सीमा पर भी जरूरत के हिसाब से सेना के विमान उतारे जा सकें।

लंबे समय बाद केंद्र सरकार ने हवाई सफर के सपनों को साकार करने के लिए उड़ान योजना में इसे शामिल किया। इसके लिए पहले उपलब्ध करीब 137 एकड़ भूमि के अलावा 139 एकड़ जमीन की आवश्यकता बताई गई।

करीब 400 रैयतों की भूमि का होना है अधिग्रहण

हवाई अड्डा के निर्माण के लिए रक्सौल अंचल के छह गांवों में 139 एकड़ नई जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। भूमि चिह्नित कर उसकी पैमाइश कर खेसरा पंजी तैयार की गई है। छह गांवों में करीब चार सौ रैयतों की जमीन का अधिग्रहित किया जाना है। अधिग्रहण रक्सौल अंचल के चिकनी, सिंहपुर, सिसवा, एकडेरवा, भरतमही व चंदौली गांव में किया जाना है।

रक्सौल हवाई अड्डा के लिए भूमि अधिग्रहण की अधियाचना प्राप्त होने के बाद अधिग्रहण को लेकर कार्रवाई तेज कर दी गई है। छह सदस्यीय कमेटी की जांच हो गई है। एसआईए के बाद अधिग्रहण से संबंधित अन्य कार्यों को पूरा किया जाएगा। - गणेश कुमार, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी

ये भी पढ़ें- Gaya News: गया से अप्रैल तक सभी इंटरनेशनल फ्लाइट हो जाएंगी बंद! सामने आई बड़ी वजह

ये भी पढ़ें- Bihar New Airport: बिहार के इन जिलों में बन रहे नए एयरपोर्ट, रनवे का भी हो रहा एक्सपेंशन; पढ़ें अपडेट

Categories: Bihar News

Chaitra Navratri 2025: कब से शुरू हो रही चैत्र नवरात्र? इस बार बन रहे हैं दुर्लभ संयोग, पढ़िए पंडितों की राय

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 4:26pm

जागरण संवाददाता, पटना। हिंदू धर्मावलंबियों के पवित्र चैत्र मास के शुक्ल पक्ष में कई महत्वपूर्ण पर्व त्योहार होंगे। इसमें चैत्र नवरात्र, विक्रम संवत 2082 का आरंभ, चैती छठ, रामनवमी, कामदा एकादशी व्रत, चैत्र पूर्णिमा प्रमुख हैं।

चैत्र शुक्ल प्रतिपदा 30 मार्च रविवार को रेवती नक्षत्र एवं ऐन्द्र योग में हिंदू नव संवतसर का आरंभ तथा वासंतिक नवरात्र कलश स्थापना के साथ शुरू होगा।

नए संवत के प्रथम दिन रविवार होने से इस वर्ष के राजा एवं मंत्री सूर्य होंगे। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ब्रह्मा जी ने इसी दिन सृष्टि का निर्माण किया था। पूरे नवरात्र के दौरान ग्रह-गोचरों का कई बार पुण्यकारी संयोग भी बनेगा, जो श्रद्धालुओं के लिए उत्तम सिद्ध होगा।

कलश स्थापना के साथ 30 मार्च से नवरात्रि

चैत्र शुक्ल प्रतिपदा रविवार 30 मार्च को रेवती नक्षत्र और ऐन्द्र योग के साथ सर्वार्थ सिद्धि योग में चैत्र मास का वासंतिक नवरात्र कलश स्थापना के साथ शुरू होगा।

माता के उपासक अपने सामर्थ्य के अनुसार देवी की भक्ति में सराबोर होंगे। मंदिरों तथा घरों में वेदमंत्र, घंटी, शंख, आरती, स्तुति आदि की ध्वनि सुनाई देगी।

चार अप्रैल शुक्रवार को मृगशिरा शोभन योग में मां दुर्गा की प्रतिमा का पट खुलेगा। चैत्र शुक्ल अष्टमी शनिवार पांच अप्रैल को महाअष्टमी का व्रत एवं छह अप्रैल को महानवमी में पाठ का समापन, हवन और कन्या पूजन होगा।

चैत्र शुक्ल दशमी को देवी की विदाई कर विजयादशमी का पर्व और जयंती धारण किया जाएगा। पंडित राकेश झा ने पंचांगों के हवाले से बताया कि चैत्र नवरात्र का पहला दिन रविवार होने से देवी दुर्गा का आगमन हाथी पर होगा। इस दाैरान प्रदेश में प्रर्याप्त वर्षा, सुख-समृद्धि और आर्थिक क्षेत्रों में उन्नति के आसार हैं।

नहाय-खाय के साथ चैती छठ आरंभ 

चैत्र शुक्ल चतुर्थी एक अप्रैल मंगलवार को भरणी नक्षत्र और सर्वार्थ सिद्धि योग एवं रवियोग के शुभ संयोग में नहाय-खाय के साथ लोक आस्था का महापर्व चैती छठ आरंभ होगा।

इस दिन व्रती गंगा स्नान करने के बाद अरवा चावल, चना दाल, कद्दू की सब्जी, आंवले की चासनी आदि ग्रहण कर चार दिवसीय इस महापर्व का संकल्प लेंगी।

2 अप्रैल को कृत्तिका नक्षत्र और प्रीति योग में व्रती पूरे दिन उपवास कर संध्या काल में खरना की पूजा के बाद प्रसाद ग्रहण कर 36 घंटे का निर्जला उपवास का संकल्प लेंगे।

चैत्र शुक्ल षष्ठी तिथि तीन अप्रैल को व्रती अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य देंगे। चार अप्रैल को सप्तमी तिथि में उदयीमान सूर्य को अर्घ्य देकर सूर्योपासना के महापर्व का समापन व्रती पारण के साथ करेंगे।

पुनर्वसु नक्षत्र के सुयोग में छह अप्रैल को रामनवमी

चैत्र शुक्ल नवमी रविवार छह अप्रैल को पुनर्वसु नक्षत्र और सुकर्मा योग के साथ सर्वार्थ सिद्धि योग में राम नवमी का त्योहार मनाया जाएगा।

इस दिन भगवान विष्णु के सातवें अवतार मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम का प्राकट्य हुआ था। मंदिर और घरों में विशेष पूजा-अर्चना होगी। हनुमत ध्वज की स्थापना के बाद विधिवत पूजा किया जाएगा।

भजन-कीर्तन, रामचरितमानस, रामरक्षा स्रोत का पाठ होगा। भगवान राम का जन्मोत्सव मनाने से सुख, वैभव, सुखमय वैवाहिक जीवन, कीर्ति, यश, मान-प्रतिष्ठा में वृद्धि एवं संतान की प्राप्ति होगी।

चैत्र मास के प्रमुख व्रत-त्योहार

नव संवतसर, हिन्दू नववर्ष और चैत्र नवरात्र का आरंभ - रविवार 30 मार्च

चैती छठ का नहाय-खाय - 1 अप्रैल

खरना - 2 अप्रैल

सायंकालीन अर्घ्य - 3 अप्रैल

उदीयमान सूर्य को अर्घ्य और पारण - 4 अप्रैल

वासंतिक नवरात्रि के महाष्टमी व्रत - 5 अप्रैल

महानवमी व्रत, हवन और कन्या पूजन - 6 अप्रैल

रामनवमी और ध्वज पूजन - 6 अप्रैल

विजयादशमी - 7 अप्रैल

कामदा एकादशी - 8 अप्रैल

चैत्र पूर्णिमा -12 अप्रैल

यह भी पढ़ें- 

Kharmas 2025 Date: खरमास के कारण एक महीने तक नहीं गूंजेगी शहनाई, जानिए शादी-विवाह के शुभ मुहूर्त

Chaitra Navratri 2025: इन 2 राशियों के लिए खुशियां लेकर आएगा चैत्र नवरात्र, बरसों पुराने बनेंगे बिगड़े काम

Categories: Bihar News

Bihar Politics: 'पति हटा तो आप CM बनीं', बिहार विधान परिषद में फिर भिड़े नीतीश कुमार और राबड़ी देवी

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 3:55pm

राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार विधान परिषद में बुधवार को पहली पाली में कानून-व्यवस्था को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गया। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के नेतृत्व में विपक्ष ने विधि-व्यवस्था पर सवाल उठाया और वेल में आकर नारेबाजी की।

इस दौरान पहले संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी और फिर खुद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने संज्ञान लेते हुए विपक्ष को आश्वासन दिया कि सरकार हर मामले की गंभीरता से जांच कर कार्रवाई सुनिश्चित कराएगी।

इसके बावजूद हंगामा शांत नहीं हुआ। हंगामा बढ़ता देख सभापति अवधेश नारायण सिंह ने विपक्षी सदस्यों को पहली पाली के लिए सदन से बाहर जाने को कहा। विपक्षी सदस्य थोड़ी देर के लिए बाहर भी गए और फिर वापस आकर सदन में बैठ गए।

केंद्रीय राज्यमंत्री नित्यानंद राय के संबंधियों की हत्या का मामला उठा

सदन की कार्यवाही शुरू होते ही राजद के अब्दुल बारी सिद्दीकी ने केंद्रीय राज्यमंत्री नित्यानंद राय के संबंधियों की हत्या और होली के दौरान हुई घटनाओं को लेकर विधि-व्यवस्था पर सवाल उठाया और सरकार से संज्ञान लेने की बात कही।

इसके बाद विपक्ष के सभी सदस्य खड़े होकर नारेबाजी करने लगे। इस दौरान सत्ता पक्ष की ओर से नीरज कुमार, संजय सिंह ने पलटवार करते हुए कहा कि इनके कार्यकाल में 67 हजार से अधिक हत्याएं हुई हैं।

नीतीश कुमार ने राबड़ी देवी पर साधा निशाना

विपक्ष के वेल में आने पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खुद खड़े हो गए। उन्होंने विपक्षी सदस्यों से कहा- मैं आग्रह करता हूं कि आप सभी बैठ जाएं। हत्या की गंभीरता से जांच कराई जाएगी। आज ही अधिकारियों से पूछेंगे कि क्या कार्रवाई हुई। जो भी अपराधी होगा, उसको जांच कराकर सजा दिलाई जाएगी।

किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमलोग 19 साल से सारा काम कर रहे हैं, आप लोगों ने आजतक कोई काम नहीं किया। पहले कितना सामुदायिक झगड़ा होता था। आपलोग यहां सिर्फ पब्लिसिटी (प्रचार) के लिए बोल रहे हैं।

इसका कोई मतलब नहीं है। इस दौरान राबड़ी देवी की तरफ इशारा करते हुए सीएम ने कहा कि बैठिए न, आप क्या जानती हैं। इनके पति का सस्पेंशन हुआ तो आप सीएम बन गईं।

मंत्री संतोष सिंह बोले, मेरे बेटे का अपहरण हुआ तो राजद नेता ने मांगी फिरौती 

विपक्ष के हंगामे के बीच ही श्रम संसाधन मंत्री संतोष कुमार सिंह ने सदन में कहा कि 2007 में मेरे बेटे का अपहरण हुआ था। इस दौरान राजद के एक बड़े नेता फिरौती मांगने आए थे। ये तो मुख्यमंत्री नीतीश कुमार थे कि मेरा बेटा सही-सलामत वापस आ गया।

ऐसे विपक्षी सदस्यों को अपराध पर बोलने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। शर्म आनी चाहिए। इस पर राबड़ी देवी ने प्रतिकार करते हुए कहा कि फिरौती तो अशोक चौधरी वसूलते हैं। अशोक चौधरी ने भी जवाब दिया- मंत्री जी ने कहा कि राजद के नेता फिरौती मांगने आए थे। यह बिहार था। नरसंहार होता था, आपलोग क्या रोक पाएं?

विपक्ष की अमर्यादित टिप्पणी, सभापति ने किया बाहर 

मुख्यमंत्री के भाषण के दौरान भी विपक्ष का हंगामा और टोका-टिप्पणी जारी रहने पर सभापति अवधेश नारायण सिंह ने विपक्षी सदस्यों को पहली पाली के लिए सदन से बाहर जाने का निर्देश दिया। इस दौरान सुनील कुमार सिंह अमर्यादित टिप्पणी करते हुए बाहर निकले।

इसके बाद सभापति ने सदन से पूछा कि क्या यह टिप्पणी आसन के लिए थी? नीरज कुमार ने कहा कि यह टिप्पणी बताती है कि यह जंगल के लोग हैं।

इसके बाद संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि आसन ने जब इस बात का संज्ञान लिया है, तो पूरी घटना की वीडियो रिकॉर्डिंग देख लीजिए। अगर ये आसन के बारे में है, तो निश्चित रूप से संज्ञान लेना चाहिए। करीब पांच मिनट बाद ही सभी विपक्षी सदस्य सदन में बाहर आ गए।

सभापति ने कहा कि मैंने पहली पाली के लिए आपको बाहर जाने को कहा था। अमर्यादित टिप्पणी से मुझे तकलीफ हुई। मैं चौथी बार आसन पर बैठा हूं। अभी तक पक्षपात का आरोप नहीं लगा। इसके बाद अब्दुल बारी सिद्दीकी ने कहा कि हमने सुना नहीं, इसलिए वापस आ गए। हम इतने अनभिज्ञ नहीं कि आसन के खिलाफ बोलें।

उन्होंने कहा कि मैं विपक्ष की ओर से खेद जताता हूं। विपक्ष के खेद जताने के बाद सभापति ने इस मामले को विराम देते हुए इस मामले को सदन की कार्यवाही से हटाने का निर्देश दिया। संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी ने भी कहा कि खेद जताने के बाद अब प्रश्नकाल शुरू किया जाए।

यह भी पढ़ें-

Bihar: 'मोबाइल में देखकर...', RJD विधायक पर भड़के CM नीतीश कुमार; स्पीकर से कर दी ये मांग

Bihar Politics: 'सभी विधायक और मंत्री पीते हैं शराब', राजद MLA के दावे से सियासी पारा हुआ हाई

Categories: Bihar News

Bihar: 'मोबाइल में देखकर...', RJD विधायक पर भड़के CM नीतीश कुमार; स्पीकर से कर दी ये मांग

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 3:30pm

राज्य ब्यूरो, पटना। प्रश्नकाल के दौरान विधानसभा में राजद विधायक कुमार कृष्ण मोहन उर्फ सुदय यादव द्वारा मोबाइल पर प्रश्न पढ़ते देख मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) गुस्से में आ गए।

अपनी सीट पर खड़े होकर उन्हाेंने विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव से यह आग्रह किया कि सदन में मोबाइल को प्रतिबंधित कीजिए। पहले लोग इसे लेकर नहीं आते थे। यह परामर्श दिया कि जो मोबाइल लेकर आए उसे बाहर निकाल दिया जाए।

'मोबाइल में देखकर क्यों बोलते हैं?'

मुख्यमंत्री ने सुदय यादव की ओर देखते हुए कहा कि आप खुद बोलो। मोबाइल में देखकर क्यों बोलते हैं? मुख्यमंत्री ने कहा कि वह भी पहले खूब मोबाइल देखते थे पर अब हमने इसे छोड़ दिया है। यह भी नसीहत मुख्यमंत्री ने दी कि जान लीजिए दस साल में धरती खत्म हाे जाएगी।

महिला विधायक ने भी किया मोबाइल से परहेज

मुख्यमंत्री के गुस्से का असर यह हुआ कि आम तौर पर मोबाइल से पढ़कर प्रश्न करने वाली एक महिला विधायक ने मोबाइल से परहेज करते हुए अपना प्रश्न कागज पर लिखकर पढ़ा।

बता दें कि मुख्यमंत्री ने सदन के बाहर पहले भी कई बार सरकारी कार्यक्रमों में अपने अधिकारियाें की इस बात पर सार्वजनिक रूप से क्लास लगाई थी कि वे मोबाइल पर व्यस्त थे। जनता दरबार में में भी यह वाकया एक बार आया था, जब मुख्यमंत्री ने मोबाइल पर लगे अधिकारी को डांट दिया था।

मोबाइल से 10 साल में दुनिया खत्म हो जाएगी- माननीय श्री श्री नीतीश कुमार

पर्यावरण के दृष्टिकोण से सदन को पेपरलेस बनाने की दिशा में प्रश्नों के ऑनलाइन उत्तर देने की व्यवस्था की गयी है। अगर किसी माननीय सदस्य को पूरक प्रश्न पूछना है तो उसे मोबाइल अथवा टैब से देखकर पूछना ही होगा… pic.twitter.com/iXUP6ukxRK

— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) March 20, 2025

तेजस्वी ने कहा- दुर्भाग्य है कि बिहार को...

अब इस पूरे मामले पर तेजस्वी यादव ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने एक्स पर लिखा, मोबाइल से 10 साल में दुनिया खत्म हो जाएगी- माननीय श्री श्री नीतीश कुमार

पर्यावरण के दृष्टिकोण से सदन को पेपरलेस बनाने की दिशा में प्रश्नों के ऑनलाइन उत्तर देने की व्यवस्था की गयी है। अगर किसी माननीय सदस्य को पूरक प्रश्न पूछना है तो उसे मोबाइल अथवा टैब से देखकर पूछना ही होगा, लेकिन बिहार के कम्प्यूटर संबंधित निरक्षर मुख्यमंत्री को उससे भी दिक्कत है।

दुर्भाग्य है कि बिहार को ऐसे रूढ़िवादी कालग्रस्त मुख्यमंत्री मिले हैं जो टेक्नोलॉजी के साथ-साथ युवा, छात्र और महिला विरोधी है। निंदनीय!

ये भी पढ़ें- Bihar Politics: 'सभी विधायक और मंत्री पीते हैं शराब', राजद MLA के दावे से सियासी पारा हुआ हाई

ये भी पढ़ें- Bihar Politics: 'टाइगर अभी जिंदा है, न झुका हूं और न झुकूंगा', ED से पूछताछ के बाद पटना में लगे पोस्टर

Categories: Bihar News

Bihar Politics: 'सभी विधायक और मंत्री पीते हैं शराब', राजद MLA के दावे से सियासी पारा हुआ हाई

Dainik Jagran - March 20, 2025 - 1:01pm

राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार विधानसभा के चालू बजट सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेता एक दूसरे पर आरोप लगाने में कोई कसर नहीं छोड़ हैं रहे। इसी कड़ी में गुरुवार को बिहार विधानसभा की कार्यवाही प्रारंभ होने के पूर्व उत्पाद एवं मद्य निषेध मंत्री रत्नेश सदा ने राजद नेताओं के साथ ही पूर्व मंत्री सर्वजीत पर शराब कारोबार के आरोप लगाए। इस पर राजद ने पलटवार करते हुए कहा, एनडीए के सभी नेता शराब का सेवन करते हैं।

पूर्व मंत्री सर्वजीत पर शराब कारोबार में शामिल होने का आरोप

मंत्री रत्नेश सादा ने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल के नेता पूर्व मंत्री सर्वजीत शराब के कारोबार में शामिल हैं, शराब का व्यापार करते हैं। विधानसभा में कहा था कि शराब खुलेआम बिक रही है।

मंत्री मेरे साथ चले हम बताते हैं कि शराब कहां-कहां बिक रही है। मंत्री सदा ने कहा कि वह खुद शराब के कारोबार में शामिल है और विपक्ष के लोग शराब का धंधा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में शराबबंदी कानून लागू है और लागू रहेगा इसमें कोई परिवर्तन नहीं होगा।

राजद नेताओं ने NDA सरकार के मंत्रियों को घेरा
  • मंत्री के आरोप के बाद राष्ट्रीय जनता दल के विधायक मुकेश रोशन ने कहा कि एनडीए सरकार के सभी विधायक व मंत्री शराब पीते हैं।
  • यहां नहीं मिली तो जब दिल्ली जाते हैं तो बिहार भवन में भी यह लोग शराब पीते हैं। इन लोगों की जांच होगी हमारी सरकार आएगी सारे लोगों की जांच होगी, सभी लोग जेल जाएंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री पर सत्ता का लिए समझौता करने के आरोप लगाए।
पीडीएस दुकानदारों के कमीशन में वृद्धि की मांग को लेकर प्रदर्शन

बिहार विधानसभा के बजट सत्र में विपक्ष रोज नए मुद्दों जरिये सरकार के खिलाफ प्रदर्शन में जुटा है। इसी कड़ी में गुरुवार सुबह एक बार फिर विधानसभा की कार्यवाही के पूर्व राष्ट्रीय जनता दल के विधायकों ने परिसर में प्रदर्शन किया।

राष्ट्रीय जनता दल के विधायकों ने जन वितरण प्रणाली दुकानदारों के पक्ष में पोस्टर लेकर प्रदर्शन किया। साथ ही प्रदर्शन करने वाले राजद नेताओं ने सरकार विरोधी नारे भी लगाए।

राष्ट्रीय जनता दल के विधायकों का प्रदर्शन।

विधानसभा मैं गुरुवार को प्रश्न उत्तर काल के साथ ही स्वास्थ्य और कृषि विभाग समिति अन्य कई विभागों के बजट पेश होने हैं। विधानसभा की कार्यवाही अपने निर्धारित समय 11:00 से प्रारंभ हो इसके पूर्व ही राष्ट्रीय जनता दल के सदस्यों ने सभा पोर्टिको में पोस्टर और प्ले कार्ड लेकर प्रदर्शन किया।

विधायको की मांग थी कि राज्य के जन वितरण प्रणाली से जुड़े दुकानदारों को सरकार जो कमीशन दे रही है वह उनकी मेहनत के अनुकूल नहीं।

राजद नेताओं की है कि पीडीएस दुकानदारों को कम से कम 25,000 मानदेय दिया जाना चाहिए। इसके अलावा उन्हें प्रति क्विंटल मिलने वाला कमीशन जो अभी 90 रुपए है उसे बढ़ाकर कम से कम 300 किया जाए।

ये भी पढ़ें

Bihar Politics: 'टाइगर अभी जिंदा है, न झुका हूं और न झुकूंगा', ED से पूछताछ के बाद पटना में लगे पोस्टर

Bhagalpur News: केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय के 2 भांजे आपस में भिड़े, फायरिंग में एक की मौत; दूसरा गंभीर

Categories: Bihar News

Pages

Subscribe to Bihar Chamber of Commerce & Industries aggregator - Bihar News

  Udhyog Mitra, Bihar   Trade Mark Registration   Bihar : Facts & Views   Trade Fair  


  Invest Bihar